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पंच से मुख्यमंत्री तक का सफर सुनाकर सरपंचों को दिया प्रेरणा का मंत्र” – मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा, समर्पित नेतृत्व और योजनाओं के सही क्रियान्वयन से हर पंचायत बन सकती है आदर्श पंचायत

रायपुर, 10 मार्च 2026/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज छत्तीसगढ़ विधानसभा स्थित उनके कार्यालय के सभा कक्ष में जशपुर जिले से चार दिवसीय अध्ययन भ्रमण पर आए सरपंचों के प्रतिनिधिमंडल ने सौजन्य मुलाकात की।मुख्यमंत्री श्री साय ने बड़ी आत्मीयता से सरपंचों से भेंट कर उनके क्षेत्र की स्थिति तथा विकास कार्यों के बारे में जानकारी ली। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि ग्रामीण विकास में सरपंचों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने स्वयं पंच के रूप में जनसेवा का कार्य प्रारंभ किया था। पंच रहने के बाद वे सरपंच बने और आगे चलकर विधायक तथा सांसद के रूप में भी जनता की सेवा करने का अवसर मिला। उन्होंने कहा कि यदि किसी सरपंच में अपने गांव और पंचायत के विकास के लिए समर्पण और जज्बा हो, तो वह अपने क्षेत्र में बड़ा सकारात्मक परिवर्तन ला सकता है। उन्होंने कहा कि पंचायत स्तर पर अधोसंरचना विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की बड़ी जिम्मेदारी सरपंचों के कंधों पर होती है। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में विकास को नई गति मिल रही है। उन्होंने सरपंचों से आग्रह किया कि वे योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करें, ताकि ग्रामीण जनता को उनका पूरा लाभ मिल सके।उन्होंने कहा कि समर्पित नेतृत्व और योजना के सही क्रियान्वयन  से कोई भी पंचायत आदर्श पंचायत बन सकती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा संचालित योजनाओं से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और विकास के अवसर बढ़ रहे हैं। उन्होंने सरपंचों को प्रेरित करते हुए कहा कि वे अपने पंचायत क्षेत्र की समस्याओं और विकास से जुड़े मुद्दों पर विभागीय मंत्रियों और अधिकारियों के साथ निरंतर संपर्क में रहें तथा योजनाओं के क्रियान्वयन में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि अध्ययन भ्रमण का उद्देश्य अन्य क्षेत्रों में हुए विकास कार्यों को देखकर सीखना और उन्हें अपने गांवों में लागू करना है।

उल्लेखनीय है कि जशपुर जिले से चार दिवसीय अध्ययन भ्रमण पर आए 35 सरपंचों का दल आज विधानसभा की कार्यवाही देखने विधानसभा पहुंचा था। भ्रमण के दौरान यह दल दुर्ग जिले के ग्राम पंचायत पतोरा तथा धमतरी जिले के ग्राम पंचायत सांकरा में हुए विकास कार्यों का अवलोकन भी करेगा।

इस अवसर पर विधायक श्रीमती गोमती साय, श्रीमती रायमुनि भगत सहित जशपुर जिले से आए सरपंचगण उपस्थित थे।

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जशपुर में आईजी दीपक झा का वार्षिक निरीक्षण, रक्षित केंद्र में भव्य परेड की सलामी लेकर पुलिस व्यवस्था की परखी नब्ज, पुलिस दरबार में सुनी अधिकारियों-कर्मचारियों की समस्याएं, अनुशासन और पारदर्शिता पर दिए सख्त निर्देश

जशपुर, 10 मार्च 2026। सरगुजा रेंज के पुलिस महानिरीक्षक श्री दीपक झा ने मंगलवार को जशपुर जिले का वार्षिक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने रक्षित केंद्र जशपुर पहुंचकर भव्य परेड की सलामी ली तथा पुलिस बल के अनुशासन, वेश-भूषा और कार्यप्रणाली का बारीकी से निरीक्षण किया। परेड के दौरान उत्कृष्ट वेश-भूषा और अनुशासन का परिचय देने वाले पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को पुलिस महानिरीक्षक द्वारा पुरस्कृत कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।

निरीक्षण के दौरान आईजी श्री झा ने रक्षित केंद्र में उपलब्ध शासकीय वाहनों का भी अवलोकन किया और उनके उचित रख-रखाव तथा नियमित देखरेख सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने रक्षित केंद्र की विभिन्न शाखाओं जैसे वाहन शाखा, कैश शाखा, स्टोर शाखा तथा पुलिस कैंटीन का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की जानकारी ली और संबंधित अधिकारियों को सभी व्यवस्थाओं को सुव्यवस्थित बनाए रखने के निर्देश दिए।

इसके पश्चात आयोजित पुलिस दरबार में आईजी श्री दीपक झा ने जिले के पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों से रूबरू होकर उनकी समस्याएं सुनीं। कई समस्याओं के समाधान के लिए उन्होंने मौके पर ही आवश्यक निर्देश भी दिए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पुलिस बल को हमेशा अनुशासन, ईमानदारी और जिम्मेदारी के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करना चाहिए।

पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सभी पुलिसकर्मियों को उत्तम गणवेश में रहकर सख्त अनुशासन का पालन करना चाहिए। आधुनिक समय में तकनीकी ज्ञान की आवश्यकता को देखते हुए उन्होंने सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को कंप्यूटर की अनिवार्य जानकारी रखने की सलाह दी, ताकि आधुनिक पुलिसिंग और कार्यालयीन कार्यों को बेहतर ढंग से संपादित किया जा सके।

आईजी श्री झा ने पुलिस बल को नशे से दूर रहने और भ्रष्टाचार से बचने की सख्त समझाइश दी। उन्होंने कहा कि पुलिस की छवि जनता के बीच एक ईमानदार और जिम्मेदार संस्था के रूप में बनी रहनी चाहिए। यदि किसी भी आपराधिक गतिविधि में पुलिस के किसी अधिकारी या कर्मचारी की संलिप्तता पाई जाती है तो उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

वार्षिक निरीक्षण के दौरान आईजी श्री दीपक झा ने सिटी कोतवाली जशपुर तथा पुलिस अधीक्षक कार्यालय का भी निरीक्षण किया और कार्यालयीन कार्यों को समयबद्ध तथा व्यवस्थित ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पुलिस व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए कार्यालयीन कार्यों में पारदर्शिता और समयबद्धता अत्यंत आवश्यक है।

इस दौरान डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री राकेश कुमार पटनवार, एसडीओपी जशपुर श्री चंद्रशेखर परमा, एसडीओपी कुनकुरी श्री विनोद मंडावी, एसडीओपी पत्थलगांव डॉ. ध्रुवेश जायसवाल, उप पुलिस अधीक्षक श्री कुंजराम चौहान, उप पुलिस अधीक्षक अ.जा.क. श्री भावेश समरथ, उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती आशा तिर्की, रक्षित निरीक्षक अमरजीत खूंटे, थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक मोरध्वज देशमुख सहित जिले के सभी थाना एवं चौकी प्रभारी उपस्थित रहे। साथ ही आईजी स्टेनो मो. रियाज खान एवं रीडर रेमशलाल साहू भी मौजूद रहे।

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“जय श्री राम” और “जय जूदेव” के नारों से गूंज उठा पूरा इलाका — भाजयुमो के नवनियुक्त जिलाध्यक्ष विजय आदित्य सिंह जूदेव के प्रथम आगमन पर मयाली से नारायणपुर तक उमड़ा जनसैलाब, गाजे-बाजे, आतिशबाजी और पुष्पवर्षा से हुआ ऐतिहासिक स्वागत

नारायणपुर/ 10 मार्च 2026 । भारतीय जनता युवा मोर्चा के नवनियुक्त जिलाध्यक्ष विजय आदित्य सिंह जूदेव के पदभार ग्रहण करने के बाद प्रथम बार नारायणपुर, मयाली, जोकारी, केराडीह, बिलासपुर और बनकोम्बो क्षेत्र में आगमन पर भाजपा और भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने ऐतिहासिक और अभूतपूर्व स्वागत किया। जगह-जगह कार्यकर्ताओं ने पलक बिछाकर अपने युवा नेता का अभिनंदन किया।

पूरे क्षेत्र में ढोल-नगाड़ों, गाजे-बाजे और आतिशबाजी के बीच युवाओं का ऐसा जोश और उत्साह देखने को मिला कि समूचा इलाका “जय श्री राम”, “जय जूदेव” और “भारतीय जनता पार्टी जिंदाबाद” के नारों से गूंज उठा। मुख्य चौक-चौराहों पर विशाल पुष्पहारों और फूल-मालाओं से सुसज्जित होकर कार्यकर्ताओं ने अपने नए युवा सेनापति का भव्य स्वागत किया।

मयाली से शुरू हुआ स्वागत का सिलसिला

इस भव्य स्वागत रैली की शुरुआत सबसे पहले मयाली से हुई, जहां कार्यकर्ताओं ने पूरे उत्साह और जोश के साथ विजय आदित्य सिंह जूदेव का अभिनंदन किया। इसके बाद यही उत्साह और उमंग केराडीह और बिलासपुर में भी देखने को मिला।

बिलासपुर पहुंचकर विजय आदित्य सिंह जूदेव ने अंडील स्थित सरना महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना कर जिले और प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि की कामना की।

इसके बाद यह रैली नारायणपुर पहुंची, जहां अटल चौक से गाजे-बाजे, आतिशबाजी और फूल-मालाओं के साथ उनका ऐतिहासिक स्वागत किया गया। नारायणपुर में विजय आदित्य सिंह जूदेव मुख्य मार्ग से पैदल मार्च करते हुए कार्यक्रम स्थल तक पहुंचे। इस दौरान गांव के लोगों ने घर-घर से निकलकर उनका स्वागत किया और पूरा नारायणपुर जयकारों से गूंज उठा।

     मयाली में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डीडीसी श्रीमती अनीता सिंह ने कहा कि जिला अध्यक्ष विजय आदित्य सिंह जूदेव का मयाली की पावन धरती पर आगमन हम सभी युवाओं के लिए गर्व और प्रेरणा का क्षण है। उनके नेतृत्व में युवा शक्ति संगठन को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगी।

डीडीसी मालिता बाई ने भी अपने वक्तव्य में उनके आगमन पर हृदय से स्वागत एवं अभिनंदन करते हुए उनके उज्ज्वल नेतृत्व की सराहना की।

वहीं वरिष्ठ नेता अनूप नारायण बड़ा ने कहा कि युवा मोर्चा के नवनियुक्त जिला अध्यक्ष विजय आदित्य सिंह जूदेव के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी को जिले में नई ऊर्जा और नई ऊंचाइयां प्राप्त होंगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि युवा शक्ति के साथ संगठन और अधिक मजबूत होकर समाज और क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

भाजपा जिला अध्यक्ष भरत सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि विजय आदित्य सिंह जूदेव के नेतृत्व में युवा मोर्चा को नई दिशा और नई ऊर्जा मिलेगी। उन्होंने युवाओं से आह्वान करते हुए कहा कि युवा मोर्चा के कार्यकर्ता संगठन की सबसे बड़ी ताकत हैं और उनके जोश व समर्पण से भाजपा जिले में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेगी।

नारायणपुर से जूदेव परिवार का आत्मीय रिश्ता

नारायणपुर में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाजयुमो के जिला अध्यक्ष विजय आदित्य सिंह जूदेव ने ग्रामवासियों के भव्य स्वागत और अभिनंदन के लिए आभार प्रकट किया।

उन्होंने कहा कि नारायणपुर और जूदेव परिवार का रिश्ता बहुत पुराना और आत्मीय रहा है। स्वर्गीय कुमार दिलीप सिंह जूदेव जब भी इस क्षेत्र से गुजरते थे, तो नारायणपुर के लोगों से अवश्य मिलते थे और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए हमेशा तत्पर रहते थे।

उन्होंने कहा कि जब भी मैं नारायणपुर आता हूं तो यहां के लोगों से मिले बिना वापस नहीं जा पाता, क्योंकि यहां मुझे घर जैसा अपनापन और स्नेह मिलता है।

युवाओं को दिया संगठन मजबूत करने का संदेश

विजय आदित्य सिंह जूदेव ने युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आप सभी ने जो भव्य स्वागत किया है, वह युवाओं की शक्ति और संगठन के प्रति समर्पण को दर्शाता है।

उन्होंने कहा कि आज आप सबका यह प्रेम और उत्साह देखकर मेरा सीना गर्व से चौड़ा हो गया है। यह स्वागत मेरा नहीं बल्कि जशपुर की उस युवा शक्ति का है जो अंत्योदय के संकल्प को सिद्ध करने के लिए दिन-रात मैदान में डटी हुई है।

उन्होंने कहा कि संगठन ने मुझे जो जिम्मेदारी दी है, वह मेरे लिए पद नहीं बल्कि सेवा का एक माध्यम है।

उन्होंने कहा कि आज देश और प्रदेश में युवाओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। हम सभी को मिलकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जनहितकारी योजनाओं और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सुशासन के संदेश को जिले के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। आने वाले समय में हमारी एकजुटता ही हमारी सबसे बड़ी ताकत बनेगी।

नारायणपुर आश्रम में पूजा-अर्चना कर लिया संतों का आशीर्वाद

कार्यक्रम सम्पन्न होने के पश्चात भारतीय जनता युवा मोर्चा के नवनियुक्त जिलाध्यक्ष विजय आदित्य सिंह जूदेव अघोरेश्वर भगवान राम की तपोभूमि जनसेवा अभेद आश्रम नारायणपुर पहुंचे। यहां पहुंचकर उन्होंने आश्रम परिसर में विराजमान ओघड़ गणेश, पंचमुखी शिव मूर्ति, माता काली तथा भगवान राम की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की।

इस दौरान उन्होंने प्रदेश एवं जिले के समस्त नागरिकों के सुख, शांति और समृद्धि के लिए भगवान से प्रार्थना की। पूजा-अर्चना के पश्चात उन्होंने आश्रम के पूज्य संत बाबा उत्साही राम जी के दर्शन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया।

आश्रम में उपस्थित श्रद्धालुओं एवं कार्यकर्ताओं ने भी उनका आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अघोरेश्वर भगवान राम की यह तपोभूमि श्रद्धा, आस्था और जनसेवा का प्रमुख केंद्र है तथा यहां आकर पूजा-अर्चना करने से मन को आध्यात्मिक शांति और नई ऊर्जा प्राप्त होती है। उन्होंने प्रदेश और जिले के विकास, खुशहाली तथा जनकल्याण की कामना करते हुए बाबा उत्साही राम जी से आशीर्वाद लिया।

बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रहे उपस्थित

इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष उमेश यादव, बालेश्वर यादव,संजय बंग, शंकर यादव, गोपाल यादव,भुनेश्वर यादव,यशवंत यादव,सुनील राय,श्रीमती संतोषी वंदे, श्रीमती मीनू सिंह, विकास नाग, अरुण महंती,संजय बंग, श्रीराम चौहान, मुकेश प्रजापति, जनक राम सहित बड़ी संख्या में भाजपा और भाजयुमो के कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से नवनिर्वाचित राज्यसभा सदस्य श्रीमती लक्ष्मी वर्मा ने की सौजन्य मुलाकात  


 रायपुर, 10 मार्च 2026
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज छत्तीसगढ़ विधानसभा स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय कक्ष में नवनिर्वाचित राज्यसभा सदस्य श्रीमती लक्ष्मी वर्मा ने सौजन्य मुलाकात की।
मुख्यमंत्री श्री साय ने श्रीमती लक्ष्मी वर्मा को राज्यसभा सदस्य निर्वाचित होने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि संसद के उच्च सदन राज्यसभा में छत्तीसगढ़ की  जनभावनाओं, विकास से जुड़े मुद्दों तथा आमजन की अपेक्षाओं को सशक्त रूप से रखने में श्रीमती लक्ष्मी वर्मा की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।  
इस अवसर पर विधायक श्री किरण सिंह देव, विधायक श्री अनुज शर्मा, राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं गणमान्यजन उपस्थित थे।

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आज का राशिफल – 10 मार्च 2026 ग्रह-नक्षत्रों का खास संयोग, कई राशियों के लिए तरक्की के संकेत, कुछ को रहना होगा सावधान – पढ़ें सभी 12 राशियों का राशिफल

आज मंगलवार को ग्रहों की स्थिति कई राशियों के जीवन में नए संकेत दे रही है। कुछ लोगों को आज मेहनत का फल मिलने के योग बन रहे हैं तो कुछ को अपने फैसलों में संयम और धैर्य रखने की सलाह दी जा रही है। व्यापार, नौकरी, शिक्षा और पारिवारिक जीवन में कई महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकते हैं। कई राशियों के लिए आर्थिक लाभ के अवसर बनेंगे तो कुछ को अनावश्यक खर्चों से बचना होगा। आइए जानते हैं आज का सभी 12 राशियों का विस्तृत राशिफल।

 मेष राशि

मेष राशि के जातकों के लिए आज का दिन ऊर्जा और उत्साह से भरा रह सकता है। कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत और लगन का अच्छा परिणाम मिलने की संभावना है। यदि आप नौकरी कर रहे हैं तो अधिकारी आपके काम की सराहना कर सकते हैं। व्यापार से जुड़े लोगों के लिए नए अवसर बन सकते हैं। हालांकि किसी नए निवेश या साझेदारी से पहले अच्छी तरह विचार करना जरूरी होगा। परिवार में किसी सदस्य की सफलता से खुशी का माहौल बनेगा। स्वास्थ्य की दृष्टि से आज थकान या सिरदर्द की शिकायत हो सकती है इसलिए आराम भी जरूरी है।

 वृषभ राशि

वृषभ राशि के लोगों के लिए आज का दिन सकारात्मक रहने की संभावना है। लंबे समय से अटके हुए कार्य पूरे हो सकते हैं। आर्थिक स्थिति में सुधार के संकेत मिल सकते हैं। व्यापारियों को लाभदायक सौदे मिलने की संभावना है। नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारी या पदोन्नति का संकेत मिल सकता है। पारिवारिक जीवन सुखद रहेगा और किसी धार्मिक या शुभ कार्य की योजना बन सकती है। विद्यार्थियों को पढ़ाई में अच्छे परिणाम मिल सकते हैं।

 मिथुन राशि

मिथुन राशि के जातकों को आज अपने व्यवहार और वाणी पर विशेष ध्यान देना होगा। कार्यस्थल पर किसी सहकर्मी के साथ मतभेद होने की संभावना है। यदि आप धैर्य और समझदारी से काम लेंगे तो स्थिति आपके पक्ष में आ सकती है। व्यापार में नए संपर्क बन सकते हैं जो भविष्य में लाभकारी साबित होंगे। खर्चों में वृद्धि हो सकती है इसलिए आर्थिक मामलों में सावधानी बरतना जरूरी है। परिवार के साथ समय बिताने से मानसिक तनाव कम होगा।

 कर्क राशि

कर्क राशि के लोगों के लिए आज का दिन कई सकारात्मक संकेत लेकर आ सकता है। किसी महत्वपूर्ण काम में सफलता मिलने की संभावना है। यदि आप लंबे समय से किसी योजना पर काम कर रहे थे तो आज उसके परिणाम मिल सकते हैं। आर्थिक स्थिति मजबूत होने के संकेत हैं। सामाजिक क्षेत्र में सम्मान बढ़ सकता है। परिवार का सहयोग मिलेगा और घर में खुशियों का माहौल रहेगा। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा लेकिन मौसम के बदलाव से सावधान रहें।

 सिंह राशि

सिंह राशि के जातकों के लिए आज का दिन थोड़ा उतार-चढ़ाव भरा हो सकता है। कार्यक्षेत्र में कुछ चुनौतियां सामने आ सकती हैं लेकिन आपकी नेतृत्व क्षमता और आत्मविश्वास से आप इन समस्याओं का समाधान निकाल सकते हैं। परिवार में किसी सदस्य के स्वास्थ्य को लेकर चिंता हो सकती है। आर्थिक मामलों में संयम रखना जरूरी है। दिन के उत्तरार्ध में किसी मित्र से मुलाकात या शुभ समाचार मिलने से मन प्रसन्न हो सकता है।

 कन्या राशि

कन्या राशि के लोगों के लिए आज का दिन मेहनत का फल देने वाला साबित हो सकता है। नौकरी या व्यापार में आपके प्रयासों की सराहना होगी। किसी नई योजना की शुरुआत हो सकती है। व्यापारियों को लाभ के नए अवसर मिल सकते हैं। विद्यार्थियों के लिए दिन अनुकूल रहेगा और पढ़ाई में सफलता मिल सकती है। परिवार में सुख-शांति बनी रहेगी और किसी पुराने मित्र से मुलाकात होने की संभावना है।

 तुला राशि

तुला राशि के जातकों को आज आर्थिक मामलों में सावधानी बरतने की जरूरत है। किसी भी प्रकार का बड़ा निवेश करने से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना उचित रहेगा। कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत और ईमानदारी का अच्छा परिणाम मिल सकता है। परिवार के साथ समय बिताने से रिश्तों में मधुरता आएगी। सामाजिक कार्यक्रमों में भाग लेने का अवसर मिल सकता है जिससे आपकी प्रतिष्ठा बढ़ेगी।

 वृश्चिक राशि

वृश्चिक राशि के लोगों के लिए आज का दिन निर्णय लेने के लिए अनुकूल माना जा रहा है। आपकी अंतर्ज्ञान शक्ति मजबूत रहेगी और आप सही फैसले लेने में सफल हो सकते हैं। व्यापार में लाभ के अवसर बन सकते हैं। नौकरीपेशा लोगों को अपने वरिष्ठ अधिकारियों से प्रशंसा मिल सकती है। परिवार का सहयोग मिलेगा और घर में सुखद वातावरण बना रहेगा। हालांकि गुस्से और जल्दबाजी से बचना जरूरी होगा।

 धनु राशि

धनु राशि के जातकों के लिए आज का दिन सामान्य लेकिन व्यस्तता भरा रह सकता है। कार्यक्षेत्र में नए प्रोजेक्ट या जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। व्यापारियों को नए ग्राहकों से लाभ मिलने की संभावना है। आर्थिक स्थिति स्थिर रहेगी लेकिन अनावश्यक खर्चों से बचना जरूरी है। परिवार के साथ समय बिताने से मानसिक शांति मिलेगी। किसी धार्मिक या आध्यात्मिक कार्य में रुचि बढ़ सकती है।

 मकर राशि

मकर राशि के लोगों के लिए आज का दिन प्रगति और सफलता का संकेत दे रहा है। लंबे समय से रुके हुए कार्य पूरे हो सकते हैं। नौकरी या व्यवसाय में उन्नति के अवसर मिल सकते हैं। किसी पुराने विवाद का समाधान निकल सकता है। परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा। स्वास्थ्य को लेकर थोड़ी सावधानी बरतें और खान-पान संतुलित रखें।

 कुंभ राशि

कुंभ राशि के जातकों के लिए आज का दिन शुभ संकेत लेकर आया है। कार्यक्षेत्र में सफलता और सम्मान मिलने की संभावना है। व्यापार में नए अवसर मिल सकते हैं। परिवार के साथ अच्छा समय बिताने का अवसर मिलेगा। किसी नए काम की शुरुआत करने के लिए दिन अनुकूल माना जा रहा है। सामाजिक क्षेत्र में आपकी प्रतिष्ठा बढ़ सकती है।

 मीन राशि

मीन राशि के लोगों के लिए आज का दिन रचनात्मक कार्यों के लिए अनुकूल रहेगा। कला, साहित्य और शिक्षा से जुड़े लोगों को सफलता मिल सकती है। आर्थिक मामलों में सुधार के संकेत मिल सकते हैं। परिवार का सहयोग मिलेगा और घर में सुखद वातावरण बना रहेगा। मानसिक रूप से आप सकारात्मक महसूस करेंगे और भविष्य की नई योजनाएं बना सकते हैं।


आज ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति यह संकेत दे रही है कि धैर्य, मेहनत और सकारात्मक सोच से कई राशियों को सफलता और आर्थिक लाभ मिल सकता है। वहीं जल्दबाजी और गुस्से से बचना भी उतना ही जरूरी रहेगा।

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मानवता की मिसाल बनेगा चैनपुर: 20 मार्च को प्रखंड कार्यालय परिसर में विशाल रक्तदान शिविर, प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने जनप्रतिनिधियों व आम नागरिकों से की बढ़-चढ़कर भागीदारी की अपील

चैनपुर (गुमला) 9 मार्च 2026। जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराने तथा समाज में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से 20 मार्च 2026, शुक्रवार को प्रखंड कार्यालय परिसर चैनपुर में एक दिवसीय विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन किया जाएगा। यह शिविर पूर्वाह्न 10:30 बजे से प्रखंड कार्यालय सभागार में प्रारंभ होगा, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों के भाग लेने की संभावना जताई जा रही है।

इस संबंध में प्राप्त जानकारी के अनुसार असैनिक शल्य चिकित्सक-सह-मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, गुमला के पत्रांक 328 दिनांक 25 फरवरी 2026 के आलोक में इस शिविर का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम का संचालन रक्त भंडारण इकाई, सदर अस्पताल गुमला के सहयोग से किया जाएगा।

स्वास्थ्य विभाग द्वारा सभी सरकारी एवं गैर-सरकारी कार्यालयों के विभागाध्यक्षों, जनप्रतिनिधियों तथा विशिष्ट गणमान्य नागरिकों से अपील की गई है कि वे स्वयं रक्तदान कर समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाएं तथा अपने अधीनस्थ कर्मियों और अन्य लोगों को भी अधिक से अधिक संख्या में रक्तदान के लिए प्रेरित करें। विभाग का कहना है कि एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद मरीज के लिए जीवनदान साबित हो सकता है, इसलिए इस पुनीत कार्य में सभी की भागीदारी जरूरी है।

सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र चैनपुर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी ने बताया कि रक्तदान शिविर को सफल बनाने के लिए व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। इसके साथ ही सभी विभागों को निर्देशित किया गया है कि वे इस आयोजन में आवश्यक सहयोग प्रदान करें और अधिक से अधिक लोगों को रक्तदान के लिए प्रेरित करें।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने कहा कि दुर्घटना, प्रसूति, गंभीर बीमारी और सर्जरी जैसे मामलों में अक्सर रक्त की कमी हो जाती है। ऐसे में स्वैच्छिक रक्तदान शिविरों के माध्यम से रक्त भंडार को सुदृढ़ करना अत्यंत आवश्यक है।

प्रशासन ने युवाओं, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों से भी इस शिविर में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील करते हुए कहा है कि रक्तदान कर लोग किसी अनजान व्यक्ति की जान बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। अधिकारियों ने कहा कि रक्तदान न केवल मानवता की सेवा है, बल्कि यह समाज के प्रति जिम्मेदारी निभाने का भी सर्वोत्तम माध्यम है।

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वनभूमि को खेत में बदलने की साजिश नाकाम: सूचना मिलते ही बगीचा वन अमला पहुंचा मौके पर, खुदाई करती जेसीबी जप्त कर दर्ज किया अपराध

 जशपुर :  9 मार्च 2026। वन क्षेत्र में अवैध कब्जा कर खेत निर्माण किए जाने की कोशिश को वन विभाग ने समय रहते नाकाम कर दिया। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने खुदाई कर रही जेसीबी मशीन को जप्त कर वन अपराध का मामला दर्ज किया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार सोमवार को दूरभाष के माध्यम से वन विभाग को सूचना मिली कि वन परिक्षेत्र बगीचा अंतर्गत ग्राम टांगरपानी के दालढोढ़ी नामक स्थान पर जेसीबी मशीन के जरिए वनभूमि में मिट्टी खुदाई कर खेत निर्माण किया जा रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए वनमंडलाधिकारी जशपुर श्री शशि कुमार, भा.व.से. के निर्देश पर वन परिक्षेत्राधिकारी बगीचा सुश्री यशस्वी मौर्य, प्रशिक्षु भा.व.से. के नेतृत्व में वन अमले की टीम तत्काल मौके पर पहुंची।

वन विभाग की टीम ने दालढोढ़ी स्थित कक्ष क्रमांक पी-1331 में पहुंचकर जांच की तो वहां जेसीबी (न्यू) मशीन चेचिस क्रमांक 7HAR3KGPNV03347121 से मिट्टी की खुदाई कर खेत तैयार करने का कार्य किया जा रहा था। मौके पर मौजूद जेसीबी चालक फुलचंद उरांव, पिता मंगलेश्वर उरांव, निवासी ग्राम गुड़दरी, जिला गुमला (झारखंड) से पूछताछ की गई और जमीन संबंधी वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया।

पूछताछ के दौरान चालक ने बताया कि जेसीबी के मालिक द्वारा उक्त भूमि को अपनी निजी भूमि बताकर खेत निर्माण के लिए मिट्टी खुदाई करने को कहा गया था। इसी आधार पर वह मशीन से खुदाई का कार्य कर रहा था।

मामले की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग ने वन अपराध प्रकरण क्रमांक 21487/25 दिनांक 9 मार्च 2026 को पंजीबद्ध करते हुए उपयोग में लाई जा रही जेसीबी मशीन को विधिवत जप्त कर बगीचा निस्तार डिपो में सुरक्षित रख दिया है।

वन विभाग के अनुसार प्रकरण की विस्तृत जांच की जा रही है तथा दोषियों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

वन विभाग ने आम नागरिकों से अपील करते हुए कहा है कि वनभूमि पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण, खुदाई या निर्माण कार्य न करें। इस प्रकार की गतिविधियां वन संरक्षण अधिनियम और भारतीय वन अधिनियम के अंतर्गत दंडनीय अपराध हैं। यदि कहीं भी इस प्रकार की अवैध गतिविधियों की जानकारी मिले तो तत्काल वन विभाग को सूचित करें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।

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कार्यकर्ताओं के रक्त की बूंद-बूंद का मान रखूँगा": युवाओं के 'रक्त तिलक' से भावुक हुए राजकुमार विजय आदित्य सिंह जूदेव - विजय आदित्य सिंह जूदेव का हुआ  'रक्त-तिलक' से अभिषेक


  
जशपुरनागर :- जशपुर की माटी में इन दिनों राजनीति का एक ऐसा स्वरूप उभर रहा है, जो दशकों तक याद रखा जाएगा। यह महज एक नेता का दौरा नहीं, बल्कि एक युवा नेतृत्व के प्रति जन-अपेक्षाओं का ज्वार है। जिला भाजपा युवा मोर्चा के अध्यक्ष राजकुमार विजय आदित्य सिंह जूदेव के प्रति युवाओं की दीवानगी इस कदर है कि वे अपने आराध्य नेता का स्वागत फूलों से नहीं, बल्कि अपने 'लहू के तिलक' से कर रहे हैं।

जशपुर के राजनीतिक इतिहास में लंबे समय बाद किसी युवा चेहरे के प्रति ऐसा भावनात्मक और अटूट विश्वास देखा जा रहा है। राजकुमार विजय आदित्य सिंह जूदेव जब सुदूर वनांचलों के दौरे पर निकलते हैं, तो दृश्य किसी उत्सव जैसा हो जाता है। 

युवा मोर्चा अध्यक्ष बनने के बाद से अबतक जिले  चार अलग-अलग मौकों पर युवाओं ने अपने रक्त से उनका तिलक कर यह स्पष्ट कर दिया है कि उनका समर्थन केवल चुनावी नहीं, बल्कि पूरी तरह समर्पित और वैचारिक है। यह 'रक्त-तिलक' जशपुर की राजनीति में समर्पण की एक ऐसी अनूठी परंपरा को जन्म दे रहा है, जो संगठन के लिए भविष्य की नई आधारशिला बन सकती है।

 पंडरापाठ क्षेत्र  में युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं जोश का ऐसा ही मंजर दिखाई दिया। जैसे ही राजकुमार बिजय आदित्य सिँह जूदेव का काफिला पहुँचा, 'जय जय जूदेव' के नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। युवाओं की भीड़ ने उन्हें घेर लिया और देखते ही देखते कार्यकर्ताओं ने अपने रक्त से उनका अभिषेक कर दिया। 

स्थानीय युवाओं का कहना है कि राजकुमार की सादगी, सहजता और ग्रामीणों के प्रति उनका गहरा लगाव ही उन्हें जन-जन का लाड़ला बना रहा है। वे किसी राजा की तरह नहीं, बल्कि एक साथी की तरह लोगों के बीच पहुँच रहे हैं।

  *संगठन में नई ऊर्जा का संचार*

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि राजकुमार विजय आदित्य सिंह जूदेव का यह बढ़ता प्रभाव जशपुर में भाजपा और युवा मोर्चा के लिए संजीवनी साबित हो रहा है। 

युवाओं का यह प्रतीकात्मक और भावनात्मक जुड़ाव संकेत दे रहा है कि आने वाले समय में जिले की राजनीति में एक बड़ा वैचारिक और संगठनात्मक बदलाव आने वाला है। 

*पंडरापाठ की इस हृदयस्पर्शी घटना के बाद राजकुमार विजय आदित्य सिंह जूदेव भावुक नजर आए*
 राजकुमार विजय आदित्य सिंह जूदेव ने कहा:​"युवाओं का यह प्रेम और मुझ पर जताया गया यह अटूट विश्वास मेरे लिए केवल सम्मान नहीं, बल्कि एक बहुत बड़ी जिम्मेदारी है। साथियों ने अपने रक्त से मेरा जो तिलक किया है, वह मेरे रोम-रोम में जशपुर की माटी और यहाँ के जन-जन की सेवा का संकल्प भर देता है। यह रक्त का तिलक गवाह है कि जशपुर का युवा अब सजग है और अपने क्षेत्र के स्वाभिमान व विकास के लिए किसी भी संघर्ष को तैयार है। मैं विश्वास दिलाता हूँ कि कार्यकर्ताओं के इस पसीने और रक्त की बूंद-बूंद का मान रखूँगा और अंतिम व्यक्ति के हक की लड़ाई पूरी निष्ठा से लड़ूँगा।"

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जशपुर के गट्टी महुआ में जादू-टोना के शक में महिला की निर्मम हत्या, पति सहित चार आरोपी गिरफ्तार

जशपुर, 09 मार्च 2026।
सन्ना थाना क्षेत्र के ग्राम गट्टी महुआ में इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली सनसनीखेज घटना सामने आई है। यहां गोईदी बाई (48 वर्ष) की जादू-टोना के शक में हत्या कर दी गई। पुलिस ने मामले की त्वरित कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया।

मृतिका के भाई सहलू राम (30 वर्ष) ने 06 मार्च को थाना सन्ना में सूचना दी कि उनकी बड़ी बहन अपने घर में मृत अवस्था में पड़ी है। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने तुरंत मर्ग कायम कर जांच शुरू की। घटनास्थल निरीक्षण में मृतिका के शरीर और आसपास खून के निशान पाए गए। इसके अलावा मृतिका के गुप्तांग में गंभीर चोट के निशान भी मिले।

पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया, जिसमें डॉक्टरों ने प्रारंभिक रिपोर्ट में स्पष्ट किया कि कठोर और भोंथरी वस्तु से गुप्तांग में गंभीर चोट के कारण मृतिका की मृत्यु हुई है, जो कि हत्या (Homicidal) की श्रेणी में आती है।

पुलिस पूछताछ और गवाहों के बयान के अनुसार 05 मार्च को दोपहर करीब 2 बजे घर में मृतिका और उसकी सौतन फुला बाई के बीच विवाद हुआ। इसके बाद फुला बाई और उसका पति ठूपन राम खेत की ओर गए, जहां सुनील राम (23 वर्ष) और उसकी पत्नी सुरन्ती बाई (22 वर्ष) पहले से मौजूद थे। मृतिका बर्तन धोने के लिए कुएं की ओर जा रही थी, जिसे रास्ते में ठूपन राम ने बहला-फुसलाकर झोपड़ी में ले जाकर बैठा दिया।

पुलिस के अनुसार आरोप है कि सुनील राम ने यह आरोप लगाया कि उसके घर में संतान न होने और उसके पिता के कैंसर का कारण मृतिका का जादू-टोना है। इसी शक में चारों आरोपियों ने मिलकर गोईदी बाई पर हमला किया। सुनील राम ने उसे जमीन पर पटक दिया, ठूपन राम और फुला बाई ने उसके हाथ-पैर पकड़कर रोक रखा। इसके बाद सुरन्ती बाई और सुनील राम ने लकड़ी का डंडा मृतिका के गुप्तांग में डाल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मृत्यु हो गई।

हत्या के बाद आरोपियों ने शव को घर लाकर बिस्तर पर रख दिया और कंबल डालकर घटना को छिपाने की कोशिश की। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त लकड़ी का डंडा बरामद कर लिया।

पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश किया। गिरफ्तार आरोपी हैं — ठूपन राम (45 वर्ष), फुला बाई (48 वर्ष), सुनील राम (23 वर्ष), सुरन्ती बाई (22 वर्ष)। सभी ग्राम गट्टी महुआ, थाना सन्ना, जिला जशपुर के निवासी हैं।

मामले की जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी में थाना प्रभारी सन्ना उप निरीक्षक संतोष सिंह, सहायक उप निरीक्षक सिरद साय, महिला प्रधान आरक्षक पुन्नी यादव और आरक्षक प्रवीण सिंह की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

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“जशपुर में नारी सम्मान का भव्य आयोजन: सजल समूह के महिला दिवस समारोह में साहित्य, खेल, समाजसेवा और कला के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं का हुआ गौरवपूर्ण सम्मान”

जशपुर 9 मार्च 2026 :प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी सजल समूह के द्वारा अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस का कार्यक्रम बालासाहेब देशपांडे स्मारक भवन में आयोजित किया ।कार्यक्रम की मुख्य अतिथि कुँवरानी जया सिंह जूदेव थी एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में डायट की उप प्राचार्य सरोज संगीता भोई , विकासखंड शिक्षा अधिकारी जशपुर कल्पना टोप्पो, डॉ त्रिपद चाइल्ड स्पेशलिस्ट कल्याण आश्रम चिकित्सालय, लेखिका एवं कलाकार अंकिता जैन,शुभा मिश्रा लेखिका,  कल्याण आश्रम माध्यमिक शाला की प्रधान पाठक जयमुनी सिंह और जूही सिद्दी की थी  ।कार्यक्रम की शुरुआत ममता  सिन्हा द्वारा सजल समूह  और सजल सदस्यों के परिचय से किया गया।अक्षरा सिन्हा ने गणपति वंदना नृत्य की प्रस्तुति दी।कार्यक्रम में भरतनाट्यम की प्रस्तुति मनीषा भगत के द्वारा एवं कत्थक की प्रस्तुति सरस्वती कला केंद्र की छात्राओं के द्वारा दी गई । इस कार्यक्रम में वस्फी सिद्दिकी,इशि साहू, खुशी साहू और शिवांश झा के द्वारा भी प्रस्तुति दी गई ।बीच-बीच में ज्योति श्रीवास्तव के द्वारा बहुत ही मनोरंजक तरीके से लकी लेडिस गेम के जरिए महिलाओं को प्रोत्साहित किया जाता रहा ।अलग-अलग समय में  कुछ चिट्स निकालकर महिलाओं से गेम और प्रश्नों के माध्यम से कार्यक्रम को अत्यंत मनोरंजक बनाया गया। उपस्थित सभी महिलाओं ने पूरे उत्साह के साथ इस कार्यक्रम में भाग लिया। अतिथियों के बीच में से भी कुछ महिलाओं ने अपनी प्रस्तुति कविताओं और गीतों के माध्यम से दी। प्रत्येक वर्ष इस कार्यक्रम में ऐसी महिलाओं को सम्मानित किया जाता है जो अपने क्षेत्र में विशेष कार्य कर रही हो।इस बार यह पुरस्कार शुभा मिश्रा जो कि एक अधिवक्ता और लेखिका है, इन्हें सर्वश्रेष्ठ साहित्यकार पुरस्कार 2020 के अलावा भी बहुत सारे पुरस्कार भी मिल चुके हैं ।दूसरा संघर्षरत महिला पुरस्कार  बिफनी बाई को दिया गया जो कि सोनक्यारी के सतालू टोली में मितानिन का कार्य कर रही है। अगस्त माह में एक प्रसूता को पीठ में बांधकर नदी पार करा के सोनक्यारी हॉस्पिटल पहुंचाई थी। तीसरा पुरस्कार आकांक्षा रानी को गया जो कि जशपुर जिले की है और अंडर-19 में छत्तीसगढ़ के लिए क्रिकेट खेलती हैं।इसके अलावा एक विशेष पुरस्कार अनीता चौधरी स्मृति पुरस्कार भी सजल समूह के द्वारा दिया जाता है जो कि उनकी दिवंगत सखी के नाम पर होता है यह पुरस्कार अंकिता जैन को दिया गया जो कि एक स्कल्पचर आर्टिस्ट,पर्यावरणविद, उद्यमी और लेखिका हैं। उन्होंने अनेक किताबें लिखी हैं और उसके लिए उन्हें युवा साहित्यकार , मेदिनी पुरस्कार और इफको यंग लिटरेरी पुरस्कार के अलावा भी बहुत सारे सम्मान प्राप्त हैं। मुख्य अतिथि जया सिंह जूदेव ने अपने उद्बोधन में कहा कि इस तरह के कार्यक्रम महिलाओं में उत्साह का वर्धन करते हैं आज की नारी बहुत कुछ कर रही है अपनी पारिवारिक जिम्मेदारियों के अलावा भी वह सामाजिक जिम्मेदारियों का भी सफलतापूर्वक निर्वहन कर रही है ।विशिष्ट अतिथि कल्पना टोप्पो ने भी सभी महिलाओं को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की बधाई देते हुए अपनी कविता की प्रस्तुति दी । अंकिता जैन ने अपने वक्तव्य में कहा कि मुझे बहुत खुशी हुई क्योंकि यहां समस्त कार्य महिलाओं के द्वारा ही किया जा रहे हैं। और महिलाओं को अपने आप को बेचारी बिल्कुल नहीं समझना चाहिए वह हर कार्य करने में सक्षम है। सरोज संगीता भोई ने भी अपने स्वरचित गीत की प्रस्तुति दी।कार्यक्रम के प्रत्येक जिम्मेदारी सजल समूह के महिलाओं के द्वारा निभाई गई। दीप प्रज्वलन कराने की जिम्मेदारी हेमा शर्मा की थी तो बैच लगाने का काम अभिलाषा गुप्ता और सुलोचना महापात्रे ने किया। मेहमानों को स्वागत तिलक और गुलाल लगाकर किया जा रहा था और यह जिम्मेदारी निभाई किरण महतो,  और रीना सोनी ने और मंच पर उपस्थित रहकर पूरे समय अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन किया ज्योति साहनी ने और सजल के कार्यों का एक वीडियो में संकलन कर प्रोजेक्टर के माध्यम से शशि साहू ने प्रदर्शित किया । कार्यक्रम में प्रथम खंड में मंच संचालन सीमा गुप्ता द्वारा और पूरे कार्यक्रम का संचालन सरिता साहू और मंजुला झा के द्वारा हिंदी छत्तीसगढ़ी दोनों भाषाओं में रोचक अंदाज से किया गया। रेखा सिंह , नीतू और डॉली कुशवाहा के द्वारा पुरस्कारों की व्यवस्था की गई थी। सजल समूह की महिलाओं के द्वारा सजावट, बुके बनाने और बैच बनाने का का कार्य भी स्वयं किया गया था। सजल सेल्फी जोन भी बनाया गया था। प्रत्येक प्रस्तुति के लिए पुरस्कारों की व्यवस्था भी की गई थी।इन सभी महिलाओं के अथक प्रयास से यह कार्यक्रम बेहद मनोरंजक एवं शानदार रहा।

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गांवों के विकास की नई सीख लेने निकले जशपुर के 40 सरपंच, धमतरी और दुर्ग की सफल पंचायतों का करेंगे अध्ययन — जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय ने हरी झंडी दिखाकर किया भव्य रवाना

जशपुरनगर, 09 मार्च 2026/ सफल ग्राम पंचायतों के कार्यों, नवाचारों तथा विकास गतिविधियों का अध्ययन करने के उद्देश्य से जशपुर जिले से सरपंचों का एक अध्ययन भ्रमण दल 09 मार्च से 12 मार्च तक धमतरी एवं दुर्ग जिले के ग्राम पंचायतों के भ्रमण के लिए आज रवाना हुए। इस दल में कुल 40 प्रतिभागी सरपंच शामिल हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष श्री सलीक साय ने अध्ययन भ्रमण दल को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि इस प्रकार के अध्ययन भ्रमण से सरपंचों को अन्य ग्राम पंचायतों में किए जा रहे नवाचारों, विकास कार्यों और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की जानकारी प्राप्त होती है, जिससे वे अपने-अपने ग्राम पंचायतों में भी बेहतर योजनाएं लागू कर सकते हैं।
    अध्ययन भ्रमण के दौरान सरपंचों का दल धमतरी जिले के सांकरा तथा दुर्ग जिले के पतोरा ग्राम पंचायत का भ्रमण करेगा। यहां वे संचालित विभिन्न योजनाओं, विकास कार्यों, नवाचारों और उत्कृष्ट पहल का अवलोकन करेंगे। इस अध्ययन के माध्यम से प्राप्त अनुभवों का उपयोग सरपंच अपने ग्राम पंचायतों में विकास कार्यों को और अधिक प्रभावी एवं सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने में करेंगे।

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कभी सूरज की किरणें भी जमीन तक नहीं पहुंचती थीं बादलखोल के घने जंगलों में… अब अवैध कटाई और शिकार से बढ़ी चिंता, तस्करी रोकने बेने में भी चौथा बेरियर लगाने की तैयारी में विभाग....ग्रामीण बोले, रात में खुला रहेगा रास्ता तो कैसे रुकेगी तस्करी

सरगुजा एलिफेंट रिजर्व के उपनिदेशक श्रीनिवास तनेटि ने किया स्थल निरीक्षण, नारायणपुर सर्किल के बेने क्षेत्र में नए बेरियर लगाने के निर्देश

बेंद, डूमरपानी और साहीडाँड़ बेरियरों की व्यवस्था पर उठे सवाल, कई जगह दिन-रात खुले रहते हैं गेट — बिना जांच गुजर रहे वाहन

यदि नहीं हुई कड़ी निगरानी तो खतरे में पड़ सकती है बादलखोल की हरियाली, वन्यजीवों का सुरक्षित ठिकाना बन सकता है तस्करों का अड्डा

साहीडाँड़ का वन बेरियर

नारायणपुर 09 मार्च 2026 : 
सरगुजा एलिफेंट रिजर्व के अंतर्गत आने वाला बादलखोल अभ्यारण्य एक समय अपनी घनी हरियाली, दुर्लभ वन्यजीवों और शांत प्राकृतिक वातावरण के लिए दूर-दूर तक जाना जाता था। पहाड़ों और साल के घने वनों से घिरा यह क्षेत्र आज भी प्राकृतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है, लेकिन बीते कुछ वर्षों से यहां अवैध लकड़ी कटाई, वन्यजीवों के शिकार और लकड़ी तस्करी की गतिविधियों को लेकर विभाग की चिंता बढ़ती जा रही है।

वन विभाग इन गतिविधियों पर नियंत्रण पाने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। इसी कड़ी में विभाग ने पहले तीन स्थानों पर बेरियर स्थापित किए थे और अब चौथा बेरियर लगाने की तैयारी की जा रही है। हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि यदि निगरानी व्यवस्था मजबूत नहीं की गई तो केवल बेरियर लगाने से स्थिति में कोई सुधार नहीं आएगा।

1975 में मिला अभ्यारण्य का दर्जा

जानकारी के अनुसार बादलखोल अभ्यारण्य का रेंज कार्यालय नारायणपुर में स्थित है। इस अभ्यारण्य को वर्ष 1975 में आधिकारिक स्वीकृति मिली थी। इससे पहले यह क्षेत्र सामान्य वन क्षेत्र के रूप में जाना जाता था।

स्थानीय लोगों के अनुसार पुराने समय में यह इलाका राजा-महाराजाओं का प्रमुख शिकारगाह हुआ करता था। उस दौर में यहां के जंगल इतने घने हुआ करते थे कि दिन के समय भी जंगल के अंदर अंधेरा जैसा वातावरण रहता था। कहा जाता है कि पेड़ों की घनी छाया के कारण सूर्य की किरणें भी धरती तक नहीं पहुंच पाती थीं।इसी घनेपन और बादलों जैसी छाया के कारण इस क्षेत्र का नाम “बादलखोल” पड़ गया, जो आज भी इस जंगल की पहचान बना हुआ है।

पहाड़ी और साल वनों की समृद्धि

बादलखोल अभ्यारण्य ईब और डोड़की नदियों के किनारे फैले साल वनों से घिरा एक महत्वपूर्ण पहाड़ी पारिस्थितिक तंत्र है। यहां की जलवायु और जैव विविधता इसे पर्यावरण की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण बनाती है।एक समय यहां बाघ, तेंदुआ, चीतल, सांभर और कई दुर्लभ पक्षियों की भरपूर मौजूदगी हुआ करती थी। जंगल की शांति और प्राकृतिक संतुलन के कारण यह क्षेत्र वन्यजीवों के लिए सुरक्षित आश्रय माना जाता था।

हालांकि वर्तमान समय में बाघ जैसे बड़े वन्यजीव अब इस क्षेत्र में दिखाई नहीं देते, लेकिन कोटरी, हाथी, तेंदुआ, जंगली सुअर और अन्य वन्य प्राणियों की मौजूदगी अभी भी यहां देखी जाती है। इसके अलावा कई प्रकार के पक्षी और छोटे वन्य जीव भी इस क्षेत्र की जैव विविधता को बनाए हुए हैं।

अवैध कटाई और शिकार से बढ़ी चिंता

 पिछले कुछ वर्षों से बादलखोल अभ्यारण्य में अवैध लकड़ी कटाई और शिकार की गतिविधियां समय-समय पर सामने आती रही हैं। जंगल के अंदर से कीमती लकड़ियों की तस्करी की सूचनाएं भी बीच-बीच में मिलती रहती हैं। जंगल का क्षेत्र काफी विस्तृत और दुर्गम होने के कारण तस्कर अक्सर रात के समय इन गतिविधियों को अंजाम देते हैं। ऐसे में वन विभाग के लिए इन पर पूरी तरह नियंत्रण करना चुनौतीपूर्ण बन जाता है।

नारायणपुर सर्किल के बेने में लगेगा नया बेरियर

तस्करी रोकने के लिए लगाए गए बेरियर

इन्हीं गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से वन विभाग ने पहले तीन स्थानों पर बेरियर लगा चुका है । इनमें एक बेंद सर्किल में और दूसरा साहीडाँड़ सर्किल में तीसरा डूमरपानी मे  स्थापित किया गया है।

अब विभाग द्वारा चौथा बेरियर नारायणपुर सर्किल के बेने क्षेत्र में लगाने की तैयारी की जा रही है। हाल ही में सरगुजा एलिफेंट रिजर्व के उपनिदेशक श्रीनिवास तनेटि स्वयं मौके पर पहुंचे और प्रस्तावित स्थान का निरीक्षण कर अधिकारियों को यहां बेरियर लगाने के निर्देश दिए।

विभागीय सूत्रों के अनुसार इस बेरियर के निर्माण का उद्देश्य वन क्षेत्र में आने-जाने वाले वाहनों की निगरानी बढ़ाना और अवैध गतिविधियों पर नियंत्रण करना है।

डूमरपानी बेरियर

पुराने बेरियरों की व्यवस्था पर उठे सवाल

हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि केवल नए बेरियर लगाने से समस्या का समाधान नहीं होगा। उनका कहना है कि पहले से लगे बेंद ,डूमरपानी और साहीडाँड़ बेरियरों की व्यवस्था ही सुचारू रूप से नहीं है,स्टाफों की कमी है।

ग्रामीणों के अनुसार बेंद में लगा बेरियर सामान्यतः बंद रहता है, लेकिन वाहन आने पर उसे खोलकर जाने दिया जाता है। इस मार्ग से गुजरने वाले वाहनों की जांच लगभग नहीं के बराबर होती है। कई बार तो रात के समय बेरियर पूरी तरह खोल दिया जाता है, जिससे वाहनों का आवागमन बिना जांच के होता रहता है। वन्ही इसी सर्किल के डूमरपानी का बेरियर होना न होना एक बराबर है दिन रात खुला रहता है । यंहा कोई स्टाफ नही रहता है स्तानीय लोगों का कहना है कि यंहा बेरियर दिन रात खुला रहता है।

इसी प्रकार साहीडाँड़ में लगे बेरियर की स्थिति भी संतोषजनक नहीं बताई जा रही है। यहां दिन और रात दोनों समय बेरियर खुला रहता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यहां केवल तेंदूपत्ता से लदे वाहनों की एंट्री रजिस्टर में दर्ज की जाती है, जबकि अन्य वाहनों की जांच होती ही नही है।

रात के समय होती है ज्यादा तस्करी

ग्रामीणों का कहना है कि अवैध लकड़ी कटाई और वन्यजीवों के शिकार की अधिकांश घटनाएं रात के समय ही होती हैं। ऐसे में यदि बेरियर रात में खुले रहते हैं तो उनका कोई विशेष लाभ नहीं मिल पाएगा।विभाग को सही मायने में तस्करी पर अंकुश लगाना है तो सभी बैरियरों में रात को भी डियूटी लगानी होगी । 

लोगों का मानना है कि यदि बेने में बनने वाले नए बेरियर की भी यही स्थिति रही तो उसका उद्देश्य अधूरा रह जाएगा। दिन के समय तो वाहनों की एंट्री दर्ज हो जाएगी, लेकिन यदि रात में बेरियर खुला रहेगा तो तस्करी और अवैध गतिविधियों को रोकना मुश्किल होगा।

कड़ी निगरानी की जरूरत

ग्रामीणों और क्षेत्र के जागरूक लोगों ने वन विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि बेंद,डूमरपानी, बेने और साहीडाँड़  में लगाए गए बेरियरों पर दिन के साथ-साथ रात में भी कर्मचारियों की ड्यूटी अनिवार्य रूप से लगाई जाए। 

साथ ही खासकर स्टेट हाइवे मार्ग पर स्थित साहीडाँड़ बेरियर इस क्षेत्र का सबसे महत्वपूर्ण बैरियरों में से एक है यंहा बिना कारण दिन हो या रात खुला न रखा जाए और वाहनों के आने जाने पर ही उसे खोलने की व्यवस्था लागू करवाई जाए।

स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि विभाग इस दिशा में सख्ती और नियमित निगरानी सुनिश्चित करे तो बादलखोल जैसे महत्वपूर्ण वन क्षेत्र में अवैध लकड़ी तस्करी और शिकार की घटनाओं पर काफी हद तक रोक लगाई जा सकती है।

जंगल बचाने के लिए जरूरी है सतर्कता

बादलखोल अभ्यारण्य केवल वन विभाग ही नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र की प्राकृतिक धरोहर है। यहां के घने साल वन, पहाड़ और वन्यजीव इस इलाके के पर्यावरणीय संतुलन को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

ऐसे में जरूरत इस बात की है कि वन विभाग और स्थानीय समुदाय मिलकर इस जंगल की सुरक्षा के लिए गंभीर प्रयास करें, ताकि आने वाली पीढ़ियां भी बादलखोल की हरियाली और जैव विविधता का लाभ उठा सकें।

विभाग को इस जगह पर भी लगानी चाहिए बेरियर

बादलखोल अभ्यारण्य क्षेत्र में लकड़ी तस्करी की आशंका को लेकर  विभाग को गायलूँगा और बच्छरांव मार्ग पर बेरियर लगाने की आवश्यकता है। सूत्रों के अनुसार गायलूँगा, कलिया और डूमरपानी होते हुए एक रास्ता बगीचा की ओर निकलता है, जिसका उपयोग लकड़ी तस्करों द्वारा किया जाता है। ऐसे में गायलूँगा में बेरियर लगाए जाने की भी आवश्यकता है।

बच्छरांव से कई दिशाओं में निकलते हैं रास्ते

इसी तरह बच्छरांव से एक मार्ग झरगांव की ओर तथा दूसरा मार्ग मटासी होते हुए नारायणपुर की ओर जाता है। बताया जाता है कि इन मार्गों का उपयोग भी लकड़ी की अवैध तस्करी के लिए किया जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इन रास्तों पर निगरानी के अभाव में तस्कर आसानी से जंगल से लकड़ी बाहर निकाल लेते हैं।

उच्च अधिकारी  इस पूरे मामले में संज्ञान लेकर गायलूँगा तथा बच्छरांव में स्थायी बेरियर स्थापित करने का विचार करनी चाहिए, ताकि अभ्यारण्य के जंगलों को अवैध कटाई और तस्करी से बचाया जा सके।

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राशिफल : ग्रहों की बदली चाल से बदलेंगे किस्मत के हाल: कहीं धन वर्षा के योग तो कहीं सतर्कता की घंटी, पढ़िए आज का पूरा राशिफल और जानिए किस राशि पर बरसेगी सफलता की बारिश और किसे बरतनी होगी खास सावधानी

 दैनिक राशिफल – 9 मार्च 2026, सोमवार
ग्रहों की चाल का असर आज सभी 12 राशियों पर अलग-अलग देखने को मिलेगा। कहीं सफलता के योग बन रहे हैं तो कहीं सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। पढ़िए आज का विस्तृत राशिफल लोकल अखबार शैली में –

 मेष राशि (Aries)

नए कार्य की शुरुआत के लिए दिन अनुकूल, मेहनत का मिलेगा फल

आज का दिन मेष राशि वालों के लिए उत्साह और नई ऊर्जा लेकर आएगा। कार्यक्षेत्र में लंबे समय से अटके काम पूरे होने के संकेत मिल रहे हैं। नौकरीपेशा लोगों को अधिकारियों का सहयोग मिलेगा। व्यापारियों के लिए नए संपर्क लाभदायक साबित हो सकते हैं।

परिवार में खुशी का माहौल रहेगा और किसी शुभ समाचार की प्राप्ति हो सकती है। आर्थिक स्थिति में सुधार होगा, लेकिन अनावश्यक खर्चों से बचने की जरूरत है। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, फिर भी थकान महसूस हो सकती है।

शुभ रंग: लाल
शुभ अंक: 9

 वृषभ राशि (Taurus)

धैर्य और समझदारी से सुलझेंगे समस्याएं, आर्थिक स्थिति मजबूत

वृषभ राशि के जातकों के लिए आज का दिन थोड़ा व्यस्त रह सकता है। कार्यक्षेत्र में जिम्मेदारियां बढ़ेंगी, लेकिन आपकी मेहनत रंग लाएगी। व्यापार में लाभ के योग बन रहे हैं और किसी पुराने निवेश से फायदा मिल सकता है।

परिवार के साथ समय बिताने का अवसर मिलेगा। किसी पुराने मित्र से मुलाकात हो सकती है। स्वास्थ्य के मामले में खान-पान पर ध्यान देना जरूरी है।

शुभ रंग: सफेद
शुभ अंक: 6

 मिथुन राशि (Gemini)

करियर में प्रगति के संकेत, नए अवसरों के खुलेंगे द्वार

मिथुन राशि वालों के लिए आज का दिन उन्नति का संकेत दे रहा है। नौकरी में पदोन्नति या नई जिम्मेदारी मिलने की संभावना है। व्यापार में भी नई योजनाएं लाभदायक साबित होंगी।

छात्रों के लिए दिन अच्छा रहेगा और प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता के संकेत हैं। पारिवारिक जीवन सुखद रहेगा। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, लेकिन मानसिक तनाव से बचने की कोशिश करें।

शुभ रंग: हरा
शुभ अंक: 5

 कर्क राशि (Cancer)

परिवार में खुशियों का माहौल, धन लाभ के बन रहे योग

कर्क राशि के लोगों के लिए आज का दिन शुभ समाचार लेकर आ सकता है। लंबे समय से रुके हुए कार्य पूरे होंगे। व्यापार में लाभ के संकेत हैं और आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।

परिवार के साथ किसी धार्मिक या सामाजिक कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं। दांपत्य जीवन में मधुरता बनी रहेगी। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा।

शुभ रंग: क्रीम
शुभ अंक: 2

 सिंह राशि (Leo)

आत्मविश्वास से मिलेगी सफलता, कार्यक्षेत्र में बढ़ेगा मान-सम्मान

सिंह राशि के जातकों के लिए आज का दिन उपलब्धियों भरा हो सकता है। नौकरी में आपके काम की सराहना होगी और वरिष्ठ अधिकारी प्रसन्न रहेंगे। व्यापारियों के लिए नए सौदे लाभदायक साबित हो सकते हैं।

परिवार में किसी मांगलिक कार्यक्रम की चर्चा हो सकती है। हालांकि खर्च बढ़ने की संभावना है, इसलिए बजट का ध्यान रखें।

शुभ रंग: सुनहरा
शुभ अंक: 1

 कन्या राशि (Virgo)

सावधानी और समझदारी से करें काम, विवाद से बचें

कन्या राशि के लोगों को आज थोड़ा सतर्क रहने की आवश्यकता है। कार्यक्षेत्र में छोटी-मोटी परेशानियां आ सकती हैं, लेकिन धैर्य से काम लेने पर सब ठीक हो जाएगा।

परिवार में किसी बात को लेकर मतभेद हो सकता है, इसलिए वाणी पर संयम रखें। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न बरतें।

शुभ रंग: नीला
शुभ अंक: 7

 तुला राशि (Libra)

व्यापार और नौकरी में सफलता, नए अवसरों की संभावना

तुला राशि वालों के लिए आज का दिन लाभदायक रहेगा। व्यापार में अच्छे मुनाफे की संभावना है। नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारी मिल सकती है।

सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी और लोगों के बीच सम्मान बढ़ेगा। परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा।

शुभ रंग: गुलाबी
शुभ अंक: 8

 वृश्चिक राशि (Scorpio)

परिश्रम का मिलेगा उचित परिणाम, आर्थिक स्थिति होगी मजबूत

वृश्चिक राशि के जातकों के लिए आज का दिन सकारात्मक रहेगा। मेहनत का पूरा फल मिलेगा। नौकरी में पदोन्नति या वेतन वृद्धि के योग बन रहे हैं।

परिवार का सहयोग मिलेगा और जीवनसाथी के साथ संबंध मधुर रहेंगे। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा।

शुभ रंग: मरून
शुभ अंक: 3

 धनु राशि (Sagittarius)

यात्रा के योग, नए संपर्कों से मिलेगा लाभ

धनु राशि वालों के लिए आज का दिन व्यस्त रह सकता है। काम के सिलसिले में यात्रा करनी पड़ सकती है। व्यापार में नए संपर्क लाभ दिला सकते हैं।

छात्रों के लिए दिन अच्छा रहेगा। पारिवारिक जीवन सामान्य रहेगा। स्वास्थ्य के प्रति सावधानी रखें।

शुभ रंग: पीला
शुभ अंक: 4

 मकर राशि (Capricorn)

निवेश के लिए अनुकूल समय, करियर में प्रगति

मकर राशि के लोगों के लिए आज का दिन आर्थिक रूप से लाभकारी हो सकता है। निवेश के अच्छे अवसर मिल सकते हैं। नौकरी में पदोन्नति के संकेत हैं।

परिवार में सुख-शांति बनी रहेगी। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा।

शुभ रंग: ग्रे
शुभ अंक: 10

 कुंभ राशि (Aquarius)

नई योजनाओं से मिलेगा लाभ, आत्मविश्वास रहेगा मजबूत

कुंभ राशि वालों के लिए आज का दिन रचनात्मक कार्यों में सफलता दिला सकता है। व्यापार में नई योजनाएं बनेंगी और आर्थिक लाभ होगा।

परिवार का सहयोग मिलेगा। दोस्तों के साथ समय बिताने का मौका मिलेगा।

शुभ रंग: आसमानी
शुभ अंक: 11

 मीन राशि (Pisces)

धार्मिक कार्यों में रुचि, मानसिक शांति का अनुभव

मीन राशि के जातकों के लिए आज का दिन आध्यात्मिकता से जुड़ा रह सकता है। किसी धार्मिक कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं। कार्यक्षेत्र में सामान्य प्रगति रहेगी।

परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा।

शुभ रंग: बैंगनी
शुभ अंक: 12


आज चंद्रमा की स्थिति कई राशियों के लिए आर्थिक और पारिवारिक मामलों में सकारात्मक संकेत दे रही है। मेहनत और धैर्य से काम करने वालों के लिए सफलता के रास्ते खुल सकते हैं।

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ऐतिहासिक जीत! भारत ने न्यूजीलैंड को 96 रन से रौंदकर लगातार दूसरा टी-20 विश्व कप जीता, अहमदाबाद में गूंजा भारत’ का नारा

, 8 मार्च। भारतीय क्रिकेट इतिहास में रविवार का दिन स्वर्ण अक्षरों में दर्ज हो गया, जब ने शानदार प्रदर्शन करते हुए को 96 रनों के बड़े अंतर से हराकर का खिताब अपने नाम कर लिया। अहमदाबाद के भव्य में खेले गए इस रोमांचक फाइनल मुकाबले में भारत ने एकतरफा अंदाज में जीत दर्ज करते हुए इतिहास रच दिया।

भारत की इस जीत के साथ ही टीम ने लगातार दूसरी बार टी-20 विश्व कप ट्रॉफी जीतने का गौरव हासिल किया। साथ ही भारत अपनी ही सरजमीं पर टी-20 विश्व कप जीतने वाली पहली टीम बन गई है। यह भारत का तीसरा टी-20 विश्व कप खिताब भी है, जिसने भारतीय क्रिकेट को नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया।

दमदार बल्लेबाजी से भारत ने खड़ा किया विशाल स्कोर

फाइनल मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम के बल्लेबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया। भारतीय बल्लेबाजों ने आक्रामक शुरुआत करते हुए न्यूजीलैंड के गेंदबाजों पर दबाव बना दिया और निर्धारित 20 ओवर में 255 का एक बड़ा स्कोर खड़ा कर दिया।

भारतीय टीम के शीर्ष बल्लेबाजों ने जिम्मेदारी के साथ तेज रन बनाए और टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। स्टेडियम में मौजूद हजारों दर्शकों ने चौकों-छक्कों की बारिश का जमकर आनंद लिया और हर बड़े शॉट पर पूरा मैदान ‘भारत-भारत’ के नारों से गूंज उठा।

गेंदबाजों का कहर, न्यूजीलैंड की टीम ढेर

विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम शुरुआत से ही दबाव में नजर आई। भारतीय गेंदबाजों ने कसी हुई गेंदबाजी करते हुए कीवी बल्लेबाजों को टिकने का मौका नहीं दिया।

तेज गेंदबाजों और स्पिनरों की शानदार रणनीति के सामने न्यूजीलैंड के बल्लेबाज लगातार विकेट गंवाते रहे और पूरी टीम लक्ष्य से काफी दूर रह गई। अंततः न्यूजीलैंड की पूरी टीम निर्धारित ओवरों तक भी मैदान में नही टिक पाई और भारत द्वारा दिए गए लक्ष्य से 96 रन पीछे रह गई और भारत ने शानदार जीत दर्ज कर ली।

स्टेडियम में जश्न का माहौल

जैसे ही भारत ने जीत हासिल की, अहमदाबाद के में जश्न का माहौल बन गया। हजारों दर्शक खुशी से झूम उठे और पूरे स्टेडियम में तिरंगे लहराने लगे। खिलाड़ियों ने भी मैदान पर एक-दूसरे को गले लगाकर इस ऐतिहासिक जीत का जश्न मनाया।

भारत ने रचा नया इतिहास

इस जीत के साथ ही ने कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम कर लिए। भारत लगातार दो बार टी-20 विश्व कप जीतने वाली टीमों में शामिल हो गया है। साथ ही तीसरी बार टी-20 विश्व कप ट्रॉफी जीतकर भारतीय टीम ने विश्व क्रिकेट में अपनी बादशाहत और मजबूत कर दी।

क्रिकेट प्रेमियों के लिए यह जीत बेहद खास रही और पूरे देश में जश्न का माहौल देखने को मिला। सोशल मीडिया से लेकर सड़कों तक हर जगह भारतीय टीम की इस ऐतिहासिक जीत का जश्न मनाया जा रहा है।

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नेपाल सहित कई राज्यों से उमड़े मरीजों की भीड़, अघोरेश्वर आश्रम पड़ाव में लगे निःशुल्क मिर्गी चिकित्सा शिविर में 179 रोगियों को मिला उपचार और जीवनशैली सुधार का संदेश

जशपुरनगर - पड़ाव स्थित अघोरेश्वर भगवान राम कुष्ठ सेवा आश्रम,श्री सर्वेश्वरी समूह का प्रधान कार्यालय में रविवार को निःशुल्क मिर्गी रोग चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। मानव सेवा की भावना से आयोजित इस शिविर में दूर-दराज से आए मरीजों की बड़ी संख्या देखने को मिली। शिविर में कुल 179 मरीजों का पंजीकरण किया गया, जिनमें 14 बच्चे भी शामिल रहे। सभी मरीजों का परीक्षण कर उन्हें निःशुल्क दवाइयां और आवश्यक चिकित्सीय परामर्श प्रदान किया गया।

आयोजकों के अनुसार इस चिकित्सा शिविर की ख्याति अब प्रदेश की सीमाओं से आगे बढ़ चुकी है। उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों के अलावा बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़ और हरियाणा जैसे राज्यों से भी बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए पहुंचे। वहीं पड़ोसी देश नेपाल से आए रोगियों ने भी शिविर में पहुंचकर उपचार का लाभ लिया।

शिविर के दौरान उपस्थित वैद्यजी ने मरीजों को दवाइयों के साथ-साथ जीवनशैली में सुधार के महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए। उन्होंने कहा कि मिर्गी रोग के उपचार में दवाओं के साथ संयमित जीवनशैली बेहद जरूरी है। मरीजों को किसी भी प्रकार के नशे से दूर रहने, संतुलित आहार लेने और बताए गए परहेज का पालन करने की सलाह दी गई, ताकि उपचार का सकारात्मक परिणाम शीघ्र मिल सके।
श्री सर्वेश्वरी समूह द्वारा समय-समय पर ऐसे निःशुल्क चिकित्सा शिविरों का आयोजन कर जरूरतमंद लोगों को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे समाज के गरीब और दूरदराज के मरीजों को काफी राहत मिल रही है।

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Breaking News : दिल दहला देने वाली घटना : भाई को बचाने कूदी बहन, दोनों की तालाब में डूबकर मौत — मां की आंखों के सामने बुझ गई दो मासूम जिंदगियां

महुआ बीनने के बाद नहाने गए थे पेडार तालाब, दलदल में फंसे भाई-बहन — ग्रामीणों ने झगर डालकर निकाले शव, गांव में पसरा मातम

नारायणपुर 08 मार्च 2026 । नारायणपुर थाना क्षेत्र के ग्राम कलिया के बनखेता से रविवार को एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां स्थित पेडार तालाब में नहाने के दौरान भाई-बहन की डूबने से मौत हो गई। इस हृदयविदारक हादसे से पूरे गांव में मातम का माहौल है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

मिली जानकारी के अनुसार बनखेता निवासी जितेंद्र दास के 8 वर्षीय पुत्र और 11 वर्षीय पुत्री की तालाब में डूबने से मौत हो गई। बताया जा रहा है कि रविवार को स्कूल की छुट्टी होने के कारण दोनों बच्चे अपनी मां कौशल्या दास के साथ खेत में महुआ बीनने गए थे।

महुआ बीनने के बाद नहाने गए थे तालाब

प्राप्त जानकारी के अनुसार रविवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे तक मां और दोनों बच्चे खेत में महुआ बीन रहे थे। इसके बाद तीनों पास ही स्थित पेडार तालाब में नहाने के लिए चले गए।

नहाने के दौरान कौशल्या दास कपड़े धोकर उन्हें सुखाने के लिए तालाब के किनारे चली गई। इसी दौरान 8 वर्षीय छोटा बेटा तालाब की गहराई में चला गया और अचानक डूबने लगा।

भाई को बचाने कूदी बहन, दोनों की चली गई जान

अपने छोटे भाई को डूबता देख 11 वर्षीय बड़ी बहन ने बिना देर किए उसे बचाने के लिए तालाब में छलांग लगा दी। लेकिन तालाब में दलदल और अधिक गहराई होने के कारण वह भी पानी में फंस गई और दोनों भाई-बहन डूबने लगे।

जब मां कपड़े सुखाकर वापस लौटी तो उसने देखा कि दोनों बच्चे पानी में डूब रहे हैं। यह दृश्य देखकर वह बदहवास हो गई और तुरंत उन्हें बचाने के लिए तालाब में कूद पड़ी। उसने बच्चों को बचाने की काफी कोशिश की, लेकिन तालाब में दलदल और फिसलन होने के कारण वह सफल नहीं हो सकी।

इसके बाद कौशल्या दास ने आसपास महुआ बीन रहे ग्रामीणों को आवाज लगाई। आवाज सुनकर ग्रामीण तत्काल मौके पर पहुंचे और झगर  डालकर काफी मशक्कत के बाद दोनों बच्चों के शव को तालाब से बाहर निकाला गया।

सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस

घटना की सूचना ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को दी। सूचना मिलते ही नारायणपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पंचनामा की कार्रवाई करते हुए आगे की जांच शुरू कर दी है।

पूरे गांव में छाया शोक

एक ही परिवार के दो मासूम बच्चों की एक साथ मौत से बनखेता गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। इस दर्दनाक हादसे के बाद परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मां की आंखों के सामने दोनों बच्चों की जान चली जाने से पूरे गांव में मातम का माहौल है।

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महतारी वंदन योजना से मातृशक्ति को मिला आर्थिक संबल : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय,बस्तर की धरती से मातृशक्ति को बड़ा संबल : महतारी वंदन योजना की 25वीं किश्त जारी

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर 69 लाख 48 हजार महिलाओं के खातों में 25वीं किश्त के रूप में 641 करोड़ 58 लाख रुपये अंतरित

रायपुर 8 मार्च 2026/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर बस्तर के लाल बहादुर शास्त्री मिनी स्टेडियम में आयोजित वृहद महतारी वंदन सम्मेलन–2026 में प्रदेश की माताओं-बहनों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की मातृशक्ति समाज की सबसे बड़ी शक्ति है। उन्होंने कहा कि महिलाओं का आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण ही विकसित छत्तीसगढ़ की मजबूत नींव है और राज्य सरकार का हर निर्णय महिलाओं के कल्याण, सम्मान और आत्मनिर्भरता को केंद्र में रखकर लिया जा रहा है। 

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस अवसर पर महतारी वंदन योजना की 25वीं किश्त जारी करते हुए प्रदेश की 69 लाख 48 हजार महिलाओं के खातों में 641 करोड़ 58 लाख रुपये अंतरित किए। इसके साथ ही इस योजना के अंतर्गत अब तक महिलाओं को 16 हजार 237 करोड़ रुपये की राशि प्रदान की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि यह योजना केवल आर्थिक सहायता का माध्यम नहीं, बल्कि माताओं-बहनों के आत्मविश्वास, सम्मान और आत्मनिर्भरता को मजबूत करने वाला जनकल्याणकारी अभियान बन चुकी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें 10 मार्च 2024 का वह दिन याद है, जब प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने महतारी वंदन योजना का शुभारंभ किया था। उसी समय यह संकल्प लिया गया था कि प्रदेश की प्रत्येक पात्र महिला के खाते में हर महीने निर्धारित तिथि पर एक हजार रुपये की राशि पहुंचेगी। पिछले 25 महीनों से यह संकल्प लगातार पूरा किया जा रहा है और इस किश्त के साथ अब तक प्रत्येक हितग्राही महिला को 25 हजार रुपये की राशि प्राप्त हो चुकी है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने जो वादा किया था, उसे पूरी प्रतिबद्धता के साथ निभाया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने बताया कि महतारी वंदन योजना को निर्बाध रूप से जारी रखने के लिए राज्य सरकार ने इस वर्ष के बजट में 8 हजार 200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। उन्होंने कहा कि यह राशि माताओं-बहनों के जीवन में प्रत्यक्ष बदलाव ला रही है। महिलाएं इस सहायता का उपयोग बच्चों की पढ़ाई, स्वास्थ्य, घरेलू जरूरतों, बचत और स्वरोजगार जैसे महत्वपूर्ण कार्यों में कर रही हैं। इससे परिवारों में आर्थिक स्थिरता बढ़ रही है और समाज के समग्र विकास को नई दिशा मिल रही है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रदेश की माताएं-बहनें केवल परिवार का संचालन ही नहीं करतीं, बल्कि वे उत्कृष्ट वित्तीय प्रबंधक भी होती हैं। उन्होंने कहा कि महतारी वंदन योजना से प्राप्त राशि का महिलाओं ने अत्यंत समझदारी से उपयोग किया है। किसी ने बेटियों के भविष्य के लिए बचत की, किसी ने स्वरोजगार शुरू किया, किसी ने परिवार के छोटे व्यवसाय को बढ़ाया, तो किसी ने बच्चों की शिक्षा और स्वास्थ्य पर खर्च कर घर की स्थिति को मजबूत बनाया। यह इस योजना की सबसे बड़ी सफलता है कि महिलाओं ने इसे स्वयं और परिवार की उन्नति का माध्यम बनाया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के दृढ़ संकल्प तथा सुरक्षा बलों के अदम्य साहस से नक्सलवाद अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है। नक्सल हिंसा से प्रभावित परिवारों और आत्मसमर्पित नक्सलियों के पुनर्वास के लिए राज्य सरकार ने 15 हजार आवास स्वीकृत किए हैं। उन्होंने कहा कि बस्तर सहित दूरस्थ अंचलों में शांति, विकास और विश्वास का नया वातावरण बन रहा है, जिसमें महिलाओं की भागीदारी विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान और सामाजिक सशक्तिकरण के लिए राज्य सरकार अनेक स्तरों पर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के अंतर्गत पिछले दो वर्षों में 21 हजार 754 बेटियों के विवाह कराए गए हैं। महिलाओं को सुरक्षित, सुविधाजनक और गरिमापूर्ण कार्यस्थल उपलब्ध कराने के लिए प्रदेश में 368 महतारी सदन बनाने की स्वीकृति दी गई है, जिनमें से 137 महतारी सदन का निर्माण पूर्ण हो चुका है। ग्राम पंचायत स्तर पर इनका उपयोग महिलाओं की बैठकों, प्रशिक्षण, विपणन और सामुदायिक गतिविधियों के केंद्र के रूप में किया जाएगा।

मुख्यमंत्री श्री साय ने बताया कि स्व-सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं की आय बढ़ाने के लिए राज्य सरकार लगातार पहल कर रही है। प्रदेश में अब तक 8 लाख महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाया जा चुका है और अब सरकार का लक्ष्य इसे बढ़ाकर 10 लाख लखपति दीदी बनाने का है। उन्होंने कहा कि महिलाएं अब केवल सहभागी नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था की नई नेतृत्वकारी शक्ति बनकर उभर रही हैं। इसी दिशा में महिला स्वसहायता समूहों के माध्यम से  रेडी टू ईट फूड निर्माण का कार्य पुनः प्रारंभ कराया गया है और इसे चरणबद्ध रूप से प्रदेश के शेष जिलों में भी लागू किया जा रहा है, ताकि स्थानीय स्तर पर महिलाओं को व्यापक रोजगार के अवसर मिल सकें।

मुख्यमंत्री ने बस्तर क्षेत्र के संदर्भ में कहा कि नियद नेल्ला नार योजना के माध्यम से नक्सल प्रभावित इलाकों में स्वास्थ्य सुविधाएं पुनः प्रारंभ की गई हैं, बंद पड़े स्कूलों को दोबारा शुरू कराया गया है, बिजली पहुंची है, मोबाइल टावर लगाए जा रहे हैं तथा स्वच्छ पेयजल और बेहतर सड़कों की सुविधा दूरस्थ बसाहटों तक पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि केवल सड़कों का निर्माण ही नहीं, बल्कि मुख्यमंत्री बस सेवा योजना के माध्यम से बस्तर और सरगुजा अंचल के ग्रामीण क्षेत्रों में परिवहन सुविधा भी मजबूत की गई है, जिससे लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के अवसरों तक पहुंचने में आसानी हो रही है।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से धमतरी की श्रीमती नीतू साहू, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी की श्रीमती मिथलेश चतुर्वेदी, जांजगीर-चांपा की श्रीमती सरस्वती केंवट, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही की श्रीमती अनीता साहू तथा सरगुजा की श्रीमती निधि जायसवाल से संवाद किया। 

मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी की श्रीमती मिथलेश चतुर्वेदी ने बताया कि पति के निधन के बाद उनके सामने परिवार चलाने की बड़ी चुनौती थी। शासन से मिली सहायता राशि और महतारी वंदन योजना के संबल से उन्होंने ई-रिक्शा खरीदकर आजीविका का नया साधन शुरू किया, जिससे अब वे अपने परिवार का भरण-पोषण आत्मसम्मान के साथ कर पा रही हैं।

धमतरी की श्रीमती नीतू साहू ने बताया कि मजदूरी से होने वाली सीमित आय के कारण बेटियों के भविष्य के लिए बचत करना कठिन था, लेकिन महतारी वंदन योजना से मिलने वाली राशि से उन्होंने अपनी दोनों बेटियों के नाम सुकन्या समृद्धि योजना के खाते खुलवाकर हर महीने बचत शुरू की है।

इसी तरह सरगुजा की श्रीमती निधि जायसवाल ने महतारी वंदन योजना से मिली राशि को बचाकर “निधि मेकओवर” नाम से ब्यूटी पार्लर शुरू किया, जबकि गौरेला-पेंड्रा-मरवाही की श्रीमती अनीता साहू ने सिलाई का कार्य प्रारंभ कर “अनीता सिलाई सेंटर” स्थापित किया। जांजगीर-चांपा की श्रीमती सरस्वती केंवट ने भी इस राशि को अपने परिवार के व्यवसाय में लगाकर आय बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह अनुभव अत्यंत सुखद है कि महतारी वंदन योजना की राशि महिलाओं के हाथों में पहुंचकर परिवारों की तरक्की का आधार बन रही है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की माताएं-बहनें दूरदर्शिता, परिश्रम और आत्मविश्वास की अद्भुत मिसाल हैं। जब महिलाओं को अवसर और संबल मिलता है, तो वे न केवल अपने परिवार, बल्कि पूरे समाज को आगे बढ़ाने की शक्ति बन जाती हैं।

इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से ‘लक्ष्मी सखी मिलेट कार्ट’ का शुभारंभ भी किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पहल से पुनर्वासित महिलाओं को जोड़ा गया है, जिन्हें कृषि महाविद्यालय के माध्यम से प्रशिक्षण दिया जा रहा है। ये महिलाएं मिलेट आधारित खाद्य सामग्री तैयार कर उसका विक्रय करेंगी, जिससे उन्हें सतत आजीविका और आर्थिक लाभ प्राप्त होगा। उन्होंने कहा कि महिलाओं को पशुपालन, सूक्ष्म उद्यम, प्रसंस्करण और स्थानीय विपणन से जोड़कर विशेष रूप से बस्तर और सरगुजा क्षेत्र में ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए बजट में भी प्रावधान किए गए हैं।

कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सरकार गठन के तुरंत बाद प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की गारंटी को लागू करने की दिशा में गंभीरता से कार्य किया गया और उसी क्रम में महतारी वंदन योजना शुरू की गई। उन्होंने कहा कि इस योजना से राज्य की लगभग 70 लाख माताएं-बहनें लाभान्वित हो रही हैं। यह योजना महिलाओं को घरेलू जरूरतों की पूर्ति के साथ आर्थिक संबल भी प्रदान कर रही है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार छत्तीसगढ़ महिला कोष तथा सक्षम योजना के माध्यम से भी महिलाओं को स्वरोजगार स्थापित करने में सहयोग दे रही है।

वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने  कहा कि महतारी वंदन योजना के अंतर्गत प्रत्येक माह नियमित रूप से सहायता राशि प्रदान किया जाना सरकार की वचनबद्धता का प्रमाण है।विधायक जगदलपुर श्री किरण देव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में संचालित योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से माताएं-बहनें आज घर-परिवार को खुशहाल बनाने के साथ प्रदेश के विकास में भी अहम योगदान दे रही हैं। 

कार्यक्रम के आरंभ में महिला एवं बाल विकास विभाग की सचिव श्रीमती शम्मी आबिदी ने विभागीय योजनाओं की जानकारी दी ।

कार्यक्रम के दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की सफलता की कहानियों पर आधारित एक पुस्तिका का विमोचन भी किया गया। महतारी वंदन योजना की हितग्राही महिलाओं ने मुख्यमंत्री को फलों की टोकरी तथा धुरवा तुवाल भेंटकर योजना के लिए आभार व्यक्त किया। 

इस अवसर पर दंतेवाड़ा विधायक श्री चैतराम आटामी, बेवरेज कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष श्री श्रीनिवास राव मद्दी, अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष श्री रूपसिंह मंडावी, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती वेदवती कश्यप, महापौर श्री संजय पांडेय, राज्य लघु वनोपज संघ के अध्यक्ष श्री रूपसाय सलाम, राज्य बीज विकास निगम के अध्यक्ष श्री चंद्रहास चंद्राकर, मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष श्री भरत मटियारा, जिला सहकारी केंद्रीय बैंक बस्तर के अध्यक्ष श्री दिनेश कश्यप, बस्तर संभाग के कमिश्नर श्री डोमन सिंह, आईजी श्री सुंदरराज पी., महिला एवं बाल विकास विभाग की संचालक डॉ. रेणुका श्रीवास्तव  सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी कार्यक्रम में उपस्थित थे।

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संघर्ष, समर्पण और सफलता की मिसाल बनीं जनसंपर्क विभाग की महिलाएं : परिवार, समाज और सरकारी दायित्वों के बीच संतुलन बनाकर लिख रहीं उपलब्धियों की नई इबारत

रायपुर, 8 मार्च, 2026/
आज के दौर में महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा और क्षमता का परिचय दे रही हैं। जनसंपर्क विभाग में कार्यरत महिला अधिकारी और कर्मचारी भी अपने संघर्ष, जीवटता और जुनून से सफलता की नई मिसाल कायम कर रही हैं। वे न केवल अपने कार्यालयीन दायित्वों को पूरी जिम्मेदारी और दक्षता के साथ निभा रही हैं, बल्कि परिवार और समाज के साथ भी बेहतर सामंजस्य स्थापित कर रही हैं।

जनसंपर्क विभाग की महिलाएं प्रशासन और आम जनता के बीच संवाद स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। 

सरकारी योजनाओं और उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए वे निरंतर सक्रिय रहती हैं। समाचार लेखन, फोटोग्राफी, कार्यक्रमों का समन्वय, मीडिया प्रबंधन और जनहितकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार जैसे कई महत्वपूर्ण कार्यों को वे कुशलता से संभालती हैं।

इसके साथ ही घर की जिम्मेदारियों को निभाना भी उनके लिए उतना ही महत्वपूर्ण है। परिवार की देखभाल, बच्चों की पढ़ाई और सामाजिक दायित्वों के बीच संतुलन बनाते हुए वे अपने पेशेवर जीवन में भी निरंतर आगे बढ़ रही हैं। यह संतुलन उनके मजबूत आत्मविश्वास, समर्पण और सकारात्मक सोच का परिचायक है।

विभाग की महिला अधिकारी हर्षा पौराणिक, अंजू नायक, इस्मत जहाँ दानी, उषा किरण बड़ाईक,  नीलिमा अग्रवाल, श्रुति ठाकुर, आरती सिंह, दानेश्वरी सम्भाकर, संगीता लकड़ा, कीर्ति पाराशर, तौकीर जाहिद, नूतन सिदार, आमना खातून, रचना मिश्र, वर्षा ठाकुर, देविका मरावी, मेघा यादव और भारती साहू जैसे अधिकारी राजभवन, मंत्रालय हो या फिर देश की राजधानी दिल्ली हो या प्रदेश की वीआईपी जिला जशपुर हो या दूरस्थ जिला बलरामपुर, सरगुजा, न्यायधानी बिलासपुर हो या संस्कारधानी राजनांदगांव हो या सतनाम के प्रवर्तक बाबा गुरुघासीदास के गृह जिला बलौदाबाजार- भाटापारा हो या देश की सबसे महत्वपूर्ण इस्पात संयंत्र स्थापित दुर्ग जैसे जिलों में जिम्मेदारियां संभाल रही हैं।

इसी तरह जनसंपर्क विभाग की सहयोगी संस्था छत्तीसगढ़ संवाद में क्रिएटिव कार्यों और शासन की प्रचार-प्रसार गतिविधियों में अपेक्षाकृत लो-प्रोफाइल में रहकर भी महत्वपूर्ण योगदान देने वाली गीतांजलि नेताम और अंजु मानिकपुरी जैसी कर्मयोगी महिलाएं भी अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा से कर रही हैं। युवाओं के पसंदीदा साप्ताहिक पत्रिका रोजगार नियोजन की जिम्मेदारी विगत 24-25 बरस से निभा रही हैं। अवकाश दिवस हो या फिर कोई महत्वपूर्ण शासकीय अवसर, इन महिला कर्मियों की भूमिका और भी बढ़ जाती है।

सरकार, शासन, प्रशासन की महत्वपूर्ण योजनाओं, उपलब्धियों को आम लोगों तक पहुंचाने वाले इन महिला कर्मियों को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर याद करना उनके कार्यो, समर्पण का सम्मान है।

महिलाओं की यही मेहनत और लगन उन्हें समाज में एक अलग पहचान दिला रही है। आज वे केवल अपने परिवार की ही नहीं, बल्कि पूरे समाज की प्रेरणा बन रही हैं। उनके संघर्ष और सफलता की कहानियां यह संदेश देती हैं कि यदि दृढ़ इच्छाशक्ति और परिश्रम हो तो महिलाएं हर क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को हासिल कर सकती हैं।

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