ताजा खबरें


बड़ी खबर

“सोनोग्राफी के नाम पर लिंग जांच करने वालों की अब खैर नहीं — कलेक्टर का अल्टीमेटम, शिकायत मिलते ही अस्पताल सील, संचालकों पर कानूनी शिकंजा और लाइसेंस रद्द होने की चेतावनी

जशपुर 25 मार्च 2026/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने बुधवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में प्राइवेट हॉस्पिटल और निजी पैथोलॉजी संचालकों की समीक्षा बैठक ली।
कलेक्टर ने सभी प्राइवेट हॉस्पिटल के डाक्टरों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि गर्भवती महिलाओं का सोनोग्राफी अल्ट्रासाउंड के माध्यम से लिंग भ्रूण का पता लगाना कानूनी अपराध है किसी भी संस्थान के दौरा ऐसी शिकायतें मिलती है तो संबंधित संस्था के विरुद्ध pcpndt एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी और संस्था के विरुद्ध एफआईआर भी दर्ज किया जाएगा।


कलेक्टर ने समीक्षा के दौरान प्राइवेट हॉस्पिटल में होने वाले गर्भवती महिलाओं की जांच और सिजेरियन ऑपरेशन की भी जानकारी ली।
उन्होंने कहा कि पत्थलगांव निजी अस्पताल से और कुनकुरी के 2 प्राइवेट हॉस्पिटल की ज्यादा शिकायतें मिल रही है। अस्पताल संचालकों को व्यस्था में सुधार लाने की सख्त हिदायत दी है। 

कलेक्टर ने कहा कि बेटियां नहीं रहेगी तो अपने बेटों के लिए बहू कहां से ला पाएंगे इसलिए बेटीयों को भी बचाने की जिम्मेदारी सभी पालकों की है।

कलेक्टर ने सभी प्राइवेट हॉस्पिटल के संचालकों को प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत सभी गर्भवती महिलाओं और अन्य महिलाओं का  प्रत्येक माह के सप्ताह के दो दिन 9 तारीख और 24 तारीख को निःशुल्क स्वास्थ्य जांच करने के निर्देश दिए हैं।
और महिलाओं का एएनसी जांच करने के लिए कहा है।

उन्होंने कहा स्वास्थ्य परीक्षण से हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं की स्थिति पहले से पता चल पाएगी ताकि उचित इलाज समय पर किया जा सके।

कलेक्टर ने आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की गर्भवती महिलाओं का अनिवार्य रूप से स्वास्थ्य जांच करने के निर्देश दिए हैं।

कलेक्टर ने जिला अस्पताल के गर्भवती महिलाओं के संस्थागत प्रसव की जानकारी ली और कम प्रगति पर गहरी नाराजगी व्यक्त की है। उन्होंने संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने और प्रगति लाने के निर्देश दिए हैं।

कलेक्टर ने कुनकुरी निजी अस्पताल में सिजेरियन ऑपरेशन के ज्यादा केस आने पर इसे गंभीरता से लेने के निर्देश दिए हैं और मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी को टीम गठित करके जिन अस्पताल में ज्यादा शिकायतें मिल रही है वहां जांच करने के निर्देश दिए हैं।

कलेक्टर ने समीक्षा के दौरान केन्द्र सरकार की राहवीर योजना की भी जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि दुर्घटना में घायलों की जान बचाने वालों सम्मानित किया जाएगा। और शासन द्वारा निर्धारित राशि भी ईनाम के रूप देने का प्रावधान किया गया है।

योजना का उद्देश्य गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों को दुर्घटना के एक घंटे के भीतर अस्पताल पहुंचाना है जिसे गोल्डन ऑवर कहा जाता है।
इस दौरान घायलों को समय पर चिकित्सकीय  सहायता मिल जाए तो मरीज की जान बचाई जा सकती है।
उन्होंने कहा कि जो भी व्यक्ति तत्परता से घायलों को अस्पताल पहुचांता है तो उस व्यक्ति को राहवीर की उपाधि दी जाएगी और सम्मानित किया जाएगा।

कलेक्टर ने मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी को जिले में टीबी और कुष्ठ मरीजों का स्वास्थ्य जांच करके चिन्हांकन करने के निर्देश दिए हैं और मरीजों को समय पर दवाईयां उपलब्ध कराने के लिए कहा है। टीबी मुक्त अभियान के तहत 100 दिन का जिले में कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। इस दौरान टीबी से संभावित मरीजों का चिन्हांकन किया जाएगा और उन्हें निःशुल्क दवाई उपलब्ध कराई जाएगी 

कलेक्टर ने स्वास्थ्य केंद्र में गर्भवती महिलाओं और बच्चों का समय पर टीकाकरण करने निर्देश दिए हैं।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ जीएस जात्रा और प्राइवेट हॉस्पिटल के संचालक और निजी पैथोलॉजी संचालकगण उपस्थित थे।

और भी

झारखंड से लाई जा रही अवैध देशी शराब पर आबकारी विभाग का बड़ा एक्शन — 30.800 लीटर मदिरा के साथ आरोपी धराया, जशपुर में सख्ती से चल रहा अभियान

जशपुरनगर, 25 मार्च 2026/ जिले में अवैध शराब के निर्माण, भंडारण एवं बिक्री के विरुद्ध आबकारी विभाग द्वारा लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने अधिकारियों को नियमित जांच एवं छापेमारी सुनिश्चित करते हुए अवैध शराब के निर्माण, परिवहन और विक्रय में संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। इसी क्रम में जिला आबकारी अधिकारी श्रीमती महिमा पट्टावी के मार्गदर्शन में आबकारी वृत्त पत्थलगांव की टीम ने सेन्दरीबहार थाना पत्थलगांव क्षेत्र में 24 मार्च को छापामार कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान एक व्यक्ति को उसके आवास से 30.800 लीटर देशी मदिरा के साथ गिरफ्तार किया गया।
     जांच में पाया गया कि आरोपी उक्त मदिरा को झारखंड से विक्रय के उद्देश्य से लाया था। आरोपी के विरुद्ध छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम की धारा 34(1)(क), 34(2), 36 एवं 59(क) के तहत प्रकरण दर्ज कर उसे रिमांड पर लेकर जेल भेज दिया गया है। उक्त कार्रवाई में आबकारी उपनिरीक्षक श्री यज्ञ शरण शुक्ला, आबकारी मुख्य आरक्षक श्री कृनेश सिन्हा, श्री छक्केलाल गुप्ता, आबकारी आरक्षक श्री जुगल किशोर पटेल, नगर सैनिक श्री मंजीत महेश्वरी सहित आबकारी वृत्त पत्थलगांव के स्टाफ का सराहनीय योगदान रहा।

और भी

“जय श्रीराम” के जयघोष से गूंजा बनगांव — भव्य श्रीराम कथा में शामिल हुए जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, धर्म और मर्यादा का दिया संदेश

जशपुरनगर 25 मार्च 2026 । चैत्र रामनवमी के पावन अवसर पर ग्राम पंचायत बनगांव में श्री राम कथा का भव्य आयोजन किया गया। इस धार्मिक कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय शामिल होकर कथा का श्रवण किया ,इस मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर श्रद्धा भाव से कथा का श्रवण किया।
कथा वाचन के लिए लैलूंगा से आए विद्वान कथा वाचकों ने भगवान श्रीराम के जीवन चरित्र का विस्तार से वर्णन करते हुए ग्रामीणों को सत्य सनातन धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी। उन्होंने श्रीराम के आदर्शों, मर्यादा और धर्मपालन के महत्व को सरल भाषा में समझाया।कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय मुख्य रूप से उपस्थित रहे। इसके अलावा बनगांव एवं लोकेर के सरपंच सहित बालेश्वर चक्रेश भी मौजूद रहे। सभी अतिथियों ने आयोजन की सराहना करते हुए ऐसे धार्मिक कार्यक्रमों को समाज के लिए प्रेरणादायक बताया।कार्यक्रम का समापन भक्ति भाव और जय श्रीराम के जयघोष के साथ हुआ।

और भी

सप्तमी की पावन संध्या पर जागृत हुई आदिशक्ति: नारायणपुर के जनसेवा अभेद आश्रम से निकली माँ भगवती की अलौकिक डोला यात्रा, भक्तिरस में डूबा पूरा नगर,गूंजे भक्ति के गगनभेदी जयकारे

जनसेवा अभेद आश्रम में सप्तमी पर निकली माँ भगवती की भव्य डोला यात्रा, रास्ते भर उमड़ा आस्था का जनसैलाब” 

नारायणपुर 24 मार्च 2026 । चैत्र नवरात्र की सप्तमी तिथि पर मंगलवार की शाम नारायणपुर आश्रम स्थित जनसेवा अभेद आश्रम चिटकवाइन एक बार फिर आस्था, परंपरा और भक्ति के विराट संगम का साक्षी बना। शाम ढलते ही पूरा आश्रम परिसर श्रद्धालुओं की भीड़ से खचाखच भर गया। दूर-दराज के गांवों से लेकर अन्य राज्यों तक से पहुंचे भक्तों ने माँ भगवती के दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए बड़ी संख्या में उपस्थिति दर्ज कराई।

संध्या होते-होते वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। ठीक सायं करीब 7:30 बजे विधि-विधान से पूजन के उपरांत माँ भगवती को भव्य रूप से सुसज्जित डोले में विराजमान किया गया। इसके बाद जैसे ही डोला यात्रा प्रारंभ हुई, “जय माँ सर्वेश्वरी ” के गगनभेदी जयकारों, ढोल-नगाड़ों की गूंज और भजन-कीर्तन की स्वर लहरियों ने पूरे क्षेत्र को भक्ति में सराबोर कर दिया।

साधकों और श्रद्धालुओं ने बारी-बारी से कंधे पर माँ की डोली उठाई और पूरे उत्साह व श्रद्धा के साथ यात्रा में शामिल हुए। महिलाएं जयकारा गीत गाती हुई आगे बढ़ रही थीं, तो युवक ढोल-नगाड़ों की थाप पर झूमते नजर आए। हर चेहरे पर आस्था और उत्साह साफ झलक रहा था।

डोला यात्रा आश्रम से निकलकर नारायणपुर के जयस्तंभ चौक, मुख्य बाजार मार्ग और अटल चौक से होते हुए पुनः आश्रम पहुंची। रास्ते भर श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ता रहा। जगह-जगह ग्रामीणों और नगरवासियों ने पुष्प वर्षा एवं पूजा अर्चना कर माँ का स्वागत किया। कई स्थानों पर आरती उतारकर भक्तों ने अपनी श्रद्धा अर्पित की।

हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी जनसेवा अभेद आश्रम में सर्वेश्वरी समूह द्वारा सप्तमी पर विशेष आयोजन किया गया। पूरे दिन पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन का सिलसिला चलता रहा। शाम को डोला यात्रा के बाद आश्रम में भव्य महा आरती का आयोजन हुआ, जिसमें भारी संख्या में  श्रद्धालु शामिल हुए। आरती के पश्चात प्रसाद वितरण किया गया।

इस आयोजन की खास बात यह रही कि इसमें झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश सहित अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। स्थानीय ग्रामीणों के साथ-साथ नगर के लोगों की भारी भागीदारी ने आयोजन को और भी भव्य बना दिया।

डोला यात्रा का समापन आश्रम स्थित काली मंदिर में हुआ, जहां हवन, पूजन और महा आरती के साथ सप्तमी पूजा पूर्ण हुई। अंतिम चरण में श्रद्धालुओं ने माँ भगवती से सुख-समृद्धि और क्षेत्र की खुशहाली की कामना की। देर रात तक श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा और हर कोई माँ के दर्शन के लिए आतुर नजर आया।

सप्तमी का यह भव्य आयोजन एक बार फिर यह साबित कर गया कि नारायणपुर की धरती पर आस्था और परंपरा की जड़ें कितनी गहरी हैं, जहां हर वर्ष माँ भगवती के चरणों में श्रद्धा का ऐसा विराट सैलाब उमड़ता है।

और भी

चैती छठ महापर्व : छठी मैया की आराधना में लीन हुआ जशपुर, तालाबों और घाटों पर सजी भक्ति की भव्य छटा, व्रतियों ने जल में खड़े होकर अस्त होते सूर्य को अर्पित किया अर्घ्य, गूंजे लोकगीत और जयकारे


जशपुरनगर  24बमार्च — लोक आस्था, अनुशासन और अटूट विश्वास के प्रतीक चैती छठ महापर्व का तीसरा और सर्वाधिक महत्वपूर्ण दिन मंगलवार को पूरे धार्मिक उल्लास और भक्ति भाव के साथ संपन्न हुआ। नहाय-खाय और खरना जैसे पवित्र अनुष्ठानों के पश्चात आज व्रती महिलाओं ने अस्ताचलगामी सूर्य को संध्या अर्घ्य अर्पित कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि, आरोग्य और संतान की दीर्घायु की मंगलकामना की।
संध्या होते ही शहर के विभिन्न घाटों, तालाबों और पवित्र जलाशयों पर श्रद्धालुओं की अपार भीड़ उमड़ पड़ी। वातावरण ‘छठी मैया’ के गीतों, मंत्रोच्चार और लोक भजनों से गुंजायमान हो उठा। व्रती महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में सजे हुए डलिया और सूप में ठेकुआ, फल, नारियल एवं अन्य प्रसाद लेकर जल में खड़ी होकर भगवान भास्कर को अर्घ्य अर्पित करती नजर आईं। पूरा परिवेश श्रद्धा, समर्पण और आध्यात्मिक ऊर्जा से ओत-प्रोत दिखाई दिया।
चार दिवसीय इस महापर्व के क्रम में दूसरे दिन खरना का अनुष्ठान विधिवत संपन्न होने के बाद व्रती 36 घंटे के निर्जला उपवास का पालन कर रही हैं। मंगलवार को चैत्र शुक्ल षष्ठी तिथि पर अस्त होते सूर्य को पहला अर्घ्य अर्पित किया गया, जबकि बुधवार, 25 मार्च को चैत्र शुक्ल सप्तमी तिथि पर उदीयमान सूर्य को प्रातःकालीन अर्घ्य अर्पित कर इस पावन पर्व का समापन होगा। इसके उपरांत व्रती कच्चे दूध और प्रसाद ग्रहण कर व्रत का पारण करेंगी।
इस वर्ष छठ महापर्व के तीसरे दिन रोहिणी नक्षत्र और प्रीति योग का दुर्लभ संयोग बनने से इसकी आध्यात्मिक महत्ता और अधिक बढ़ गई है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार यह योग अत्यंत शुभ और कल्याणकारी फल प्रदान करने वाला माना जाता है, जिससे व्रतियों की मनोकामनाएं पूर्ण होने की मान्यता है।
छठ पूजा में स्वच्छता और शुद्धता का विशेष महत्व होता है। व्रती प्रसाद निर्माण से लेकर पूजा सामग्री तक हर वस्तु की पवित्रता का विशेष ध्यान रखते हैं। व्रत के दौरान घरों में लहसुन-प्याज का पूर्णतः त्याग कर सात्विक भोजन ग्रहण किया जाता है। व्रती भूमि पर शयन कर संयम और साधना का पालन करते हैं तथा मन, वचन और कर्म की पवित्रता बनाए रखते हुए छठी मैया की आराधना में लीन रहते हैं।
जशपुरनगर में छठ महापर्व का यह अनुपम दृश्य न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बना, बल्कि सामाजिक एकता, अनुशासन और सांस्कृतिक समरसता का भी अद्भुत उदाहरण प्रस्तुत करता नजर आया।

और भी

मुख्यमंत्री निवास बगिया में श्री रामनवमी महायज्ञ का भव्य आयोजन, चार दिवसीय धार्मिक कार्यक्रम की तैयारियां पूरी, सत्य सनातन धर्म, देवी संत समाज द्वारा किया जा रहा है आयोजन, जुटेंगे हजारों श्रद्धालु.......


जशपुरनगर 24 मार्च ।मुख्यमंत्री निवास बगिया में श्रद्धा और भक्ति के वातावरण के बीच श्री रामनवमी पर्व के अवसर पर महायज्ञ का भव्य आयोजन 25 मार्च से 28 मार्च 2026 तक किया जा रहा है,जिसमें प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय शामिल होंगे।इस चार दिवसीय धार्मिक कार्यक्रम को लेकर गांव सहित आसपास के क्षेत्रों में उत्साह का माहौल है और आयोजन की सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं।कार्यक्रम की शुरुआत 25 मार्च को कलश यात्रा एवं मूर्ति स्थापना के साथ होगी। इस दिन पूजा, हवन, आरती के साथ लीला एवं भजन-कीर्तन का आयोजन किया जाएगा।26 मार्च को पूजन, हवन, आरती, प्रवचन एवं भजन-कीर्तन आयोजित होंगे।27 मार्च को विशेष पूजन, हवन, नवकन्या पूजन, पूर्णाहुति आरती के साथ रात्रि में भव्य लीला एवं भजन-कीर्तन का कार्यक्रम रखा गया है।
28 मार्च को सहस्त्रधारा स्नान, आशीर्वाद, मूर्ति विसर्जन एवं प्रसाद वितरण के साथ यज्ञ का समापन होगा।
यह आयोजन ग्राम बगिया के यज्ञ स्थल पर किया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। कार्यक्रम धर्म संस्थापक परम पूज्य गुरुदेव स्वामी सर्व श्री धनपति पण्डा जी महाराज (गुरुधाम मुंडियापानी, लैलूंगा, रायगढ़) आशीर्वाद से पूजा सम्पन्न होगा।सत्य सनातन धर्म, देवी संत समाज आयोजन समिति द्वारा समस्त श्रद्धालुओं एवं ग्रामवासियों से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर धर्म लाभ लेने की अपील की गई है। पूरे आयोजन के दौरान भक्ति संगीत, कथा-प्रवचन और धार्मिक अनुष्ठानों से वातावरण भक्तिमय रहेगा।

और भी

निवेशकों के लिए बड़ी राहत: “वन क्लिक सिंगल विंडो पोर्टल” लॉन्च—भूमि आवंटन, अनुमति, सब्सिडी कैलकुलेटर और ऑनलाइन पेमेंट की सुविधा एक ही जगह उपलब्ध

वाणिज्य एवं उद्योग विभाग ने एक नई वेबसाइट वन क्लिक सिंगल विंडो सिंगल-पोर्टल किया लॉंच

यह प्रणाली 16 विभागों की 136 से अधिक सेवाओं को जोड़ती है

रायपुर, 24 मार्च 2026/ वन क्लिक सिंगल विंडो (OneClick) एक एकीकृत डिजिटल पोर्टल है, जो निवेशकों को छत्तीसगढ़ में व्यवसाय स्थापित करने के लिए आवश्यक सभी अनुमतियां, मंजूरी, भूमि आवंटन और ऑनलाइन भुगतान की सुविधा एक ही जगह प्रदान करता है। यह प्रणाली 16 विभागों की 136 से अधिक सेवाओं को जोड़ती है, जिससे समय की बचत होती है, पारदर्शिता बढ़ती है और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस  (Ease of Doing Business) को बढ़ावा मिलता है।

           उद्योग विभाग से पाप्त जानकारी के अनुसार वन क्लिक सिंगल विंडोका मूल विचार सरल है विभाग के साथ काम करने वाले सभी लोगों के लिए प्रक्रिया को आसान बनाना। चाहे आप एक स्थापित व्यवसाय हों, संभावित निवेशक हों, स्टार्टअप हों या निर्यातक हों, अब आपको सब कुछ एक ही स्थान पर मिलेगा। अनुमोदन के लिए वन क्लिक सिंगल विंडो से लेकर सब्सिडी कैलकुलेटर के साथ प्रोत्साहन का अनुमान लगाने तक, प्रक्रिया अब अधिक पारदर्शी और कुशल है।

          छत्तीसगढ़ के व्यापार को आसान बनाएं के व्यापक वादे के तहत, वनक्लिक राज्य का नया सिंगल-विंडो पोर्टल है जो व्यापारिक वातावरण में गति, सरलता और पारदर्शिता लाता है। अनुमोदन और मंजूरी से लेकर बिल भुगतान, भूमि आवंटन और अनुपालन तक - एक उद्यमी या निवेशक को जो कुछ भी चाहिए, वह अब सिर्फ एक क्लिक दूर है।

         वनक्लिक नाम सहज, यादगार है और पोर्टल के मूल कार्य को स्पष्ट रूप से दर्शाता है एक एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से सुगमता और दक्षता प्रदान करना। टैगलाइन - सीजी इसे आसान बनाता है - शासन को एक सहज अनुभव में बदलने के लिए छत्तीसगढ़ की प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जहां उद्यमी कागजी कार्रवाई में कम समय और महत्वपूर्ण कार्यों के निर्माण में अधिक समय व्यतीत करते हैं।

और भी

भूमिहीनों के जीवन में खुशियों की बारिश: दीनदयाल उपाध्याय योजना से 5 लाख परिवारों को मिलेगा 500 करोड़ का सीधा लाभ, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय कल करेंगे राशि का अंतरण

रायुपर, 24 मार्च 2026/ दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना, छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा राज्य के भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक रूप से संबल बनाने के लिए शुरू की गई एक प्रमुख योजना है। इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के भूमिहीन कृषि श्रमिकों को सशक्त बनाना है। इस योजना से सर्वाधिक रायपुर जिला के 53 हजार 338 भूमिहीन कृषि मजदूर शामिल हैं। सरकार ने इन्हें मुख्यधारा से जोड़कर यह संदेश दिया है कि 'अंत्योदय' की कतार में खड़ा आखिरी पंक्ति के व्यक्ति भी शासन की प्राथमिकता में सबसे ऊपर है।

            दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजनाके तहत 4.95 लाख से अधिक पात्र परिवारों के लिए राज्य सरकार की ओर से 495 करोड़ 96 लाख 50 हजार रुपये की राशि का प्रावधान किया गया है। भूमिहीन कृषि मजदूरों को प्रतिवर्ष 10 हजार रूपए की वित्तीय सहायता सीधे हितग्राही के बैंक खाते में दी जाती है। 25 मार्च 2026 को बलौदाबाजार से जब मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय राशि अंतरित करेंगे, तो वह छत्तीसगढ़ के न्याय और सुशासन की गूंज होगी। दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना ने यह साबित कर दिया है कि जब सरकार की नीयत साफ और नीति स्पष्ट हो, तो विकास की किरण हर झोपड़ी तक पहुंचती है।

         दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की घोषणा के अनुरूप भूमिहीन कृषि मजदूरों को प्रतिवर्ष 10 हज़ार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। संकल्प बजट 2026-27 में 600 करोड़ रूपए का प्रावधान के साथ भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक सुरक्षा का सशक्त संबल मिलेगा। यह सहायता सीधे जरूरतमंदों तक पहुँचकर उन्हें स्थिरता, सम्मान और आत्मविश्वास प्रदान करेगी। सशक्त श्रमिकों के माध्यम से सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य सुनिश्चित करना छत्तीसगढ़ सरकार का संकल्प है।

         दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत रायपुर जिला के सर्वाधिक 53 हजार 338 भूमिहीन कृषि मजदूर, बिलासपुर जिला के 39 हजार 401 भूमिहीन कृषि मजदूर, महसमुंद जिला के 37 हजार 11 भूमिहीन कृषि  मजदूरों को लाभ मिलेगा, जिनका ई केवायसी हो चुका है।

         मुख्यमंत्री ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना को शुरू करने के पीछे हमारा उद्देश्य भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों के शुद्ध आय में वृद्धि कर उन्हें आर्थिक रूप से संबल प्रदान करना है। इस योजना में भूमिहीन कृषि मजदूरों के साथ वनोपज संग्राहक भूमिहीन परिवार, चरवाहा, बढ़ई, लोहार, मोची, नाई, धोबी आदि पौनी-पसारी व्यवस्था से संबद्ध भूमिहीन परिवार भी शामिल हैं। इनके अलावा अनुसूचित क्षेत्रों में आदिवासियों के देवस्थल में पूजा करने वाले पुजारी, बैगा, गुनिया, माँझी परिवारों को भी शामिल किया गया है। लाभार्थी सूची में 22,028 बैगा और गुनिया परिवार भी शामिल हैं, जो राज्य की सांस्कृतिक और पारंपरिक विरासत के रक्षक हैं। सरकार का प्राथमिक लक्ष्य इन परिवारों को सालाना एक निश्चित आर्थिक सहायता प्रदान करना है, ताकि वे अपनी बुनियादी जरूरतों, जैसे शिक्षा, स्वास्थ्य और दैनिक आवश्यकताओं को बिना किसी कर्ज के पूरा कर सकें। इन्हें पूर्व में दी जाने वाली 7,000 रुपये की राशि को बढ़ाकर अब 10,000 रुपये प्रति वर्ष कर दिया गया है, जो सीधे लाभार्थियों के खातों में पहुंचती है।

और भी

कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने जनदर्शन में सुनी आमजन की समस्याएँ,अधिकारियों को समयबद्ध एवं पारदर्शी निराकरण के दिए निर्देश

जशपुरनगर 24 मार्च 2026/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने आज मंगलवार को जिला कार्यालय में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम में आम नागरिकों से सीधे रूबरू होकर उनकी समस्याओं और मांगों को गंभीरतापूर्वक सुना। जनदर्शन में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे नागरिकों ने अपनी व्यक्तिगत एवं सामूहिक समस्याओं से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। कलेक्टर ने सभी आवेदनों का ध्यानपूर्वक अवलोकन करते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों को प्रत्येक प्रकरण का त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
     आज आयोजित जनदर्शन में कुल 26 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें प्रमुख रूप से राजस्व प्रकरण, स्वच्छता एवं साफ-सफाई, अधोसंरचना निर्माण, आजीविका उन्नयन, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ, तथा विभिन्न शासकीय योजनाओं से संबंधित समस्याएँ और मांगें शामिल थीं। कलेक्टर श्री व्यास ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि सभी आवेदनों को प्राथमिकता के आधार पर समय-सीमा के भीतर उनका निराकरण किया जाए, ताकि नागरिकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। 
   कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आवेदनों पर की गई कार्यवाही की जानकारी संबंधित आवेदकों को समय-समय पर उपलब्ध कराई जाए, जिससे उन्हें अपने प्रकरण की स्थिति की स्पष्ट जानकारी मिल सके। उन्होंने विशेष रूप से जनसुविधाओं से जुड़े मामलों, जैसे पेयजल, सड़क, स्वच्छता और शासकीय योजनाओं के लाभ से संबंधित प्रकरणों पर संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्रवाई करने पर जोर दिया।

और भी

लापरवाही और नियम उल्लंघन पर बस ऑपरेटरों पर कसेगा शिकंजा, कलेक्टर रोहित व्यास का सख्त संदेश—यात्रियों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं

*

जशपुरनगर, 24 मार्च 2026/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने आज कलेक्टरेट सभाकक्ष में जिले में संचालित समस्त निजी बस ऑपरेटरों की बैठक लेकर बस संचालन व्यवस्था की समीक्षा की बैठक के दौरान उन्होंने यात्रियों की सुरक्षा, समयबद्ध संचालन, निर्धारित किराया का पालन करने, वाहनों की फिटनेस, जरूरी सुरक्षा उपकरण, प्राथमिक चिकित्सा किट, ओवरलोडिंग सहित अन्य विषयों पर विस्तार से चर्चा की और आवश्यक दिशा निर्देश दिए। इस दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह भी मौजूद रहे। बैठक में कलेक्टर ने कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या नियमों के उल्लंघन की स्थिति में संबंधित बस ऑपरेटरों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
      कलेक्टर श्री व्यास द्वारा बस ऑपरेटरों को बस स्टैण्ड जशपुर में सममसीमा का ध्यान रखकर बस संचालन करने, बस स्टैण्ड में यातायात व्यवस्था बाधित न हो इसलिए बस को अनावश्यक रूप से बस स्टैण्ड में खड़े न रखते हुए व्यवस्थित रखने, बस स्टैण्ड से बस निकलते समय अनावश्यक रूप से सवारी लेने के नाम पर बाहर रास्ते में वाहन खड़ी न करने,  सवारी लेते समय बीच सड़क में बस खड़ी न करने, बस में क्षमता से अधिक सवारी न चढ़ाने के निर्देश दिए गए। साथ ही बस संचालकों को अपने सभी बसों का नियमित रूप से फिटनेस चेक कराने, बस की बीमा वैधता का ध्यान में रखने,  महिला-पुरूष एवं बच्चों के बस में बैठने का विशेष व्यस्था करने हेतु निर्देशित किया। इसके अलावा उन्होंने बस चालकों के मेडिकल परीक्षण नियमित रूप से कराने, सभी बसों का परमिट, बीमा और फिटनेस प्रमाण-पत्र अपडेट रखने,  प्रशासन द्वारा निर्धारित दरों से अधिक किराया यात्रियों से वसूली न करने, ओवरलोडिंग और क्षमता से अधिक यात्री न बैठाने के निर्देश दिए गए। 
   कलेक्टर श्री व्यास ने स्पष्ट निर्देश दिए कि बस के भीतर हेल्पलाईन नंबर और शिकायत नंबर अनिवार्य रूप से लिखे, ताकि जरूरत के समय यात्रियों को जरूरी मदद मिल सके। साथ ही उन्होंने कहा कि ड्राइवर और परिचालकों का व्यवहार यात्रियों के प्रति विनम्र होना चाहिए जिससे यात्री निश्चिंत होकर यात्रा कर सके। उन्होंने बस चालकों को वाहन चलाते समय मादक पदार्थ का सेवन न करने एवं मोबाइल का उपयोग से बचने को कहा गया। इसके अलावा सुरक्षा की दृष्टिकोण से  बस संचालकों के द्वारा अपने बस चालकों एवं अन्य कर्मचारियों का पुलिस चरित्र सत्यापन अनिवार्य रूप से कराने तथा इसकी सूचना यातायात शाखा में देने को कहा गया। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि बस चालकों के पास वैध लाइसेंस होने पर ही बस का परिचालन करने  की अनुमति होगी। इसके अलावा प्रत्येक बसों में मिनी फायर एक्सटिंग्विगर और फर्स्ट ऐड किट अनिवार्य रूप से होना चाहिए़ ताकि आपात स्थिति में काम आ सके।

*ग्रामीण और पहाड़ी इलाकों में प्रशिक्षित चालकों से ही बस संचालन कराएं: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक* 

बैठक के दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह ने बस ऑपरेटरों से कहा कि जशपुर जिले की भौगोलिक स्थिति पहाड़ों एवं पठारी क्षेत्रों से घिरी हुई है, जहां औसतन प्रत्येक 4 किलोमीटर पर ब्लैक स्पॉट पाए जाते हैं। ऐसी परिस्थितियों में विशेष रूप से ग्रामीण और पहाड़ी मार्गों पर बस संचालन करते समय अत्यधिक सावधानी बरतना आवश्यक है। उन्होंने बस ऑपरेटरों से अपेक्षा की कि वे अपने चालकों को इन मार्गों की चुनौतियों के प्रति जागरूक करें।
    उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि ऐसे संवेदनशील क्षेत्रों में केवल प्रशिक्षित और अनुभवी चालकों को ही बस संचालन की जिम्मेदारी दी जाए। साथ ही बस संचालन का प्रबंधन इस प्रकार सुनिश्चित किया जाए कि सभी चालक एवं कर्मचारी पर्याप्त विश्राम प्राप्त कर सकें, जिससे थकान के कारण होने वाली दुर्घटनाओं की संभावना को कम किया जा सके। उन्होंने बैठक में मौजूद पुलिस अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि बस चालकों की नियमित जांच की जाए तथा शराब सेवन कर वाहन चलाने वाले चालकों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए। इस अवसर पर जिला परिवहन अधिकारी श्री विजय निकुंज, जिला बस मालिक संघ के अध्यक्ष श्री केदार मिश्रा सहित अन्य अधिकारीगण एवं बस ऑपरेटर्स उपस्थित रहे।

और भी

कुनकुरी में आयोजित कृषि क्रांति एक्सपो बना किसानों की तरक्की का महाकुंभ, 17 कंपनियों की भागीदारी से जशपुर के मिलेट, औषधीय और उद्यानिकी उत्पादों को मिला राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय बाजार का बड़ा मंच

जशपुरनगर 24 मार्च 2026/ जिला प्रशासन जशपुर द्वारा कुनकुरी में आयोजित कृषि क्रांति एक्सपो में किसानों का उत्साह चरम पर दिखाई दे रहा है। एक्सपो के अंतर्गत आयोजित डेमॉन्स्ट्रेशन कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसान उपस्थित होकर सक्रिय रूप से भागीदारी सुनिश्चित की। एक्सपो में विभिन्न कृषि उत्पादों, आधुनिक तकनीकों एवं स्थानीय उत्पादों की आकर्षक प्रदर्शनी लगाई गई, जिसने किसानों और आगंतुकों का विशेष ध्यान आकर्षित किया। कार्यक्रम में देश के विभिन्न राज्यों से आए 17 कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया, वहीं जिले के 40 लीडर किसानों ने सक्रिय सहभागिता निभाते हुए कंपनियों के साथ सीधे संवाद स्थापित किया।

*कंपनियों ने दिखाई गहरी रुचि* -

एक्सपो में विभिन्न कंपनियों ने जशपुर जिले के कृषि उत्पादों में विशेष रुचि दिखाई। महाराष्ट्र से आई एक कंपनी ने जिले के ऑर्गेनिक उत्पादों को लेकर उत्साह जताया, जबकि पटना (बिहार) से आए श्री शुभम बर्नवाल ने मिलेट, कटहल एवं सरसों आधारित उत्पादों की खरीद में रुचि दिखाई। भोपाल से आए कंपनी प्रतिनिधि श्री अर्पण गौर ने जिले के मिलेट उत्पादों के नमूने लिए और लगभग 200 टन मिलेट क्रय करने की प्राथमिकता जताई, जिससे मिलेट उत्पादन को बड़ा बाजार मिलने की संभावना बनी है।

*औषधीय एवं वैकल्पिक फसलों की बढ़ी मांग* -

रांची से आए प्रतिनिधियों ने जिले के हाथी प्रभावित क्षेत्रों में लेमन ग्रास एवं पचौली की कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग को लेकर किसानों से विस्तृत चर्चा की। उन्होंने बताया कि पचौली फसल को जंगली जानवर नुकसान नहीं पहुंचाते और इसे अन्य फसलों के साथ इंटरक्रॉपिंग के रूप में भी उगाया जा सकता है। इस संबंध में श्री आशुतोष ने जानकारी दी कि पचौली की फसल एक बार लगाने के बाद लगभग 5 वर्षों तक उत्पादन देती है, जिससे किसानों को स्थायी आय का स्रोत मिलता है। वहीं पीपरेता (मेन्था की उन्नत किस्म) की खेती से किसान एक वर्ष में लगभग 1 लाख रुपए तक की आय अर्जित कर सकते हैं। यह फसल कम लागत में उगाई जा सकती है और इसमें जंगली जानवरों से नुकसान का खतरा भी कम रहता है।

*कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग और निर्यात की संभावनाएं* -

ग्लोबल हर्ब्स कंपनी की प्रतिनिधि श्रीमती रजनी गाबा ने जिले के गिलोय, आंवला, हल्दी, सफेद मूसली, जामुन गुठली जैसे औषधीय उत्पादों की मांग जताई। उन्होंने बताया कि दक्षिण भारत से इन उत्पादों का निर्यात महंगा पड़ता है, इसलिए जशपुर से आपूर्ति की संभावना अत्यंत लाभकारी है। इसके अलावा कुसुम बीज, लाख, पीपल, नागरमोथा, करंज बीज और साल बीज की भी मांग व्यक्त की गई। इसी क्रम में राइस एक्सपोर्टर श्री जय प्रकाश शर्मा ने बताया कि वे जिले से आईआर-64 एवं स्वर्णा जैसी धान किस्मों का निर्यात करना चाहते हैं। इसके लिए चावल के नमूनों का प्रयोगशाला परीक्षण कराया जाएगा और अंतरराष्ट्रीय मानकों पर खरे उतरने वाले उत्पादों का निर्यात किया जाएगा।

*किसानों के लिए नए अवसरों का मंच* -

कृषि क्रांति एक्सपो के माध्यम से जिले के किसानों को सीधे बाजार से जुड़ने, उत्पादों के मूल्य संवर्धन और आय वृद्धि के नए अवसर मिल रहे हैं। यह आयोजन न केवल किसानों को आधुनिक तकनीकों से जोड़ रहा है, बल्कि उन्हें राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच बनाने का मंच भी प्रदान कर रहा है। जिला प्रशासन जशपुर द्वारा आयोजित यह एक्सपो किसानों के लिए अत्यंत लाभकारी साबित हो रहा है और भविष्य में कृषि आधारित आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में उभर रहा है।

और भी

जिला जेल जशपुर में प्रशासन का बड़ा एक्शन: प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, कलेक्टर और एसएसपी ने किया आकस्मिक निरीक्षण, बंदियों की सुविधाओं से लेकर सुरक्षा व्यवस्था तक हर पहलू की हुई गहन जांच, सुधार के दिए सख्त निर्देश

जशपुरनगर 24 मार्च 2026/ प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश तथा अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जशपुर श्री सत्येन्द्र कुमार साहू,  कलेक्टर श्री रोहित व्यास एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री लाल उमेन्द सिंह ने आज जिला जेल जशपुर का आकस्मिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने जेल परिसर के विभिन्न व्यवस्थाओं का गहन अवलोकन किया। इस दौरान वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष, जेल अस्पताल, पाकशाला (रसोईघर), वालगार्ड एवं बैरकों का निरीक्षण किया गया। बंदियों के भोजन, आवास एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया गया, जिसमें किसी प्रकार की शिकायत प्राप्त नहीं हुई। निरीक्षण के दौरान कुछ बंदियों द्वारा अपने-अपने प्रकरणों से संबंधित समस्याओं के निराकरण हेतु न्यायाधीशों के समक्ष निवेदन प्रस्तुत किया गया, जिस पर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
जेल अधीक्षक द्वारा जेल संचालन में आ रही समस्याओं एवं कमियों की जानकारी भी अधिकारियों को दी गई, जिस पर आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।

     निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने जेल में बंद कैदियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं तथा उनके शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने जेल परिसर की स्वच्छता, चिकित्सा सुविधा, पेयजल व्यवस्था एवं सुरक्षा प्रबंधन का भी निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने पर जोर दिया। इस दौरान मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कु. सुमन सिंह, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्रीमती श्वेता बघेल, अपर कलेक्टर श्री प्रदीप साहू, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री राजेश पाटनवार, जेल अधीक्षक श्री श्याम लाल, उप पुलिस अधीक्षक श्री राकेश पाटनवार सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।

और भी

मां भगवती की महिमा से सराबोर होगा नारायणपुर — सजे-धजे डोले में विराजेंगी मां भगवती, भजन-कीर्तन और झांझ-मांदर की धुन पर निकलेगी भव्य यात्रा, श्रद्धालु होंगे शामिल

नारायणपुर 24 मार्च 2026 । वासंतिक नवरात्र के पावन अवसर पर चिटकवाइन स्थित जन सेवा अभेद आश्रम में प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी सप्तमी तिथि पर मां कालरात्रि का विशेष पूजन किया जाएगा। मंगलवार को आयोजित इस धार्मिक कार्यक्रम में शाम 7 बजे मां भगवती का सुसज्जित डोला आश्रम से निकाला जाएगा।

डोला यात्रा पारंपरिक वाद्ययंत्रों मांदर और झांझ की गूंज, भजन-कीर्तन एवं जयकारों के बीच निकाली जाएगी। यह शोभायात्रा अभेद आश्रम से प्रारंभ होकर जय स्तंभ चौक, नारायणपुर बस्ती और अटल चौक का भ्रमण करते हुए पुनः मंदिर पहुंचेगी।

मंदिर पहुंचने के पश्चात मां भगवती की विशेष पूजा-अर्चना एवं आरती की जाएगी। सप्तमी तिथि पर मां कालरात्रि के पूजन और डोला निकालने का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।

आश्रम समिति के अनुसार इस दिन मां भगवती का विशेष श्रृंगार किया जाता है तथा श्रद्धालु पूरे श्रद्धा भाव से शामिल होकर पूजा का पुण्य लाभ प्राप्त करते हैं।

और भी

एक ही खेत में तीन-तीन कमाई के साधन: तालाब में मछली, ऊपर शेड में मुर्गी पालन और किनारों पर आम-लीची की बागवानी—जशपुर के किसान अंकित ने पेश किया आत्मनिर्भर खेती का शानदार उदाहरण

जशपुरनगर 24 मार्च 2026/ जशपुर जिले के ग्राम रतबा के युवा किसान अंकित लकड़ा अपनी मेहनत और नवाचार से खेती को नई पहचान दे रहे हैं। पारंपरिक खेती से आगे बढ़कर उन्होंने अपने खेत को बहुआयामी आय का मजबूत माध्यम बना दिया है। आइए जानते हैं उनकी प्रेरणादायक कहानी।
          
रबता के युवा किसान अंकित ने बताया कि पहले वे बरसात में सिर्फ धान की खेती करते थे। इसे पश्चात् उन्होंने मत्स्य विभाग से जानकारी प्राप्त कर अपने खेत में तालाब बनाए। अब वे गर्मी में भी खेती करने लगे और आम के पेड़ लागाए उसी तालाब के पानी से गर्मी में पेड़ों को पानी देते हैं। 

तालाब के पानी का उपयोग करके बागवानी भी कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि 2 तालाब के उपर शेड बनाकर मुर्गी पालन और मछली पालन करते हैं। मुर्गियों का अपशष्टि मछलियों के लिए आहार का कार्य करता है। शेड का कैपेसिटी 1000 से 1200 है। तालाब के मेड में आम का पेड़ लगाए हैं। आम का पेड़ या अन्य पेड़ मिट्टी को एकजुट रखता है मिट्टी को काटने नहीं देता। इसके साथ ही आम का पेड़, लीची का पेड़ अतिरिक्त आय का माध्यम बन जाता है। युवा किसान ने बताया कि प्रधानमंत्री मत्स्य योजना अंतर्गत पॉन्ड लाइनर प्राप्त हुआ है। मछली विभाग से 8 लाख रूपए की राशि अनुदान में मिला इसके साथ पॉलीथिन, बोर, मोटर और फीड प्राप्त हुआ है। 
              
अंकित लकड़ा की यह पहला बताती है की नई सोच और योजनाओं के सही उपयोग से खेती को और अधिक लाभकारी बनाया जा सकता है ऐसे ही नवाचार और सफल किसानों से मिलने के लिए कृषि क्रांति एक्सप्रेस 2.0  में जरूर आए।

और भी

निर्माण कार्यों की धीमी रफ्तार पर कलेक्टर रोहित व्यास का कड़ा रुख—सभी एजेंसियों को फटकार, गुणवत्ता और तय समय-सीमा में काम पूरा करने के सख्त निर्देश, अब गूगल शीट से होगी हर प्रोजेक्ट की निगरानी

जशपुरनगर, 24 मार्च 2026/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने सोमवार को कलेक्टरेट सभाकक्ष में मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड, गृह निर्माण मंडल एवं सेतु विभाग के अधिकारियों की बैठक लेकर उनके विभागों द्वारा संचालित निर्माण कार्यों की अद्यतन स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। समीक्षा के दौरान उन्होंने पूर्ण, अपूर्ण, अप्रारंभ तथा प्रगतिरत कार्यों की विस्तार से जानकारी ली और  सभी निर्माण कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। 
    बैठक में कलेक्टर श्री व्यास ने सभी कार्यों की वर्तमान स्थिति को अनिवार्य रूप से गूगल शीट में दर्ज करने के निर्देश दिए, ताकि नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित हो सके। उन्होंने प्रत्येक निर्माण स्थल पर जानकारी बोर्ड लगाने के निर्देश भी दिए, जिससे आम नागरिकों को कार्यों की स्पष्ट जानकारी मिल सके। साथ ही सेतु विभाग को  निर्माण के दौरान आमजन की सुरक्षा एवं सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक संकेतक बोर्ड एवं रेडियम अनिवार्य रूप लगाने हेतु निर्देशित भी किया। 
    कलेक्टर ने अधिकारियों को नियमित रूप से फील्ड का निरीक्षण करने के लिए भी कहा, ताकि निर्माण कार्यों में गुणवत्ता के साथ-साथ गति भी बनी रहे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी स्वीकृत अधोसंरचना निर्माण कार्यों को समय-सीमा का विशेष ध्यान रखते हुए पूर्ण करें, इससे दूरस्थ क्षेत्रों के लोगों को भी बेहतर सुविधाएं मिल सकेगी और योजनाओं के संचालन में भी सुगमता आएगी। इस दौरान संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

और भी

महिलाओं के आत्मनिर्भरता हेतु कौशल विकास कार्यशाला का आयोजन,150 महिलाओं ने लिया प्रशिक्षण, दिव्यांग महिलाएं भी रहीं शामिल

जशपुरनगर, 24 मार्च 2026/ महिलाओं को आत्मनिर्भर एवं स्वावलंबी बनाने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ दिव्यांगजन वित्त एवं विकास निगम, रायपुर द्वारा महावीर इंटरनेशनल सर्विस ऑर्गेनाइजेशन के सहयोग से मंगल भवन कुनकुरी में विगत दिवस कौशल विकास कार्यशाला का आयोजन किया गया। दो दिनों तक चले इस कार्यशाला का उद्देश्य महिलाओं को विभिन्न कौशलों में प्रशिक्षित कर उन्हें आय अर्जन के लिए सक्षम बनाना था, ताकि वे अपने परिवार की आर्थिक धुरी बन सकें। कार्यशाला में कुल 150 महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जिनमें 25 दिव्यांग महिलाएं भी शामिल थीं। प्रतिभागियों को उनकी रुचि के अनुसार विभिन्न विधाओं में प्रशिक्षण प्रदान किया गया, जिसमें हर्बल साबुन निर्माण, रिबन माला एवं गजरा बनाना, चॉकलेट निर्माण, मोमबत्ती बनाना, गोबर से निर्मित उत्पाद राखी, धूप कप, दीया तोरण, बोतल आर्ट, जैस्मिन आर्ट, झाड़ू एवं पोछा निर्माण तथा फिनाइल बनाना शामिल था।
   कार्यशाला के अंतिम दिन छत्तीसगढ़ दिव्यांगजन वित्त एवं विकास निगम के अध्यक्ष श्री लोकेश कावड़िया ने दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए आगामी माह से रायपुर में राज्य स्तरीय प्रशिक्षण केंद्र की शुरुआत के सम्बन्ध में जानकारी दी। उन्होंने अपने उद्बोधन में दिव्यांगजनों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने पर विशेष जोर दिया, ताकि वे समाज में सशक्त भूमिका निभा सकें। कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने अपने संबोधन में दिव्यांगजनों द्वारा तैयार की गई सामग्री एवं उनके कौशल की सराहना की। उन्होंने प्रदर्शित उत्पादों का अवलोकन किया तथा स्वयं भी सामग्री क्रय कर उनका उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर सर्किट हाउस में अध्यक्ष एवं कलेक्टर के बीच दिव्यांगजनों के कौशल विकास एवं आत्मनिर्भरता को लेकर सकारात्मक चर्चा भी हुई। 

*ऋण की पूर्ण अदायगी करने वाले 38 दिव्यांगजन सम्मानित*

जिले में वित्त एवं विकास निगम द्वारा पूर्व में प्रदान किए गए ऋण की पूर्ण अदायगी करने वाले 38 दिव्यांगजनों को साल, श्रीफल एवं प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों ने स्टॉलों का अवलोकन कर प्रतिभागियों द्वारा निर्मित उत्पादों की सराहना की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के निज सहायक श्री तुलसी कौशिक, सलाहकार श्री राजेश तिवारी, प्रबंधक श्री पंकज वर्मा, श्री भरत सिंह, जनपद सदस्य श्रीमती पिंकी गुप्ता सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में समाज कल्याण विभाग के उप संचालक श्री धर्मेंद्र कुमार साहू द्वारा आभार व्यक्त किया गया।

और भी

जशपुर में कलेक्टर की सख्त समीक्षा बैठक : iGOT पोर्टल पर अनिवार्य पंजीयन, 3 कोर्स पूरा कर प्रमाण पत्र लेने के निर्देश—ई-ऑफिस लागू करने की सख्ती, स्मार्ट मीटर और सौर ऊर्जा योजना में तेजी लाने के आदेश

जशपुर 24 मार्च 2026/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने सोमवार को साप्ताहिक समय सीमा की बैठक लेकर मुख्यमंत्री  जनदर्शन कलेक्टर जनदर्शन और टीएल के लंबित प्रकरणों की गहन समीक्षा करते हुए लंबित प्रकरणों का निराकरण समय सीमा के भीतर करने के निर्देश दिए हैं।


कलेक्टर ने बिजली विभाग के अधिकारियों को पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का लाभ लोगों को देने के लिए कहा है। और घरों में स्मार्ट मीटर लगाने के  दिए गए लक्ष्य को शत-प्रतिशत पूरा करने के निर्देश दिए हैं।

कलेक्टर ने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को iGOT पोर्टल में अपना पंजीयन करवाने के निर्देश दिए हैं और सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को तीन कोर्स पूरा करके प्रमाण पत्र प्राप्त करने के लिए कहा है।

उन्होंने कहा कि सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को तीन कोर्स अनिवार्य रूप से करने के निर्देश दिए हैं।

कलेक्टर ने ई आफिस के संचालन की प्रगति की समीक्षा की और सभी विभागों के अधिकारियों को ई आफिस के माध्यम से ही फाइल भेजने के निर्देश दिए हैं।

इस अवसर पर सहायक कलेक्टर श्री अनिकेत अशोक अपर कलेक्टर श्री प्रदीप कुमार साहू सभी एसडीएम और जिला स्तरीय अधिकारीगण उपस्थित थे।

कलेक्टर ने विघुत विभाग के अधिकारीयों को हितग्राहियों के घरों की छत पर सौर ऊर्जा पैनल लगाकर हर महीने 300 यूनिट तक मुफ्त‌ लाभ देने के भी निर्देश दिए हैं।
इस योजना के तहत लोगों को सब्सिडी और कम ब्याज पर लोन की भी सुविधा उपलब्ध कराया गया है।

कलेक्टर ने समीक्षा के दौरान जल संरक्षण संवर्धन के लिए सभी अधिकारियों को कार्य करने के निर्देश दिए हैं। 
उन्होंने कहा कि शासकीय भवनों और निजी भवनों में रैन हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाने के लिए कहा है।
इसके माध्यम से घर या इमारतें की छत पर बारिश का पानी एकत्र किया जाता है।

उन्होंने कहा जहां पानी निकासी की सुविधा है उन स्थानों पर सोखता गढ्ढा बनाकर जल संरक्षण संवर्धन के तहत बेहतर कार्य किए जा सकते हैं।

और भी

संभाग स्तरीय सरगुजा ओलंपिक 2026 में जशपुर का परचम—443 खिलाड़ियों का दम, 17 स्वर्ण, 20 रजत और 16 कांस्य पदकों की ऐतिहासिक जीत से जिला हुआ गौरवान्वित

जशपुरनगर 24 मार्च 2026/ छत्तीसगढ़ शासन, खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित संभाग स्तरीय सरगुजा ओलंपिक 2026 में जशपुर जिले के प्रतिभागियों ने विभिन्न विधाओं में पदक प्राप्त कर जशपुर जिले को गौरवांवित किया है। उक्त आयोजिन  21 मार्च से 23 मार्च 2026 तक सरगुजा जिले के अंबिकापुर में आयोजित किया गया। 

जिसमें जशपुर जिले के कुल 443 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिसमें विजेता प्रतिभागियों में 17 स्वर्ण पदक, 20 रजत पदक व 16-कांस्य पदक प्राप्त किया।
विजेता प्रतिभागियों की जानकारी निम्नानुसार है -
100 मीटर दौड़ - 2 स्वर्ण पदक
400 मीटर दौड़ - 1 कांस्य पदक
4×100 मीटर रिले रेस - 2 रजत पदक 
लंबी कूद 1 कांस्य पदक ऊंची कूद 1 स्वर्ण पदक, 1 कांस्य पदक
गोला फेंक 1 रजत पदक
तवा फेंक 1स्वर्ण पदक,2 रजत पदक
भाला फेंक 1 स्वर्ण पदक, 2 रजत पदक तीरंदाजी 30 मीटर एकल - 1 रजत पदक, 2 कांस्य पदक
 तीरंदाजी 30 मीटर दलीय 1 स्वर्ण पदक, 3 रजत पदक बैडमिंटन एकल 1 कांस्य पदक बैडमिंटन युगल 3 कांस्य पदक 
फुटबॉल -1 स्वर्ण पदक, 2 कांस्य पदक हॉकी 4 स्वर्ण पदक कुश्ती 2 स्वर्ण पदक, 4 रजत पदक, 1 कांस्य पदक कराते - 2 रजत पदक, 1 कांस्य पदक
 कबड्डी - 1 स्वर्ण पदक, 2 रजत पदक खो-खो - 3 स्वर्ण पद
व्हॉलीबॉल - 1 कांस्य पदक
बास्केटबॉल 2 कांस्य पदक शामिल हैं।

और भी