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आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र जशपुर के आदिवासियों के शारीरिक व मानसिक विकास में होगे सहायक,देश के लिए जशपुर बनेगा माडल : प्रियंवदा सिंह जूदेव

जशपुरनगरः 13 सितम्बर 2025 - आदिवासी बाहुल्य जशपुर जिले में आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र विकासीत किया जाएगा। बुनियादी सुविधा सहित आधुनिक सुविधाओं से लैस इन आंगनबाड़ी केंद्रों में शहर से लेकर ग्रामीण अंचल तक के बच्चों के स्वास्थ्य के साथ मानसिक विकास के लिए प्रदेश के साथ पूरे देश के लिए एक आदर्श उदाहरण बन सकेगें। राज्य महिला आयोग की सदस्य प्रियंवदा सिंह जूदेव ने यह प्रस्ताव छत्तीसगढ़ की महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े को दिया है। मंत्री राजवाड़े शुक्रवार को एक दिवसीय प्रवास पर जशपुर पहुंची थी। शहर के सर्किट हाउस में मंत्री से मुलाकात के दौरान प्रियंवदा सिंह जूदेव ने बताया कि आदिवासी बाहुल्य जशपुर जिले में आदिवासियों के साथ पहाड़ी कोरवा,बिरहोर जैसे विशेष संरक्षित जनजातियां निवास करती है। जो आर्थिक और शैक्षणिक दृष्टिकोण से अब भी पिछड़ी हुई है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की नेतृत्व वाली केंद्र सरकार और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की राज्य सरकार ऐसे जनजातियों को विकास की मुख्यधारा में जोड़ना प्राथमिकता सूची में शामिल है। आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र इन जातियों के बच्चों को कुपोषण से मुक्ति दिलाने के साथ ही इनके मानसिक व शारीरिक विकास में अहम भूमिका निभाएंगें। इस दौरान जशपुर की विधायक रायमुनि भगत,कृष्ण कुमार राय,नगरपालिका जशपुर के उपाध्यक्ष यशप्रताप सिंह जूदेव,भाजपा के जिला प्रवक्ता ओम प्रकाश सिन्हा,दीपक गुप्ता, मंडल अध्यक्ष मुकेश सोनी,अभिषेक गुप्ता,शरद चौरसिया, नीज सचिव राजेश सिन्हा सहित भाजपा के कार्यकर्ता उपस्थित थे।
इन सुविधाओं से होगा लैस -
     प्रियंवदा सिंह जूदेव ने बताया कि प्रस्तावित आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र में बेहतर रंग-रोगन के साथ आकर्षक चित्रकारी होगा। इसके साथ बच्चों के बैठने के लिए कुर्सी-टेबल के साथ एक टेलीविजन उपलब्ध कराया जाएगा। इससे बच्चों को गीत-संगीत के माध्यम से शिक्षा दी जा सकेगी। उन्होनें बताया कि एक आंगनबाड़ी केंद्र को आदर्श केंद्र के रूप में विकसीत करने में एक लाख रूपये खर्च होने का अनुमान लगाया गया है।

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मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने दिवंगत श्रीमती शशिकला साय को दी श्रद्धांजलि

   जशपुरनगर, 13 सितंबर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज ग्राम बंदरचुआं‌ पहुंचकर दिवंगत श्रीमती शशिकला साय के श्रद्धांजलि कार्यक्रम में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने उनके  छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और  शोकाकुल परिवारजनों से मिलकर अपनी संवेदना व्यक्त की। मुख्यमंत्री ने ईश्वर से प्रार्थना की कि परिवारजनों को इस दुख को सहने की शक्ति प्रदान करें।
    इस अवसर पर विधायक श्रीमती गोमती साय ने भी दिवंगत श्रीमती शशिकला साय के चित्र पर पुष्प अर्पित कर  श्रद्धांजलि दी। स्वर्गवासी श्रीमती शशिकला साय, मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के भतीजे श्री कृष्णकांत साय की धर्मपत्नी थीं।

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मुख्यमंत्री ने तीन दिवसीय डेंटल कॉन्फ्रेंस 2025 का किया शुभारंभ....मानव मुस्कान को सुरक्षित रखने और सहेजने में दंत चिकित्सकों की भूमिका महत्वपूर्ण

रायपुर, 13 सितम्बर 2025// मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि प्रदेश की 3 करोड़ जनता के आरोग्य के साथ हम विकसित छत्तीसगढ़ का सपना साकार करेंगे। पिछले 20 महीनों में प्रदेश की स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत करते हुए दुर्गम अंचलों तक स्वास्थ्य सेवाओं को पहुंचाने का कार्य हमारी सरकार ने किया है।

मुख्यमंत्री श्री साय आज राजधानी रायपुर के एक निजी होटल में आयोजित तीन दिवसीय डेंटल कॉन्फ्रेंस 2025 का शुभारंभ कर कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने दंत चिकित्सा और दांतों की देखभाल से जुड़े उपयोगी उपकरणों की प्रदर्शनी का अवलोकन किया तथा डेंटल एसोसिएशन की वार्षिक स्मारिका का विमोचन भी किया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सरकार बनने के पहले दिन से ही हमने प्रदेशवासियों के स्वास्थ्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। प्रदेश में पांच नए मेडिकल कॉलेजों की स्वीकृति दी गई है, साथ ही फिजियोथैरेपी, नर्सिंग और मदर-चाइल्ड हॉस्पिटल जैसे संस्थानों की स्थापना की जा रही है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ छत्तीसगढ़ के साथ ही हम प्रगति की भी बात कर रहे हैं।

उन्होंने बताया कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का तेजी से विस्तार हुआ है। वर्ष 2000 में जहां केवल एक मेडिकल कॉलेज था, वहीं आज 15 मेडिकल कॉलेज स्थापित हो चुके हैं। आयुष्मान भारत योजना और प्रधानमंत्री वय वंदना योजना से मरीजों और बुजुर्गों को निःशुल्क इलाज की सुविधा मिल रही है। वहीं, सस्ती जेनेरिक दवाइयां आम जनता को राहत प्रदान कर रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का उल्लेख करते हुए कहा कि पान मसाला, गुटखा और तंबाकू की वजह से मुँह के कैंसर के मामले लगातार बढ़ रहे हैं।उन्होंने कहा कि  दाँतों की देखभाल और सुंदर मुस्कान देने में दंत चिकित्सकों की अहम भूमिका है।उन्होंने चिकित्सकों से आह्वान किया कि इस दिशा में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाएँ।

उन्होंने भावुक होकर अपने संसदीय कार्यकाल की स्मृतियाँ साझा कीं। उन्होंने बताया कि 1999 में जब श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी प्रधानमंत्री थे, उस समय एम्स दिल्ली पर पूरे देश के मरीजों का दबाव था। तब हमने संसद में निवेदन किया था कि छत्तीसगढ़ में भी एम्स की स्थापना हो। सौभाग्य से 1 नवम्बर 2000 को राज्य गठन के बाद पहली किस्त में छह राज्यों को एम्स की सौगात मिली और छत्तीसगढ़ को भी यह ऐतिहासिक उपलब्धि प्राप्त हुई।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प लिया है। इसी दिशा में छत्तीसगढ़ सरकार ने ‘छत्तीसगढ़ विजन 2047’ डॉक्यूमेंट तैयार किया और 10 मिशन बनाकर प्रदेश को आगे बढ़ाने का लक्ष्य निर्धारित किया है।

श्री साय ने कहा कि वर्तमान में प्रदेश का जीएसडीपी 5 लाख करोड़ है, जिसे वर्ष 2047 तक 75 लाख करोड़ तक पहुंचाने का लक्ष्य है। इस दिशा में हम पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ खनिज और वन संपदा से समृद्ध है, मेहनतकश किसान और परिश्रमी जनता इसकी असली ताकत हैं। “छत्तीसगढ़िया सबसे बढ़िया” की कहावत को दोहराते हुए उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश 2047 तक अपने लक्ष्यों को अवश्य प्राप्त करेगा।

जीएसटी सुधारों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में जीएसटी के स्लैब को 5 और 18 प्रतिशत में एकरूप किया गया है। इससे व्यापार और कृषि क्षेत्र को लाभ मिलेगा तथा व्यावसायिक गतिविधियाँ सरल होंगी। यह प्रधानमंत्री की दूरदृष्टि को दर्शाता है, जो भारत को आर्थिक रूप से और अधिक मजबूत बनाएगा।

मुख्यमंत्री श्री साय ने अंत में कहा कि “मानव की मुस्कान सबसे कीमती है और उसे सुरक्षित रखने व सहेजने में दंत चिकित्सकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।” उन्होंने कहा कि तीन दिवसीय इस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से दंत चिकित्सक मुँह और दाँत से जुड़ी बीमारियों पर विस्तृत चर्चा करेंगे और उनके उपचार की दिशा में नए संभावनाओं के द्वार खुलेंगे।

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सेवाओं की लगातार समीक्षा कर रहे हैं और नक्सल प्रभावित व दूरस्थ अंचलों तक गुणवत्तापूर्ण सुविधाएँ पहुंचाई जा रही हैं। उन्होंने बताया कि बस्तर में 20 विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति की गई है और यह हमारे प्रयासों का प्रमाण है कि सुकमा जिले के चिंतागुफा स्वास्थ्य केंद्र को एनक्यूएएस सर्टिफिकेट प्राप्त हुआ है।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में पांच नए मेडिकल कॉलेजों की स्वीकृति के साथ अब कुल 15 मेडिकल कॉलेज होंगे। इसके अलावा बिलासपुर में सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, 12 नए नर्सिंग कॉलेज और पाँच फिजियोथैरेपी कॉलेज स्थापित किए जा रहे हैं। श्री जायसवाल ने कहा कि विशेष पिछड़ी जनजाति बहुल क्षेत्रों में मोबाइल मेडिकल यूनिट और दुर्गम क्षेत्रों के लिए बाइक एम्बुलेंस सेवा शुरू की जा रही है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ पूरे देश में सबसे अधिक कैशलेस इलाज सुविधा देने वाला राज्य बन चुका है।

कॉन्फ्रेंस में इंडियन डेंटल एसोसिएशन छत्तीसगढ़ के प्रेसिडेंट डॉ. अरविंद कुमार, पूर्व प्रेसिडेंट डॉ. राजीव सिंह, कॉन्फ्रेंस के चेयरमैन डॉ. वैभव तिवारी सहित बड़ी संख्या में देशभर से आए दंत चिकित्सक उपस्थित रहे।

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स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय जशपुरनगर में 70 छात्राओं को सरस्वती साइकिल किया गया वितरण .... 


 जशपुर 13 सितम्बर 2025:  जिला मुख्यालय में स्थित स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम नवीन आदर्श उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय जशपुरनगर में नगर पालिका अध्यक्ष अरविंद भगत के मुख्य आतिथ्य में निः शुल्क सरस्वती साइकिल वितरण योजना के तहत आयोजित कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। साथ ही इस कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में पूर्व नगर पालिका उपाध्यक्ष व वर्तमान पार्षद राजेश गुप्ता, सरहुल समिति के जिला उपाध्यक्ष मैनेजर राम  एवं समाज सेवक संतोष ओहदार भी उपस्थित रहे।

 इस कार्यक्रम में कक्षा नवमी में अध्यनरत  70 बालिकाओं को राज्य सरकार द्वारा संचालित सरस्वती साइकिल योजना के तहत निः शुल्क साइकिल का वितरण किया गया। मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित नगर पालिका अध्यक्ष अरविंद भगत ने कहा कि सरकार के द्वारा बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में यह कारगर कदम है, उन्होंने सभी बालिकाओं और उनके पालकों को बधाई दी, विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्तिथ  नगर पालिका जशपुर के पूर्व उपाध्यक्ष व वर्तमान पार्षद राजेश गुप्ता ने कहा कि इस योजना का लाभ  प्रत्यक्ष रूप से बालिकाओं को मिल रहा है जिससे वे पढ़ाई को नियमित रूप जारी रख सकें। संस्था के प्राचार्य विनोद कुमार गुप्ता ने कहा कि प्रतिवर्ष कक्षा नवमी की पात्र बालिकाओं को सरस्वती साइकिल योजना के तहत निःशुल्क सायकिल वितरित किया जाता है, इस योजना से शाला त्यागी बालिकाओं का प्रतिशत शून्य हुवा है और उनकी नियमित उपस्तिथि में भी वृद्धि दर्ज की गयी है। इस अवसर पर पात्र बालिकायें व उनके अभिभावक उपस्थित थे। इस कार्यक्रम को सफल बनाने में संस्था के शिक्षक महेश गुप्ता, सूखेश्वर भगत, सुरेश तांडी, प्रभात मिश्रा,जयेश सौरभ टोपनो, समीर टोप्पो, सुदर्शन साय,संगीता यादव,डॉ. विकास पाण्डेय और समस्त शिक्षकों का उल्लेखनीय योगदान रहा।

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मुख्यमंत्री श्री साय से पूज्य संत श्री असंग देव जी ने की सौजन्य भेंट

रायपुर 13 सितम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास में परम पूज्य संत श्री असंग देव जी ने सौजन्य भेंट की। मुख्यमंत्री श्री साय ने शॉल और श्रीफल भेंट कर पूज्य संत श्री असंग देव जी का सम्मान किया तथा प्रदेश की सुख-समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त किया। संत श्री असंग देव जी ने मुख्यमंत्री को गौमाता की प्रतिमा भेंट की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और पूज्य संत श्री असंग देव जी के मध्य विभिन्न आध्यात्मिक विषयों पर सार्थक चर्चा हुई।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब तथा बड़ी संख्या में संत असंग देव जी के अनुयायी संतगण भी उपस्थित थे।

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मंत्रिमंडलीय उप समिति की बैठक में हुआ निर्णय पंजीकृत किसानों से होगी समर्थन मूल्य पर धान खरीदी

रायपुर, 12 सितम्बर 2025/ खाद्य मंत्री श्री दयालदास बघेल की अध्यक्षता में धान खरीदी एवं कस्टम मिलिंग की नीति निर्धारण से संबंधित निर्णय लेने हेतु गठित मंत्रिमंडलीय उप समिति की बैठक आज मंत्रालय महानदी भवन में संपन्न हुई। बैठक में कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम, स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल, वित्त मंत्री श्री ओ. पी. चौधरी तथा राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा उपस्थित थे।

बैठक में आगामी खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में पंजीकृत किसानों से भारत सरकार द्वारा घोषित समर्थन मूल्य पर धान खरीदी किए जाने के लिए समुचित एवं पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। खरीफ वर्ष 2025-26 में किसानों का पंजीकरण एग्रीस्टेक पोर्टल के साथ-साथ एकीकृत किसान पोर्टल में किया जाएगा। किसान पंजीकरण का कार्य निर्धारित समय-सीमा में संपन्न करने हेतु व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश भी दिए गए।

बैठक में यह भी निर्देशित किया गया कि किसानों को उनके द्वारा समर्थन मूल्य पर बेचे गए धान का भुगतान समय पर प्राप्त हो, इसके लिए आवश्यक प्रबंध किए जाएँ। धान उपार्जन के लिए आवश्यक नये एवं पुराने जूट बारदाने की व्यवस्था समयानुसार सुनिश्चित करने की जानकारी दी गई। धान की रिसाइक्लिंग रोकने हेतु प्रभावी प्रबंध करने और सीमावर्ती क्षेत्रों में अवैध धान की रोकथाम के लिए विशेष जाँच दल गठित करने के निर्देश दिए गए। इसी प्रकार, उपार्जित धान की मिलिंग हेतु आवश्यक तैयारियाँ करने पर भी बल दिया गया।

इस अवसर पर बैठक में सचिव खाद्य विभाग श्रीमती रीना बाबा साहेब कंगाले, सचिव वित्त विभाग श्री मुकेश बंसल, सचिव वाणिज्य एवं उद्योग विभाग श्री रजत कुमार, प्रबंध संचालक छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी विपणन संघ श्रीमती किरण कौशल, संयुक्त सचिव कृषि विभाग श्री राहुल देव तथा प्रबंध संचालक अपेक्स बैंक श्री के. एन. कांडे उपस्थित थे।

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मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव ने नक्सल प्रभावित जिलों में विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर:गांव-गांव तक योजनाओं की पहुँच सुनिश्चित करने के निर्देश

रायपुर, 12 सितंबर 2025/ मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह ने आज मंत्रालय महानदी भवन में राज्य के नक्सल प्रभावित जिलों में विकास कार्यों की समीक्षा की। बैठक में बस्तर, सुकमा, दक्षिण बस्तर, दंतेवाड़ा, उत्तर बस्तर कांकेर, नारायणपुर, कोंडागांव, बीजापुर, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी और गरियाबंद जिलों में हितग्राही मूलक कार्यक्रमों और योजनाओं की समीक्षा की गई।

प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह ने नक्सल प्रभावित जिलों में मनरेगा, आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड, उज्ज्वला योजना, जनधन खाता, प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, आधार कार्ड सहित अन्य हितग्राही मूलक कार्यक्रमों की विस्तार से समीक्षा की।

बैठक में बताया गया कि एलडब्ल्यूई प्रभावित जिलों में लगभग 99 प्रतिशत से अधिक लोगों का आधार पंजीकरण पूरा कर लिया गया है। इसी प्रकार लगभग 28 लाख 18 हजार 616 किसानों का प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के अंतर्गत पंजीकरण कर उन्हें योजना का लाभ दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री जनधन योजना के तहत 26 लाख 21 हजार 491 हितग्राहियों के बैंक खाते खोले गए हैं। आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत 35 लाख 66 हजार 409 हितग्राहियों को गंभीर बीमारियों के उपचार की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। ग्रामीण इलाकों में मोबाइल कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए मोबाइल टावर स्थापित किए जा रहे हैं। क्षेत्र में लोगों को अधिक से अधिक बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराने हेतु विभिन्न बैंकों और डाकघरों की शाखाएं खोली जा रही हैं। सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत सभी पात्र हितग्राहियों को नियमित रूप से खाद्यान्न उपलब्ध कराने के लिए राशन कार्ड बनाए गए हैं।

बैठक में प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह ने निर्देशित किया कि क्षेत्र के सभी पात्र मनरेगा हितग्राहियों को रोजगार उपलब्ध कराने हेतु उनका जॉब कार्ड अवश्य प्रदान किया जाए। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत स्वीकृत सभी आवासों का निर्माण कार्य शीघ्र पूरा किया जाए तथा सभी आत्मसमर्पित नक्सलियों को प्रधानमंत्री आवास उपलब्ध कराए जाएं।

उन्होंने निर्देश दिया कि महतारी वंदन योजना के अंतर्गत शेष हितग्राहियों का शीघ्र सर्वे कर उन्हें लाभान्वित किया जाए। आत्मसमर्पित नक्सलियों को कौशल विकास योजना के तहत क्षेत्रीय आवश्यकताओं के अनुरूप विशेष ट्रेडों में प्रशिक्षण दिया जाए। प्राथमिक और माध्यमिक स्तर की भवन-विहीन शालाओं के भवन शीघ्र निर्मित किए जाएं और यह सुनिश्चित किया जाए कि प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालय एक ही परिसर में हों।

वीडियो कांफ्रेंस में मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, वित्त विभाग के सचिव श्री मुकेश बंसल, शिक्षा विभाग के सचिव श्री सिद्धार्थ कोमल परदेशी, लोक निर्माण विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, उच्च शिक्षा, कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. एस. भारतीदासन, श्रम विभाग के सचिव श्री हिमशिखर गुप्ता, मुख्यमंत्री के संयुक्त सचिव डॉ. रवि मित्तल, आयुक्त बस्तर संभाग तथा पुलिस महानिरीक्षक बस्तर रेंज सहित बस्तर, सुकमा, दक्षिण बस्तर, दंतेवाड़ा, उत्तर बस्तर कांकेर, नारायणपुर, कोंडागांव, बीजापुर, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी और गरियाबंद जिलों के कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक शामिल थे।

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महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने जशपुर जिले के रूपसेरा और लोदाम आंगनबाड़ी केंद्रों का किया औचक निरीक्षण

रायपुर, 12 सितम्बर 2025/ महिला एवं बाल विकास और समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े इन दिनों विभागीय योजनाओं की जमीनी हकीक़त देखने सरगुजा संभाग के दौरे पर हैं। इसी कड़ी में उन्होंने आज जशपुर जिले के ग्राम रूपसेरा और लोदाम स्थित आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण किया।


निरीक्षण के दौरान मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने बच्चों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं, पोषण आहार वितरण व्यवस्था, स्वास्थ्य परीक्षण, शिक्षा संबंधी गतिविधियों, स्वच्छता व्यवस्था तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा संचालित सेवाओं का विस्तार से अवलोकन किया।इस दौरान मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने मासूम बच्चों को गोद में लेकर दुलार किया और उन्हें चॉकलेट भी वितरित की। उनके इस स्नेहिल व्यवहार से बच्चे बेहद खुश नज़र आए और केंद्र का माहौल उत्साहपूर्ण हो गया। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के भविष्य को आकार देने की पहली पाठशाला है, इसे और सशक्त बनाना हमारी साझा जिम्मेदारी है।

भ्रमण के दौरान मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने स्पष्ट निर्देश दिए कि बच्चों से संबंधित किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों की सुदृढ़ व्यवस्था ही बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की नींव है। इस कड़ी में उन्होंने ग्राम रूपसेरा एवं लोदाम के आंगनबाड़ी केंद्रों को और अधिक सक्षम एवं सुव्यवस्थित बनाने हेतु संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से कहा कि हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण पोषण और शिक्षा उपलब्ध कराना ही विभाग का मूल उद्देश्य है, इसमें किसी प्रकार की ढिलाई स्वीकार्य नहीं होगी।

क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों एवं ग्रामीणजनों की उपस्थिति में हुए इस निरीक्षण के दौरान मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि राज्य सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता है कि प्रत्येक बच्चा स्वस्थ, शिक्षित और सुरक्षित वातावरण में बड़ा हो। इसके लिए शासन की ओर से सभी आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं।

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एस डी एम कुनकुरी ने दुलदुला ब्लाक के प्रधान पाठकों की बैठक लेकर दिए आवश्यक निर्देश 

जशपुर 12 सितम्बर 2025 : आज कलेक्टर जशपुर के निर्देशानुसार विकास खण्ड शिक्षा कार्यालय दुलदुला के बी आर सी सी सभा कक्ष में अनुविभागीय अधिकारी(राजस्व) कुनकुरी द्वारा विकास खण्ड के समस्त उच्च प्राथमिक शालों के प्रधान पाठकों व संकुल शैक्षिक समन्वयकों का समीक्षा बैठक लिया गया । बैठक में विकास खण्ड शिक्षा अधिकारी, सहायक विकास खण्ड शिक्षा अधिकारी व विकास खण्ड स्रोत समन्वयक ने यशस्वी जशपुर के शैक्षणिक गुणवत्ता से सम्बंधित सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं को शालावार जानकारियां लिए। अनुविभागीय अधिकारी ने शैक्षणिक गतिविधियों के अलावा बच्चों में नवाचार व सृजनात्मकता पर जोर देने की बात कही। विकास खण्ड शिक्षा अधिकारी श्री हेमन्त कुमार नायक ने शालाओं में पॉस्को एक्ट, लैंगिक उत्पीड़न निवारण समिति का गठन, मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता  सहित बच्चों के स्वास्थ्य व स्वच्छता के प्रति जागरूकता , शिक्षकों की शालाओं में समय पर उपस्थिति,इंस्पायर अवार्ड में पंजीयन व विभिन्न विभागीय जानकारी की विस्तृत रूप से बताया एवं उस पर अक्षरतः पालन करने के निर्देश दिए।

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जशपुर विधायक,कलेक्टर एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की उपस्थिति में नवरात्रि एवं दशहरा पर्व की तैयारी को लेकर दशहरा उत्सव समिति की बैठक आयोजित की गई।

जशपुर 12 सितम्बर 25/ विधायक जशपुर श्रीमती रायमुनी भगत और कलेक्टर श्री रोहित व्यास और एस एस पी श्री शशि मोहन सिंह ने आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में दशहरा समिति की बैठक ली कलेक्टर ने कहा कि जिले में दशहरा पर्व परंपरागत और उत्साह से मनाया जाएगा। उन्होंने समिति की मांगों के अनुरूप संबंधित अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएँ सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। 
इसमें पार्किंग, बिजली व्यवस्था, आपातकालीन स्थिति हेतु स्वास्थ्य विभाग की टीम व एम्बुलेंस, बेरिकेटिंग, फायर ब्रिगेड की सुविधा एवं शहर की स्वच्छता शामिल है। नगर निगम एवं जनपद सीईओ को विशेष साफ-सफाई करने और वन विभाग को पेड़ों की छंटाई करने के निर्देश दिए गए। साथ ही, शहर में लगे अनाधिकृत बैनर-पोस्टरों को हटाने की कार्यवाही के निर्देश भी दिए।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह ने दशहरा समिति को सुरक्षित आतिशबाजी, मंच व्यवस्था प्रबंधन पर विशेष ध्यान देने को कहा, जिससे किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो। साथ ही उन्होंने परिवहन विभाग और सड़क सुरक्षा को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष श्री अरविंद भगत, अध्यक्ष दशहरा उत्सव समिति श्री कृष्ण कुमार राय, सहायक कलेक्टर श्री अनिकेत अंकित, एसडीएम श्री विश्वास राव मस्के सहित जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।

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कांग्रेसी नेता विनयशील के आपत्तिजनक फेसबुक पोस्ट से अग्रवाल समाज का फूटा गुस्सा, पुतला दहन कर एफआईआर दर्ज करने की मांग...

जशपुरनगर11 सितम्बर 2025 :  कुनकुरी के कांग्रेसी नगर पंचायत अध्यक्ष विनयशील की आपत्तिजनक फेसबुक पोस्ट से अग्रवाल समाज का आक्रोश फूटा है।आज गुरुवार को समाज के सैकड़ों लोग सड़कों पर उतरे, और जय स्तम्भ चौक पर विनयशील का पुतला दहन किया और कड़ी नारेबाजी के साथ विरोध प्रदर्शन किया।
       इसके बाद आक्रोशित समाजजन रैली की शक्ल में कुनकुरी थाना पहुँचे और थाना प्रभारी को आवेदन सौंपते हुए विनयशील के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दर्ज करने की मांग की।अग्रवाल सभा कुनकुरी के अध्यक्ष विनोद कुमार अग्रवाल, पूर्व अध्यक्ष मुरारीलाल अग्रवाल, राधेश्याम जिंदल और बृजभूषण अग्रवाल ने आवेदन में कहा कि विनयशील ने फेसबुक पर भड़काऊ और अमर्यादित पोस्ट लिखी। पोस्ट में उन्होंने लिखा 
“बीजेपी के लिए एक अग्रवाल की जान की कीमत 50 लाख है और एक आदिवासी, ओबीसी यादव और कुम्हार की जान की कीमत 5 लाख है।” अग्रवाल समाज ने इस बयान को सीधी मानहानि करार देते हुए कहा कि यह पोस्ट न केवल समाज की प्रतिष्ठा को ठेस पहुँचाने वाली है बल्कि जातीय विद्वेष फैलाने और शांति व्यवस्था भंग करने की साजिश है।प्रार्थियों ने स्पष्ट किया कि यह कृत्य बीएनएस की धारा 95 और 106 के तहत दंडनीय अपराध है। उन्होंने थाना प्रभारी से विनयशील के खिलाफ मानहानि का मामला दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की।

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छत्तीसगढ़ की नई औद्योगिक नीति से लाभान्वित हुए युवा उद्यमी,बीजापुर में 6 टन प्रतिघंटा क्षमता के राइस मिल की स्थापना करेंगे गीदम के सोहैल रिजवी

रायपुर 11 सितम्बर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य की औद्योगिक विकास को सर्वाधिक सम्भावनाओं से युक्त बस्तर अंचल के दूरस्थ ईलाके तक पहुंचाने की पहल का सुखद परिणाम अब धरातल पर परिलक्षित हो रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय द्वारा इस महत्ती उद्देश्य पर ध्यान केन्द्रित कर बस्तर क्षेत्र में औद्योगिक विकास की असीम संभावनाओं के मद्देनजर इस वर्ष बीते छह महीने पहले यहां के उद्योगपति, व्यवसायियों, नव उद्यमियों के साथ ही स्टार्टअप से जुड़े युवाओं से संवाद कर सकारात्मक प्रयास किया गया था। इन सभी सार्थक प्रयासों के फलस्वरूप गुरुवार को जगदलपुर में आयोजित छत्तीसगढ़ इनवेस्टर कनेक्ट बस्तर कार्यक्रम के दौरान करीब 1000 हजार करोड़ रुपए के निवेश प्रस्तावों की स्वीकृति पत्र निवेशकों को प्रदान किए गए। जिसमें बस्तर क्षेत्र के कोंडागांव जिले की युवा महिला उद्यमी रागिनी जायसवाल सहित माओवाद प्रभावित बीजापुर जिले में सोहैल रिजवी जैसे स्थानीय उद्यमी शामिल हैं जिन्होंने इन सुदूर ईलाके में स्वरोजगार के अवसर को अपनाने के लिए चुनौती स्वीकार किया है। कोंडागांव निवासी युवा महिला उद्यमी रागिनी बीते एक वर्ष पहले शासन की प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण योजना से लाभान्वित होकर स्थानीय उत्पादों पर आधारित फिटनेस एंड न्यूट्रिशन यूनिट स्थापित कर  गर्भवती एवं पोषक माताओं सहित बच्चों को हेल्दी फूड उपलब्ध करवा रही हैं। रागिनी ने अपने इस यूनिट के लिए शासन की योजनांतर्गत 09.53 लाख रुपए की सहायता ली है, जिसमें 35 प्रतिशत अनुदान समाहित है। वहीं दंतेवाड़ा जिले के अंतर्गत गीदम के युवा उद्यमी सोहैल रिजवी बीजापुर में एक आधुनिक राइस मिल की स्थापना करने जा रहे हैं। इस राइस मिल की क्षमता प्रतिघंटा 6 टन होगी, जिसकी स्थापना पर लगभग 06 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। इस परियोजना में शासन से 90 लाख रुपये का अनुदान भी प्राप्त होगा। इस राइस मिल के शुरू होने से क्षेत्र में 50 से 60 लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार मिलने की उम्मीद है।

        रागिनी बताती हैं कि स्थानीय परम्परागत ग्रामीण परिवेश से जुड़े परिवार तथा जन्मभूमि बस्तर होने के फलस्वरूप यहां के वनोत्पाद, आर्गेनिक कृषि उत्पाद तथा जड़ी बूटी की अच्छी जानकारी होने के साथ ही बस्तर के रहवासियों की नियमित जरूरतों एवं खानपान से पूरी तरह वाकिफ होने और प्रसंस्करण की अभिरुचि के कारण सबसे पहले माताओं एवं बच्चों की पोषण पर स्टार्टअप करने का निर्णय लिया और अब कोंडागांव में स्वयं के उत्पाद तैयार कर हेल्दी फूड कार्नर के जरिए आत्मनिर्भर बनने की ओर अग्रसर हैं। रागिनी ने बताया कि वह 10 सदस्यीय परिवार जिसमें माता-पिता और दो भाइयों का सहयोग उसे आगे बढ़ने की प्रेरणा दे रही है और अब स्वयं को स्वरोजगार से जोड़कर काफी गौरवान्वित महसूस करती हैं। रागिनी कहती हैं कि वह बस्तर अंचल में सबसे ज्यादा जरूरी पोषण सम्बन्धी सेवाओं को समर्पित होकर लगातार जारी रखेंगी। वहीं दंतेवाड़ा जिले के निवासी सोहैल के पिता ने 17 वर्ष पहले गीदम में राइस मिल की स्थापना की थी, जिसके बाद सोहैल ने अपनी पढ़ाई पूरी करने के उपरांत इस पारिवारिक व्यवसाय को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया। बीजापुर में इस नए उद्यम की स्थापना की योजना को उन्होंने अब अमलीजामा पहनाया है।
इसके साथ ही, सोहैल 3 करोड़ रुपये की लागत से फ्लाई ऐश ब्रिक्स का कारोबार भी संचालित कर रहे हैं, जो उनके उद्यमशीलता के दृष्टिकोण को दर्शाता है। इस राइस मिल के शुरू होने से न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा, बल्कि क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। युवा स्टार्टअप रागिनी और सोहैल रिजवी का यह प्रयास सरकार के सुरक्षित, पारदर्शी एवं आकर्षक नवीन औद्योगिक नीति के साथ ही सकारात्मक पहल के दूरगामी एवं शुरुआती नतीजे हैं जो भविष्य में स्थानीय उद्योग और रोजगार सृजन के क्षेत्र में मील के पत्थर साबित होंगे।

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मुख्यमंत्री श्री साय 97वीं नेशनल कॉन्फ्रेंस “फोरम ऑफ रेगुलेटर्स” की बैठक में हुए शामिल....ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देना हमारा लक्ष्य

रायपुर, 11 सितंबर 2025/छत्तीसगढ़ विद्युत उत्पादन के मामले में देश के अग्रणी राज्यों में से एक है। प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत मार्च 2027 तक प्रदेश के 1 लाख 30 हजार घरों की छतों पर सौर पैनल लगाने का लक्ष्य रखा गया है, लेकिन हमारा प्रयास इससे भी आगे बढ़कर इसे 5 लाख छतों तक पहुँचाने का है। इस योजना के अंतर्गत उपभोक्ताओं को बड़ी सब्सिडी दी जा रही है। 1 किलोवॉट से 3 किलोवॉट क्षमता तक के सोलर संयंत्र लगाने पर 30 हजार से लेकर 78 हजार रुपये तक की केंद्रीय सहायता सीधे बैंक खाते में दी जा रही है। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ सरकार भी अतिरिक्त सब्सिडी दे रही है। इससे उपभोक्ताओं को कुल लागत का 75 प्रतिशत तक सब्सिडी मिल रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने नवा रायपुर में आयोजित 97वीं नेशनल कॉन्फ्रेंस “फोरम ऑफ रेगुलेटर्स” को संबोधित करते हुए यह बात कही।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आज हम अपने राज्य स्थापना का रजत जयंती वर्ष मना रहे हैं। इन 25 वर्षों में हमारी उत्पादन क्षमता करीब 30,000 मेगावाट तक पहुँच गई है। स्टेट सेक्टर, निजी क्षेत्र और केंद्रीय सेक्टर की भागीदारी से आज छत्तीसगढ़ की धरती से 30 हजार मेगावाट से अधिक बिजली का उत्पादन हो रहा है। हाल ही में हमने 32 हजार मेगावाट से अधिक क्षमता वाले बिजलीघरों की स्थापना के लिए एमओयू किए हैं। इनमें ताप विद्युत, पंप स्टोरेज, परमाणु, बैटरी स्टोरेज और सौर ऊर्जा परियोजनाएँ शामिल हैं। हमारा लक्ष्य आने वाले वर्षों में 60 हजार मेगावाट से अधिक बिजली उत्पादन करने वाला राज्य बनने का है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने आगे कहा कि प्रति व्यक्ति बिजली खपत के मामले में छत्तीसगढ़ देश से काफी आगे है। यहाँ खपत 2,211 यूनिट है, जबकि भारत में यह औसत केवल 1,255 यूनिट है। छत्तीसगढ़ अपनी आवश्यकता से अधिक बिजली का उत्पादन कर रहा है और देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। हम अपने राज्य के साथ ही पड़ोसी राज्यों को भी बिजली उपलब्ध करा रहे हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि दो दिन पहले ही हमने कैबिनेट बैठक में सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए 2030 तक लागू रहने वाली नीति में संशोधन को मंजूरी दी है। इसके तहत नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं को औद्योगिक नीति में प्राथमिकता दी गई है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने देश के विभिन्न राज्यों से आए विद्युत नियामक आयोगों के अध्यक्षगण, पदाधिकारियों और विशेषज्ञों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि देश के ऊर्जा क्षेत्र की प्रगति के लिए जो गहन विचार-विमर्श हुआ है, इसका उपभोक्ताओं सहित हम सभी को दूरगामी लाभ मिलेगा। उन्होंने आयोजन के लिए छत्तीसगढ़ को चुनने हेतु विशेष आभार भी प्रकट किया।

इस अवसर पर केंद्रीय विद्युत नियामक आयोग के अध्यक्ष श्री जिश्नु बरुआ, छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग के अध्यक्ष श्री हेमंत वर्मा, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, ऊर्जा विभाग के सचिव श्री रोहित यादव सहित राज्य विद्युत नियामक आयोग के अन्य सदस्य एवं अन्य राज्यों से आए सदस्यगण उपस्थित थे।

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राज्योत्सव पर होगा भारतीय वायु सेना का शौर्य प्रदर्शन,सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम आसमान में दिखाएगी  आकर्षक करतब

रायपुर, 11 सितंबर 2025/ छत्तीसगढ़ की रजत जयंती वर्ष में आयोजित होने वाले राज्योत्सव पर भारतीय वायु सेना का शौर्य प्रदर्शन होगा। सेना की सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम आसमान में आकर्षक करतब दिखायेगी। इस शौर्य प्रदर्शन में वायु सेना के हेलीकॉप्टर भी हिस्सा लेंगे।

अपर मुख्य सचिव श्री सुब्रत साहू की अध्यक्षता में राज्योत्सव की तैयारियां को लेकर आज मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित बैठक में विमानन विभाग एवं वायु सेना के अधिकारियों ने विभिन्न तकनीकी जानकारी प्रस्तुत की। अपर मुख्य सचिव श्री साहू ने वायु सेना के शौर्य प्रदर्शन के संबंध में संबंधित विभागों के अधिकारियों को तैयारियों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

बैठक में लोक निर्माण, परिवहन, संस्कृति, जनसंपर्क, गृह और सामान्य प्रशासन विभाग सहित जिला प्रशासन रायपुर के अधिकारी शामिल हुए।

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आयुष्मान भारत : मरीजों को लगातार मिल रही है निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ


रायपुर 11 सितंबर 2025/आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत पंजीकृत निजी अस्पतालों द्वारा आयुष्मान कार्डधारक मरीजों का उपचार लगातार किया जा रहा है। वर्तमान में प्रतिदिन लगभग 1,600–1,700 दावे प्रस्तुत किए जा रहे हैं, जिनकी राशि प्रतिदिन 4 करोड़ रुपये से अधिक है।

वित्तीय वर्ष 2025–26 में राज्य सरकार द्वारा अब तक रु. 375 करोड़ जारी किए जा चुके हैं। इस राशि से जुलाई 2025 तक के लगभग रु. 280 करोड़ के दावे भुगतान कर दिए गए हैं। इसके अतिरिक्त, केंद्र सरकार से रु. 130 करोड़ इस सप्ताह प्राप्त होने की संभावना है, जिससे निरंतर अस्पतालों के दावे भी भुगतान किये जाएंगे।

स्वास्थ्य विभाग लगातार इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) के साथ परामर्श कर रहा है और सभी पंजीकृत अस्पताल लाभार्थियों को सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। कोई भी गरीब अथवा कमजोर वर्ग का परिवार आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत नि:शुल्क उपचार से वंचित न हो, यह सुनिश्चित किया गया है। सभी पैनल में शामिल अस्पतालों को निर्देशित किया गया है कि मान्य आयुष्मान कार्डधारकों को कैशलेस उपचार उपलब्ध कराएं और किसी भी प्रकार का शुल्क न लें।

स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार अब तक योजना के नियमों का उल्लंघन करने वाले 118 अस्पतालों के विरुद्ध कार्रवाई की जा चुकी है, जिसमें 24 अस्पतालों का डी-एम्पैनलमेंट तथा 11 अस्पतालों का निलंबन शामिल है। भविष्य में भी नियमों का उल्लंघन करने वाले अस्पतालों पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

राज्य सरकार पूर्णतः प्रतिबद्ध है कि इस महत्वाकांक्षी योजना का लाभ प्रत्येक नागरिक तक पहुंचे और उन्हें गुणवत्तापूर्ण उपचार बिना किसी आर्थिक बोझ के प्राप्त हो।

योजना के बेहतर क्रियान्वयन हेतु राज्य सरकार शीघ्र ही एक स्टेकहोल्डर्स कार्यशाला आयोजित करने जा रही है, जिसमें सभी संबंधित पक्षों के साथ योजनागत मुद्दों और उनके समाधान पर चर्चा की जाएगी।

डा. सुरेंद्र शुक्ला, चेयरमैन, हॉस्पिटल बोर्ड ऑफ इंडिया छत्तीसगढ़ ने बताया कि विभागीय मंत्री की पहल पर 375 करोड़ रुपये जारी कर दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों ने आज यह भी जानकारी दी कि इसके अतिरिक्त 130 करोड़ रुपये केंद्र से आबंटित किए जा चुके हैं, जो इस सप्ताह प्राप्त हो जाएंगे। इस प्रकार लगभग 505 करोड़ रुपये निजी अस्पतालों के लंबित बकाया भुगतान हेतु उपलब्ध हो जाएंगे।

राज्य एवं जिला शाखाओं के प्रतिनिधियों ने मरीजों के हित में लिए गए इस निर्णय का स्वागत किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब शासन द्वारा बकाया राशि का भुगतान सुनिश्चित किया जा चुका है, तो ऐसी स्थिति में मरीजों का निःशुल्क इलाज किसी भी परिस्थिति में बंद नहीं किया जाएगा।

आयुष्मान भारत योजना का लाभ हर पात्र परिवार तक पहुँचे और कोई भी नागरिक आर्थिक तंगी के कारण इलाज से वंचित न रहे, इसके लिए राज्य सरकार दृढ़ संकल्पित है। पारदर्शी भुगतान व्यवस्था, सख्त निगरानी और निरंतर सुधार के माध्यम से सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि प्रदेश में निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा सभी नागरिकों को उपलब्ध हो।

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सीएम कैंप कार्यालय की त्वरित पहल, अंधेरे में डूबा गांव हुआ रोशन – ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का जताया आभार


जशपुरनगर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में जनसमस्याओं के निराकरण के लिए स्थापित सीएम कैंप कार्यालय बगिया अब क्षेत्र के लोगों के लिए आशा और विश्वास का केंद्र बन गया है।ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुनने और उनका त्वरित समाधान करने की वजह से आमजन सीधे राहत महसूस कर रहे हैं।हाल ही में जिले के फरसाबहार तहसील क्षेत्र के ग्राम अंकिरा के ग्रामीण बिजली ट्रांसफार्मर खराब की समस्या से जूझ रहे थे,और समस्या को सीएम कैंप कार्यालय बगिया को अवगत कराया था।जिसके बाद गंभीरता से लेते हुए विद्युत बहाल करने के लिए विभाग को निर्देशित किया था।जिस पर विभाग ने दूसरे ही दिन त्वरित कार्यवाही कर नया ट्रांसफार्मर स्थापित कर दिया, जिससे पूरा गांव रोशन हो गया।ग्रामीणों ने इस पहल के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का हृदय से आभार व्यक्त किया और कहा कि यह सरकार वास्तव में जनता के साथ खड़ी है।

लोगों की उम्मीदों का केंद्र बना सीएम कैंप कार्यालय बगिया

सीएम कैंप कार्यालय बगिया में प्रतिदिन सैकड़ों लोग अपनी-अपनी समस्याएं लेकर पहुंच रहे हैं।यहां लोगों की समस्या को गंभीरता से उसका निराकरण किया जाता है।चाहे वह बिजली की परेशानी हो, सड़क की समस्या, पेयजल की मांग या फिर अन्य विकास कार्य सभी मामलों पर तुरंत संज्ञान लिया जाता है।
ग्रामीणों का कहना है कि पहली बार उन्हें ऐसा अनुभव हो रहा है कि उनकी समस्याएं सीधे मुख्यमंत्री तक पहुंच रही हैं और तत्काल हल भी हो रहा है।

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