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प्रधानमंत्री आज छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव में हिस्सा लेंगे,14,260 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे

प्रधानमंत्री शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक और जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी संग्रहालय का उद्घाटन करेंगे

दिल की बात: प्रधानमंत्री जन्मजात हृदय रोगों का उपचार करा रहे बच्चों से परस्पर बातचीत करेंगे

प्रधानमंत्री छत्तीसगढ़ विधानसभा के नए भवन का उद्घाटन करेंगे और भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा का अनावरण करेंगे

प्रधानमंत्री आध्यात्मिक शिक्षा और ध्यान के आधुनिक केंद्र ब्रह्माकुमारी के 'शांति शिखर' का उद्घाटन करेंगे

रायपुर 1 नवम्बर 2025/प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी 1 नवंबर को छत्तीसगढ़ का दौरा करेंगे। प्रधानमंत्री सुबह लगभग 10 बजे, 'दिल की बात' कार्यक्रम के तहत, नवा रायपुर अटल नगर स्थित श्री सत्य साईं संजीवनी अस्पताल में 'जीवन का उपहार' समारोह में जन्मजात हृदय रोगों का सफलतापूर्वक उपचार करा चुके 2500 बच्चों से परस्पर बातचीत करेंगे।

प्रधानमंत्री इसके बाद लगभग 10:45 बजे ब्रह्माकुमारी के "शांति शिखर" का उद्घाटन करेंगे, जो आध्यात्मिक शिक्षा, शांति और ध्यान का एक आधुनिक केंद्र है।

प्रधानमंत्री इसके बाद लगभग 11:45 बजे, नवा रायपुर अटल नगर स्थित छत्तीसगढ़ विधानसभा के नए भवन में भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी की प्रतिमा का अनावरण करेंगे। इसके बाद, वह छत्तीसगढ़ विधानसभा के नए भवन का उद्घाटन करेंगे। यह भवन ग्रीन बिल्डिंग अवधारणा पर बनाया गया है, जिसे पूरी तरह सौर ऊर्जा से संचालित और वर्षा जल संचयन प्रणाली से सुसज्जित करने की योजना है। इस अवसर पर वह उपस्थित जनसमूह को भी संबोधित करेंगे।

प्रधानमंत्री दोपहर लगभग 1:30 बजे शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक एवं जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी संग्रहालय का उद्घाटन करेंगे और उसका अवलोकन करेंगे। यह संग्रहालय राज्य के जनजातीय समुदायों के साहस, बलिदान और देशभक्ति की विरासत को संरक्षित और प्रदर्शित करेगा। प्रधानमंत्री स्वतंत्रता सेनानियों के सम्मान में संग्रहालय पोर्टल और ई-बुक "आदि शौर्य" का शुभारंभ करेंगे और स्मारक स्थल पर शहीद वीर नारायण सिंह की घुड़सवार प्रतिमा का अनावरण करेंगे।

प्रधानमंत्री इसके बाद, दोपहर लगभग 2:30 बजे छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव में हिस्सा लेंगे। प्रधानमंत्री सड़क, उद्योग, स्वास्थ्य सेवा और ऊर्जा जैसे प्रमुख सेक्टरों से जुड़ी 14,260 करोड़ रुपये से अधिक की विकासात्मक और रूपांतरकारी परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे।

प्रधानमंत्री ग्रामीण आजीविका को सुदृढ़ करने के लिए छत्तीसगढ़ के नौ जिलों में 12 नए स्टार्ट-अप ग्राम उद्यमिता कार्यक्रम (एसवीईपी) ब्लॉकों का उद्घाटन करेंगे। प्रधानमंत्री 3.51 लाख पूर्ण हो चुके घरों के गृह प्रवेश में शामिल होंगे और प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत 3 लाख लाभार्थियों को 1200 करोड़ रुपये की किश्तें जारी करेंगे, जिससे राज्य भर के ग्रामीण परिवारों के लिए सम्मानजनक आवास और सुरक्षा सुनिश्चित होगी।

प्रधानमंत्री कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने के लिए पत्थलगांव-कुनकुरी से छत्तीसगढ़-झारखंड सीमा तक चार लेन वाले ग्रीनफील्ड हाईवे की आधारशिला रखेंगे। इसे भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) द्वारा भारतमाला परियोजना के तहत लगभग 3,150 करोड़ रुपये की लागत से विकसित किया जा रहा है। यह रणनीतिक गलियारा कोरबा, रायगढ़, जशपुर, रांची और जमशेदपुर में प्रमुख कोयला खदानों, औद्योगिक क्षेत्रों और इस्पात संयंत्रों को जोड़ेगा। यह एक प्रमुख आर्थिक मार्ग के रूप में कार्य करेगा और क्षेत्रीय व्यापार संबंधों को सुदृढ़ करेगा तथा मध्य भारत को पूर्वी क्षेत्र के साथ समेकित करेगा।

प्रधानमंत्री इसके अतिरिक्त, बस्तर और नारायणपुर जिलों में कई खंडों में फैले राष्ट्रीय राजमार्ग-130डी (नारायणपुर-कस्तूरमेटा-कुतुल-नीलांगुर-महाराष्ट्र सीमा) के निर्माण और उन्नयन की आधारशिला रखेंगे। प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राजमार्ग-130सी (मदंगमुडा-देवभोग-ओडिशा सीमा) को पक्के शोल्डर वाले दो-लेन राजमार्ग में उन्नत करने का भी उद्घाटन करेंगे। इससे जनजातीय और सुदूरवर्ती क्षेत्रों में सड़क संपर्क में उल्लेखनीय वृद्धि होगी, स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा और बाजारों तक पहुंच में सुधार होगा और दूरदराज के क्षेत्रों में सामाजिक-आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा।

प्रधानमंत्री विद्युत क्षेत्र में अंतर-क्षेत्रीय ईआर-डब्ल्यूआर इंटरकनेक्शन परियोजना का उद्घाटन करेंगे, जिससे पूर्वी और पश्चिमी ग्रिडों के बीच अंतर-क्षेत्रीय विद्युत अंतरण क्षमता में 1,600 मेगावाट की वृद्धि होगी, ग्रिड विश्वसनीयता में सुधार होगा और पूरे क्षेत्र में स्थिर विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित होगी।

प्रधानमंत्री इसके साथ ही 3,750 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली कई ऊर्जा क्षेत्र परियोजनाओं का लोकार्पण, उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे, जिसका उद्देश्य छत्तीसगढ़ की बिजली अवसंरचना को सुदृढ़ करना, आपूर्ति विश्वसनीयता में सुधार करना और ट्रांसमिशन क्षमता को बढ़ाना है।

प्रधानमंत्री पुनरोद्धार वितरण क्षेत्र योजना (आरडीएसएस) के तहत लगभग 1,860 करोड़ रुपये के कार्यों को समर्पित करेंगे। इनमें नई बिजली लाइनों का निर्माण, फीडर का विभाजन, ट्रांसफार्मरों की स्थापना, कंडक्टरों का रूपांतरण और ग्रामीण एवं कृषि बिजली आपूर्ति में सुधार के लिए निम्न-दाब नेटवर्क को सुदृढ़ करना शामिल है। प्रधानमंत्री रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, बेमेतरा, गरियाबंद और बस्तर जैसे जिलों में लगभग 480 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित नौ नए बिजली सबस्टेशनों का भी उद्घाटन करेंगे। इनसे स्थिर वोल्टेज सुनिश्चित होने, कटौती कम होने और सुदूरवर्ती तथा जनजातीय क्षेत्रों में भी विश्वसनीय बिजली उपलब्ध होने से 15 लाख से अधिक लोगों को लाभ होगा। इसके अतिरिक्त, राज्य में बिजली की पहुंच और गुणवत्ता को और बढ़ाने के लिए कई जिलों में नए आरडीएसएस कार्यों के साथ-साथ कांकेर और बलौदाबाजार-भाटापारा में प्रमुख सुविधाओं सहित 1,415 करोड़ रुपये से अधिक के नए सबस्टेशनों और ट्रांसमिशन परियोजनाओं की आधारशिला रखी जाएगी।

प्रधानमंत्री पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस क्षेत्र में रायपुर में एचपीसीएल के अत्याधुनिक पेट्रोलियम तेल डिपो का उद्घाटन करेंगे। यह डिपो 460 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से निर्मित है और इसकी भंडारण क्षमता 54,000 किलोलीटर पेट्रोल, डीजल और इथेनॉल की है। यह सुविधा केंद्र एक प्रमुख ईंधन केंद्र के रूप में काम करेगा और छत्तीसगढ़ तथा पड़ोसी राज्यों में निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करेगा। 10,000 किलोलीटर इथेनॉल भंडारण क्षमता के साथ, यह डिपो इथेनॉल मिश्रण कार्यक्रम का भी समर्थन करता है, जिससे जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता कम होती है और स्वच्छ ऊर्जा विकास को बढ़ावा मिलता है।

प्रधानमंत्री लगभग 1,950 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 489 किलोमीटर लंबी नागपुर-झारसुगुड़ा प्राकृतिक गैस पाइपलाइन का भी लोकार्पण करेंगे। यह परियोजना भारत के ऊर्जा मिश्रण में प्राकृतिक गैस की हिस्सेदारी को 15 प्रतिशत तक बढ़ाने और "एक राष्ट्र, एक गैस ग्रिड" का लक्ष्य अर्जित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। यह पाइपलाइन छत्तीसगढ़ के 11 जिलों को राष्ट्रीय गैस ग्रिड से जोड़ेगी, जिससे औद्योगिक विकास को बढ़ावा मिलेगा और क्षेत्र को स्वच्छ एवं किफायती ईंधन उपलब्ध होगा।

प्रधानमंत्री औद्योगिक विकास और रोजगार को बढ़ावा देने के लिए दो स्मार्ट औद्योगिक क्षेत्रों—एक जांजगीर-चांपा जिले के सिलादेही-गतवा-बिर्रा में और दूसरा राजनांदगांव जिले के बिजलेटला - की आधारशिला रखेंगे। इसके अतिरिक्त, प्रधानमंत्री नवा रायपुर अटल नगर के सेक्टर-22 में एक फार्मास्युटिकल पार्क की आधारशिला रखेंगे। यह पार्क औषधि और स्वास्थ्य सेवा विनिर्माण के लिए एक समर्पित क्षेत्र के रूप में कार्य करेगा।

प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए पांच नए सरकारी मेडिकल कॉलेजों — मनेंद्रगढ़, कबीरधाम, जांजगीर-चांपा और गीदम (दंतेवाड़ा) में और बिलासपुर में सरकारी आयुर्वेद कॉलेज तथा अस्पताल — की आधारशिला रखेंगे। ये परियोजनाएं छत्तीसगढ़ में चिकित्सा शिक्षा को सुदृढ़ करेंगी, स्वास्थ्य सेवा की पहुंच बढ़ाएंगी और पारंपरिक चिकित्सा को बढ़ावा देंगी।

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आज प्रधान मंत्री के हाथों होगा आदिवासी वीर नायकों को समर्पित देश का पहला डिजिटल संग्रहालय

रायपुर 1 नवम्बर 2025/छत्तीसगढ़ की धरती पर 1 नवम्बर को इतिहास रचा जाएगा, जब प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी राज्य स्थापना की 25वीं वर्षगांठ पर देश के पहले डिजिटल ट्राइबल म्यूज़ियम शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक सह‑जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का लोकार्पण करेंगे। यह भव्य संग्रहालय उन आदिवासी वीर नायकों को समर्पित है, जिन्होंने अंग्रेज़ी हुकूमत के विरुद्ध अपने प्राणों की आहुति दी और छत्तीसगढ़ की अस्मिता की रक्षा की।

आदिवासी नायक भगवान बिरसा मुंडा जहां देशभर के आदिवासियों के प्रेरणापुंज हैं, वहीं छत्तीसगढ़ में सोनाखान के ज़मींदार वीर नारायण सिंह ने फिरंगियों के विरुद्ध बिगुल फूंका था। उन्होंने अन्याय और शोषण के खिलाफ संघर्ष करते हुए अपने प्राणों की आहुति दी। उन्हें छत्तीसगढ़ का प्रथम शहीद माना जाता है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने शहीद वीर नारायण सिंह और अंग्रेज़ों के विरुद्ध संघर्ष करने वाले आदिवासी नायकों की स्मृतियों को सहेजने के उद्देश्य से नवा रायपुर में इस अद्वितीय संग्रहालय की स्थापना का निर्णय लिया। 

*50 करोड़ की लागत से बना अनूठा डिजिटल संग्रहालय*

नवा रायपुर के सेक्टर-24 में लगभग 50 करोड़ रुपये की लागत से तैयार शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक सह‑जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय देश का पहला डिजिटल संग्रहालय है। इसकी डिज़ाइन, अवधारणा और तकनीकी संरचना आधुनिकतम मानकों पर आधारित है। संग्रहालय में अत्याधुनिक वीएफएक्स टेक्नोलॉजी, प्रोजेक्शन सिस्टम, डिजिटल स्क्रीन, और मोबाइल पर क्यूआर कोड स्कैन करने की सुविधा उपलब्ध है, जिससे आगंतुक हर कथा को डिजिटल माध्यम से अनुभव कर सकेंगे।

*आदिवासी विद्रोहों की जीवंत कहानी – 14 सेक्टरों में सजा इतिहास*

संग्रहालय में छत्तीसगढ़ के प्रमुख आदिवासी आंदोलनों—हल्बा विद्रोह, सरगुजा विद्रोह, भोपालपट्टनम, परलकोट, तारापुर, लिंगागिरी, कोई, मेरिया, मुरिया, रानी चौरिस, भूमकाल, सोनाखान विद्रोह, झंडा सत्याग्रह और जंगल सत्याग्रह—की जीवंत झलक दिखाई जाएगी। इन ऐतिहासिक विद्रोहों को 14 सेक्टरों में विभाजित कर प्रस्तुत किया गया है, ताकि दर्शक हर संघर्ष और उसकी प्रेरक गाथा को समझ सकें।

संग्रहालय परिसर में शहीद वीर नारायण सिंह का भव्य स्मारक भी बनाया गया है। यह स्मारक न केवल श्रद्धांजलि का स्थल होगा, बल्कि नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत भी बनेगा। प्रवेश द्वार पर सरगुजा के कलाकारों द्वारा तैयार की गई सुंदर नक्काशीदार पैनलें लगाई गई हैं। वहीं परिसर में 1400 वर्ष पुराने साल, महुआ और साजा वृक्ष की प्रतिकृतियाँ स्थापित की गई हैं, जिनकी पत्तियों पर 14 विद्रोहों की डिजिटल कहानियाँ उकेरी गई हैं। 

*सुविधाओं से सुसज्जित आधुनिक परिसर*

संग्रहालय में सेल्फी प्वाइंट, दिव्यांगजनों और वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष सुविधाएँ, ट्राइबल आर्ट से सजा फर्श, और भगवान बिरसा मुंडा, शहीद गैंदसिंह की मूर्तियाँ स्थापित की गई हैं। ये सभी तत्व संग्रहालय को एक जीवंत सांस्कृतिक और भावनात्मक अनुभव का केंद्र बनाते हैं।

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर जनजातीय गौरव दिवस मनाने की परंपरा की शुरुआत की थी। उन्होंने आदिवासी समाज को मुख्यधारा में लाने के लिए देश का सबसे बड़ा अभियान पीएम जनमन और प्रधानमंत्री धरती आबा ग्राम उत्कर्ष योजना प्रारंभ की। इन पहलों के अंतर्गत आदिवासी इलाकों में शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका और बुनियादी ढांचे के विकास को प्राथमिकता दी जा रही है।

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा  शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक सह‑जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय का लोकार्पण छत्तीसगढ़ की रजत जयंती वर्ष के एक ऐसे क्षण के रूप में दर्ज होगा जो इतिहास, परंपरा और आधुनिकता को एक सूत्र में पिरो देगा।

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छत्तीसगढ़ विधानसभा का नया भवन : परंपरा और आधुनिकता का संगम : आज रजत जयन्ती वर्ष पर प्रधानमंत्री द्वारा भव्य और आधुनिक विधानसभा भवन का लोकार्पण

रायपुर, 1 नवम्बर 2025/छत्तीसगढ़ के इतिहास में 1 नवम्बर का दिन एक नया अध्याय जोड़ने जा रहा है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी राज्य की जनता को विधानसभा का नया भवन समर्पित करेंगे। वर्ष 2000 में राज्य गठन के बाद रायपुर के राजकुमार कॉलेज से शुरू हुई छत्तीसगढ़ विधानसभा को 25 वर्षों के बाद रजत जयंती वर्ष में अपना भव्य, आधुनिक और पूर्ण सुविधायुक्त स्थायी भवन मिलने जा रहा है। यह भवन केवल एक खूबसूरत इमारत ही नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति, परंपरा और आस्था का प्रतीक भी है।

‘धान का कटोरा’ कहलाने वाले छत्तीसगढ़ की पहचान को इस भवन की वास्तुकला में बखूबी पिरोया गया है। विधानसभा के सदन की सीलिंग पर धान की बालियों और पत्तियों को उकेरा गया है, जो प्रदेश की कृषि-प्रधान संस्कृति का प्रतीक है। भवन के ज्यादातर दरवाजे और फर्नीचर बस्तर के पारंपरिक काष्ठ शिल्पियों द्वारा बनाए गए हैं। इस तरह नया विधानसभा भवन आधुनिकता और परंपरा का एक जीवंत संगम बन गया है।

भविष्य की जरूरतों के अनुरूप अत्याधुनिक भवन

नए विधानसभा भवन को वर्तमान और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए डिजाइन किया गया है। यह पूरी तरह सर्वसुविधायुक्त और सुसज्जित भवन है, जिसके सदन को 200 सदस्यों तक के बैठने के लिए विस्तारित किया जा सकता है। पेपरलेस विधानसभा संचालन के लिए आवश्यक तकनीकी सुविधाओं का समावेश भी किया गया है, जिससे यह भवन ‘स्मार्ट विधानसभा’ के रूप में विकसित होगा।

324 करोड़ की लागत से बना 51 एकड़ में फैला परिसर

कुल 51 एकड़ में फैले इस परिसर का निर्माण 324 करोड़ रुपए की लागत से किया गया है। भवन को तीन मुख्य हिस्सों—विंग-ए, विंग-बी और विंग-सी—में विभाजित किया गया है। विंग-ए में विधानसभा का सचिवालय, विंग-बी में सदन, सेंट्रल हॉल, मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष के कार्यालय, तथा विंग-सी में मंत्रियों के कार्यालय स्थित हैं।

हरित तकनीक से निर्मित पर्यावरण अनुकूल भवन

यह भवन पूरी तरह पर्यावरण अनुकूल और हरित निर्माण तकनीक से बनाया गया है। परिसर में सोलर प्लांट की स्थापना के साथ वर्षा जल संचयन हेतु दो सरोवर भी बनाए जा रहे हैं। इसके अलावा, भवन में पर्यावरण-संरक्षण के सभी मानकों का पालन किया गया है।

500 सीटर ऑडिटोरियम और 100 सीटर सेंट्रल हॉल

विधानसभा भवन में 500 दर्शक क्षमता वाला अत्याधुनिक ऑडिटोरियम और 100 सीटर सेंट्रल हॉल बनाया गया है। भवन की वास्तुकला आधुनिकता और पारंपरिक शैलियों का उत्कृष्ट मेल है।

तीन करोड़ जनता की आकांक्षाओं का प्रतीक

छत्तीसगढ़ की संस्कृति और शिल्प से सजे-संवरे इस नए विधानसभा भवन में राज्य के तीन करोड़ नागरिकों की उम्मीदें, आकांक्षाएं और आत्मगौरव साकार होता दिखेगा। यह भवन न केवल लोकतांत्रिक व्यवस्था  का, बल्कि छत्तीसगढ़ की पहचान, प्रगति और परंपरा का प्रतीक भी बनेगा।

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पत्थलगांव एसडीएम एवं निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी ने मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के साथ बैठक कर एसआईआर से जुड़ी प्रक्रियाओं और तैयारियों के संबंध में दी जानकारी

जशपुरनगर, 1 नवम्बर 2025/ विशेष गहन पुनरीक्षण  (एसआईआर) के संबंध में पत्थलगांव एसडीएम और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी श्री ऋतुराज सिंह  ने गुरुवार को सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के साथ एक  बैठक की। बैठक में उन्होंने एसआईआर से जुड़ी प्रक्रियाओं के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य में सहयोग करने की अपील भी की। उन्होंने जानकारी दी कि एसआईआर का कार्य डिजिटल तरीके से किया जाएगा।
   उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम मतदाता सूची की शुद्धता और अद्यतनता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किया जा रहा है। 

बैठक में बताया गया कि बीएलओ नए मतदाताओं के पंजीकरण हेतु फॉर्म-6 भरवाएंगे, मृत अथवा स्थानांतरित मतदाताओं की पहचान करेंगे।  बीएलओ द्वारा प्रत्येक मतदाता के घर का तीन बार भ्रमण किया जाएगा ताकि कोई भी पात्र मतदाता छूट न जाए और कोई भी अपात्र नाम शामिल न हो।

*विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम की प्रमुख तिथियाँ*

प्रशिक्षण एवं मुद्रण कार्य – 28 अक्टूबर से 3 नवम्बर 2025 तक,
घर-घर गणना चरण (सत्यापन कार्य) – 4 नवम्बर से 4 दिसम्बर 2025 तक, मसौदा मतदाता सूची का प्रकाशन – 9 दिसम्बर 2025 दावे एवं आपत्ति अवधि – 9 दिसम्बर 2025 से 8 जनवरी 2026 तक, नोटिस, सुनवाई एवं सत्यापन चरण – 9 दिसम्बर 2025 से 31 जनवरी 2026 तक औरअंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन – 7 फरवरी 2026 को होगा।

*गणना प्रपत्र हेतु सूचना पत्रक*

मतदाता अपने तथा अपने संबंधित परिजनों के नाम पिछले एसआईआर निर्वाचक नामावली में.https://voters.eci.gov.in/ पर देख सकते हैं, ताकि गणना प्रपत्र में आवश्यक विवरण सही रूप से भर सकें। सहायता हेतु, मतदाता अपने संबंधित बीएलओ से संपर्क कर सकते हैं। यदि गणना प्रपत्र में दिए गए पिछले एसआईआर निर्वाचक नामावली के विवरण उपलब्ध नहीं हैं या डेटाबेस से मेल नहीं खाते हैं, तो ईआरओ  ऐसे मतदाताओं को नोटिस जारी करेगा। नोटिस प्राप्त होने पर मतदाता को निम्नलिखित श्रेणियों के अनुसार आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे -
यदि जन्म 01.07.1987 से पहले भारत में हुआ है
स्वयं के लिए नीचे दी गई सूची से कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत करें, जो जन्म तिथि या जन्म स्थान प्रमाणित करता हो। यदि जन्म 01.07.1987 से 02.12.2004 के बीच भारत में हुआ है तो स्वयं के लिए नीचे दी गई सूची से कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत करें, जो जन्म तिथि या जन्म स्थान प्रमाणित करता हो
पिता या माता के लिए भी नीचे दी गई सूची से कोई दस्तावेज प्रस्तुत करें, जो उनकी जन्म तिथि या जन्म स्थान प्रमाणित करता हो। यदि जन्म 02.12.2004 के बाद भारत में हुआ है तो
स्वयं के लिए नीचे दी गई सूची से कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत करें, जो जन्म तिथि या जन्म स्थान प्रमाणित करता हो। पिता के लिए नीचे दी गई सूची से कोई दस्तावेज प्रस्तुत करें। जो उनकी जन्म तिथि या जन्म स्थान प्रमाणित करता हो, माता के लिए नीचे दी गई सूची से कोई दस्तावेज प्रस्तुत करें जो उनकी जन्म तिथि या जन्म स्थान प्रमाणित करता हो।  यदि किसी पिता या माता में से कोई भारतीय नागरिक नहीं है, तो आपके जन्म के समय उसका वैध पासपोर्ट और वीज़ा की प्रति संलग्न करें। यदि जन्म भारत के बाहर हुआ है (विदेश स्थित भारतीय मिशन) द्वारा जारी जन्म पंजीकरण प्रमाणपत्र की प्रति संलग्न करें।) यदि भारतीय नागरिकता पंजीकरण,स्वाभाविकरण  द्वारा प्राप्त की गई है नागरिकता पंजीकरण प्रमाणपत्र संलग्न करें।

संकेतात्मक दस्तावेजों की सूची नीचे दिए गए दस्तावेज़ स्वयं, पिता और माता तीनों के लिए अलग-अलग स्वयं सत्यापित रूप में संलग्न किए जाने चाहिए यदि लागू हों

1. किसी भी नियमित कर्मचारी,पेंशनभोगी को केंद्र,राज्य सरकार, सार्वजनिक उपक्रम द्वारा जारी पहचान पत्र या पेंशन भुगतान आदेश।
2. 01.07.1987 से पूर्व भारत में किसी भी सरकारी,स्थानीय निकाय,बैंक,डाकघर, एलआईसी, पीएसयू  द्वारा जारी पहचान पत्र या प्रमाणपत्र।
3. सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी जन्म प्रमाणपत्र।
4. पासपोर्ट।
5. मैट्रिकुलेशन या शैक्षणिक प्रमाणपत्र।
6. स्थायी निवास प्रमाणपत्र ।
7. वन अधिकार प्रमाणपत्र।
8. OBC/SC/ST या अन्य जाति प्रमाणपत्र।
9. राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर जहाँ लागू हो।
10. परिवार रजिस्टर (राज्य/स्थानीय प्राधिकरण द्वारा तैयार)।
11. सरकार द्वारा जारी भूमि/मकान आवंटन प्रमाणपत्र।

12. आधार से संबंधित मामलों में आयोग के पत्र क्रमांक 23/2025-ERS/Vol.II दिनांक 09.09.2025 (Annexure II) के निर्देश लागू होंगे।
13. दिनांक 01.07.2025 के सन्दर्भ में बिहार SIR की निर्वाचक नामावली का उद्धरण

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कलेक्टर की अध्यक्षता में जिलास्तरीय सड़क  सुरक्षा समिति की बैठक हुआ आयोजित, घायलों को मिले शीघ्र उपचार

 जशपुरनगर, 1 नवम्बर 2025/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास की अध्यक्षता में आज कलेक्टरेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री प्रदीप कुमार साहू, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल सोनी, सभी एसडीएम, एसडीओपी सहित स्वास्थ्य, आबकारी, पुलिस, यातायात एवं परिवहन विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
   बैठक में कलेक्टर श्री व्यास ने सड़क सुरक्षा से जुड़े सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटना की स्थिति में त्वरित चिकित्सा सहायता अत्यंत आवश्यक है।  इसलिए स्वास्थ्य विभाग यह सुनिश्चित करे कि किसी भी दुर्घटना की सूचना मिलते ही एम्बुलेंस तत्काल मौके पर पहुंचे और घायल व्यक्ति को शीघ्र उपचार उपलब्ध कराया जाए। इसके अलावा  कलेक्टर ने सड़क सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। साथ ही बार-बार यातायात नियमों  का उल्लंघन करने वालों पर कि नियमानुसार लाइसेंस निरस्तीकरण की कार्रवाई करने को कहा। 
    उन्होंने लर्निंग लाइसेंस निर्माण की प्रगति की भी समीक्षा की और इसे सतत रूप से जारी रखने को कहा।  कलेक्टर ने गांवों, हाट बाजारों, स्कूलों कॉलेजों और अन्य जगहों में हेलमेट के उपयोग  और यातायात के प्रति जागरुकता प्रसार करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने परिवहन विभाग को ओवरलोडिंग एवं ओवरस्पीडिंग करने वाले वाहनों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने हेतु भी निर्देशित किया। कलेक्टर ने  दुर्घटनाजन्य क्षेत्रों में किए गए सुधारात्मक कार्यों की समीक्षा करते हुए शेष कार्यों को शीघ्र पूरा करने के भी निर्देश दिए।

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कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने नारकोटिक्स कोऑर्डिनेशन सेंटर के कार्यों की समीक्षा,अवैध मादक पदार्थों की

जशपुरनगर, 1 नवम्बर 2025/ कलेक्टर श्री रोहित व्यास की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में नारकोटिक्स कोऑर्डिनेशन सेंटर (एनकोर्ड) की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री प्रदीप कुमार साहू, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल सोनी, सभी एसडीएम, एसडीओपी सहित स्वास्थ्य, आबकारी, पुलिस, यातायात एवं परिवहन विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
  बैठक में कलेक्टर श्री व्यास ने जिले में कोटपा एक्ट तथा एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत अब तक की गई कार्यवाहियों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अवैध मादक पदार्थों की बिक्री एवं तस्करी पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने सफेमा के तहत गांजा तस्करी के खिलाफ कार्यवाही की जानकारी ली और गांजा तस्करी में संलिप्त व्यक्तियों पर कठोर कार्रवाई करने हेतु निर्देशित किया।
    उन्होंने निर्देश देते हुए कहा कि जिले में नशा मुक्त भारत अभियान के तहत जनजागरूकता कार्यक्रमों को और अधिक प्रभावी बनाया जाए, ताकि समाज में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक किया जा सके। कलेक्टर श्री व्यास ने अवैध पशु तस्करी के खिलाफ नियमों के तहत कार्यवाही सतत रूप से जारी करने को कहा। साथ ही उन्होंने जिले के सभी ढाबों एवं होटलों का नियमित निरीक्षण करने और और किसी भी स्थान पर मादक पदार्थों की बिक्री पाए जाने  संबंधितों के खिलाफ  कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

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जिले में 2 से 4 नवम्बर तक मनाया जाने वाला राज्योत्सव की तैयारी का जायजा लेने पहुंचे जिला पंचायत सीईओ ने,दिया आवश्यक निर्देश


जशपुर 1 नवम्बर 2025/ जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार ने शुक्रवार को रणजीता स्टेडियम में छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस एवं रजत जयंती वर्ष 2025 के उपलक्ष्य में जिला में 2 नवंबर से 4 नवंबर तक तीन दिवसीय राज्योत्सव की तैयारी का लिया जायजा और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
इस अवसर पर डिप्टी कलेक्टर श्री प्रशान्त कुशवाहा डिप्टी कलेक्टर श्री हरिओम द्विवेदी और जिला स्तरीय अधिकारीगण उपस्थित थे।

उन्होंने कहा कि जिले में रणजीता स्टेडियम में राज्योत्सव 
 मनाया जाना है । कार्यकम के मुख्य अतिथि स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल रहेंगे।
कार्यकम में सभी अधिकारियों को अपने अपने विभाग से संबंधित शासकीय योजनाओं और विकास से संबंधित प्रदर्शनी लगाई जानी है। 

उन्होंने सभी अधिकारियों को अपने विभाग को आबंटित स्टालों का अवलोकन करने और  अपने विभागीय योजनाओं से संबंधित बैनर पोस्टर लगाने के निर्देश दिए हैं।जिला पंचायत सीईओ ने कहा कि राज्योत्सव के अवसर पर विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जाएगा इसके लिए संबंधित विभागों को कलाकारों का चयन करने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंन कार्यक्रम स्थल पर मंच पंडाल एवं स्टॉल निर्माण की संपूर्ण व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। इसी प्रकार कार्यक्रम स्थल पर पार्किंग, सुरक्षा व्यवस्था,बांस बल्ली विद्युत आपूर्ति, जनरेटर,माइक साउंड सिस्टम की व्यवस्था,लोक कला नृत्य व्यवस्था, आमंत्रण पत्र वितरण, कार्यक्रम स्थल पर पानी टैंकर,चलित सुलभ शौचालय,साफ सफाई की व्यवस्था, कार्यक्रम स्थल पर आवश्यक चिकित्सा व्यवस्था , इंटरनेट आदि सम्पूर्ण व्यवस्था करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं।

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आज प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा रजत जयंती एवं राज्य स्थापना दिवस पर जिले के 13000 हितग्राहियों को कराया जाएगा गृह प्रवेश 

*समाचार*

जशपुरनगर 1 नवम्बर 2025/राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर संपूर्ण प्रदेश में प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों का सामूहिक गृह प्रवेश कार्यक्रम आयोजित होगा।  
            राज्योत्सव स्थल रायपुर में आयोजित राज्य स्तरीय मुख्य कार्यक्रम में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा सांकेतिक रूप से गृह प्रवेश कार्यक्रम किया जाएगा। वर्ष 2016 से 2026 तक स्वीकृत आवास 112355 हैं जिनमें कुल 81466 आवास पूर्ण  हो चुके हैं।ं 13000 हितग्राहीयों के आवास में गृह प्रवेश होना है। 
         01 नवंबर राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर जशपुर जिले के सभी ग्राम पंचायत में सामूहिक गृह प्रवेश कराया जाएगा। इस दौरान नवनिर्मित घरों में दिए, रंगोली, पारंपरिक साज सज्जा से सजाया जाएगा। लाभार्थियों को खुशियों की चाबी, आभार पत्र, स्मृति चिन्ह भी प्रदान किए जाएंगे। 
          कलेक्टर श्री रोहित व्यास के दिशा-निर्देश और मुख्य कार्यपालन अधिकारी के मार्गदर्शन में सभी जनपदों में तैयारी पूरी कर ली गई है। प्रत्येक जनपद पंचायत सीईओ के माध्यम से ग्राम पंचायत में  कार्यक्रम की सफलता सुनिश्चित करने के लिए  नोडल अधिकारी नियुक्त किए गए हैं। जिसमें तकनीकी सहायक, सचिव, रोजगार सहायक, आवास मित्र एवं अन्य विभागों के अधिकारी कर्मचारी को जिम्मेदारी सौंपी गई है।

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मुख्यमंत्री श्री साय से अखिल भारतीय रामनामी महासभा के प्रतिनिधियों ने की सौजन्य भेंट

रायपुर 31 अक्टूबर 2025/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से मंत्रालय महानदी भवन स्थित मुख्यमंत्री सचिवालय में अखिल भारतीय रामनामी महासभा के प्रतिनिधि मंडल ने सौजन्य भेंट की। उन्होंने सक्ती जिले के ग्राम नंदेली में 29 दिसंबर को आयोजित होने वाले रामनामी मेला एवं संत समागम में मुख्यमंत्री श्री साय को आमंत्रित किया।मुख्यमंत्री श्री साय ने आमंत्रण के लिए महासभा के पदाधिकारियों का आभार व्यक्त किया और उन्हें शुभकामनाएँ दीं। 

इस अवसर पर अखिल भारतीय रामनामी महासभा की अध्यक्ष श्रीमती सेत बाई रामनामी, महासचिव श्री गुला राम रामनामी सहित रामनामी संप्रदाय से जुड़े अनेक सदस्य उपस्थित थे।

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सरदार पटेल जयंती पर जिला मुख्यालय सहित पूरे थाना/चौकी क्षेत्र  में 'रन फॉर यूनिटी' का आयोजन हुआ. इसके जरिए दिया गया राष्ट्रीय एकता व देशभक्ति का संदेश 

                                      
जशपुर 31 अक्टूबर 2025 : जिला जशपुर मुख्यालय जशपुर सहित पूरे थाना/चौकी में आज राष्ट्रीय एकता दिवस 31 अक्टूबर 2025 के अवसर पर रन फाॅर यूनिटी का आयोजन किया गया, जिसमें जशपुर विधानसभा क्षेत्र के माननीय विधायक श्रीमती रायमुनि भगत, जिले के कलेक्टर श्री रोहित व्यास, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी, एसडीएम श्री विष्वास राव मस्के, एसडीओपी जशपुर श्री चंदशेखर परमा, उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती मंजूलता बाज, उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती आशा तिर्की, अन्य सम्माननीय जनप्रतिनिधिगण क्षेत्र के गणमान्य नागरिक एवं स्कूल एवं महाविद्यालय छात्र-छात्राएं, प्रशासन एवं पुलिस के अधिकारी कर्मचारी गण सहभागी रहे।
                                  रक्षित केन्द्र जशपुर में विधायक जशपुर श्रीमती रायमुनी भगत के द्वारा रन फाॅर यूनिटी समूह को हरी झंडी दिखाकर दौड़ लगाने हेतु रवाना किया गया, समूह द्वारा जशपुर शहर का दौड़ लगाया लगाकर वापस रक्षित केन्द्र जशपुर परिसर में उपस्थित हुये। इस अवसर पर जनप्रतिनिधिगण, अधिकारीगण एवं नागरिकों द्वारा *एकता वृक्षारोपण* रक्षित केंद्र परिसर में किया गया। 
                                  तत्पष्चात् रक्षित केन्द्र जशपुर के सभागार में कार्यक्रम आयोजित कर जनप्रतिनिधि एवं अधिकारीगणों ने लौह पुरूष सरदार वल्लभभाई पटेल की जीवनी एवं देश की एकता-अखंडता हेतु उनके योगदान पर प्रेरणादायक उद्बोधन कर जनसमूह को राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई गई।

लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों से प्रेरणा लें - विधायक श्रीमती रायमुनी भगत।
                                        
                           विधायक श्रीमती रायमुनी भगत ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल ने एक भारत अखण्ड भारत के निर्माण में अभूतपूर्व योगदान दिया। उन्होंने बताया कि उस समय परिस्थितियाँ अत्यंत विपरीत थीं हमारा देश ब्रिटिश शासन के अधीन था, और अनेक छोटी-बड़ी रियासतों में विभाजित था। ब्रिटिश शासन द्वारा भारतीयों पर विभिन्न प्रकार के कर और प्रतिबंध लगाए जाते थे, जिससे आम नागरिक का जीवन अत्यंत कठिन था। विधायक श्रीमती भगत ने कहा कि ऐसी चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में भी सरदार पटेल ने अडिग राष्ट्रभक्ति और अद्भुत नेतृत्व का परिचय दिया। उन्होंने देशभर की 562 रियासतों को एकसूत्र में जोड़कर भारत को एक अखण्ड राष्ट्र के रूप में स्थापित किया। उन्होंने आगे कहा कि सरदार पटेल का जीवन त्याग, समर्पण और दृढ़़ संकल्प का प्रतीक है। उनकी दूरदृष्टि और मजबूत इच्छाशक्ति से ही भारत आज एकजुट, स्वतंत्र और सशक्त राष्ट्र के रूप में विश्व के सामने खड़ा है। श्रीमती भगत ने युवाओं से आह्वान किया कि वे सरदार पटेल के आदर्शों से प्रेरणा लेकर राष्ट्रीय एकता, भाईचारे और विकास के मार्ग पर अग्रसर हों।
                                     कलेक्टर जशपुर श्री रोहित व्यास ने संबोधित करते हुये कहा कि सरदार पटेल का जीवन हम सभी के लिए प्रेरणास्रोत है। उनका यह विश्वास कि “ *राष्ट्र की एकता ही उसकी सबसे बड़ी शक्ति है”* आज भी उतना ही प्रासंगिक है। उनके प्रयासों से ही हम आज एक मजबूत, एकजुट और स्वतंत्र भारत में गर्व से जी रहे हैं। उन्होनें कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल केवल देश की एकता के शिल्पी ही नहीं, बल्कि *भारत के आधुनिक प्रशासनिक ढांचे के संस्थापक भी थे।* उन्होंने स्वतंत्रता के बाद ऐसे मजबूत संस्थानों की नींव रखी जो आज भी देश की स्थिरता, निष्पक्षता और अखण्डता के आधारस्तंभ हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे सरदार पटेल के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाएँ, और राष्ट्र की एकता, अखण्डता और भाईचारे को सुदृढ़ करने में अपना योगदान दें।
                                अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जशपुर श्री अनिल सोनी ने कार्यक्रम के दौरान लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जीवनी पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि *"सरदार पटेल का योगदान न केवल देश स्वतंत्रता के लिए आंदोलन का नेतृत्व और सक्रिय सहभागिता में रही वरन स्वतंत्रता के पश्चात राष्ट्र के एकीकरण और अखण्ड भारत के निर्माण के शिल्पी रहे । उन्होंने देश की एकता के लिए जो योगदान दिया, वह सदा के लिए इतिहास के स्वर्ण अक्षरों में अंकित रहेगा।"* उन्होंने बताया कि उस समय भारत ब्रिटिश शासन और अनेक रियासतों में विभाजित था। आजादी के बाद जब देश को एक सूत्र में बांधने की चुनौती सामने आई, तब सरदार पटेल ने अपने दृढ़ इच्छाशक्ति, दूरदर्शिता और कुशल राजनीतिक नेतृत्व के बल पर उन रियासतों को भारतीय संघ में विलय कराया। उन्होंने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति, समझदारी और देशभक्ति से भारत को एक अखण्ड राष्ट्र के रूप में एकजुट किया।

                            इस अवसर पर *चित्रकला में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली एनईएस काॅलेज की छात्रा सुश्री प्रति मेंगरा, द्वितीय स्थान सरोज गर्वे, तृतीय स्थान सुश्री नेहा यादव एवं रंगोली प्रतियोगिता के प्रथम सुश्री प्रियंका बाई द्वितीय सुश्री अनुषा चैहान एवं तृतीय सुलोचना बाई को प्रशस्ति पत्र* प्रदान कर सम्मानित किया गया। 
                                  कार्यक्रम के दौरान माननीय विधायक जशपुर के द्वारा उपस्थित लोगों को राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम के दौरान मंच का संचालन रक्षित निरीक्षक श्री अमरजीत खूंटे द्वारा किया गया एवं उपस्थित लोगों का आभार प्रदर्षन उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती मंजूलता बाज द्वारा किया गया। इसके अलावा जिला के सभी थाना एवं चौकी में उपरोक्त अनुसार कार्यक्रम कराया गया है। 

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शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खरसोता में द्वितीय पालक-शिक्षक बैठक सम्पन्न

शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खरसोता में द्वितीय पालक-शिक्षक बैठक सम्पन्न

जशपुर 31 अक्टूबर 2025 : शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खरसोता में दिनांक 31 अक्टूबर 2025 को द्वितीय पालक-शिक्षक बैठक (Parent-Teacher Meeting) का सफल आयोजन किया गया। बैठक का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति, अनुशासन, उपस्थिति तथा सर्वांगीण विकास पर अभिभावकों और शिक्षकों के बीच संवाद स्थापित करना था। कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य श्री तिनतियुस टोप्पो, के स्वागत भाषण से हुआ। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि “विद्यालय और घर, दोनों ही बच्चे के जीवन के दो महत्वपूर्ण स्तंभ हैं। जब पालक और शिक्षक एक साथ मिलकर कार्य करते हैं, तब ही विद्यार्थी अपने लक्ष्य की ओर मजबूती से बढ़ते हैं।” बैठक में कक्षा-वार विद्यार्थियों की तिमाही परीक्षा परिणाम  रिपोर्ट प्रस्तुत की गई।

     शिक्षकों ने अभिभावकों को विद्यार्थियों की अध्ययन स्थिति, परीक्षा परिणाम और भविष्य की योजनाओं से अवगत कराया। अभिभावकों ने भी विद्यालय की शिक्षा व्यवस्था, अनुशासन और विद्यार्थियों के व्यवहार पर अपने सुझाव दिए तथा विद्यालय परिवार के प्रयासों की सराहना की। कार्यक्रम में राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर विद्यार्थी , शिक्षक, अभिभावक सभी ने राष्ट्रीय एकता और अखंडता बनाए रखने की शपथ ली। माहौल प्रेरणादायक रहा।

    प्रधानाचार्य ने सभी अभिभावकों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि विद्यालय बच्चों के उज्जवल भविष्य हेतु सदैव तत्पर रहेगा और पालक-शिक्षक संवाद इसी तरह निरंतर जारी रहेगा। इस अवसर पर विद्यालय के शिक्षक श्रीमती निर्मला भगत, दिनेश कुमार राम, शुकदेव कुमार कुर्रे, रामपति सायं पैकरा, रोपना उरांव, अजित मिश्रा,सुसन्ना तिर्की, संजय भगत (एसएमडीसी सदस्य) अभिभावक राजबल निराला, श्रीमती संतोषी बाई, पेट्रोल राम, दिलीप कुमार, सरोज भगत, सेवंती भगत उपस्थित थे।

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मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण कार्य के निष्पादन हेतु अंग्रेजी माध्यम स्कूल मनोरा में प्रशिक्षण 01 नवम्बर को

जशपुरनगर 31 अक्टूबर 2025/ मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी छत्तीसगढ़ रायपुर के द्वारा दिये गये निर्देशानुसार निर्वाचक नामावलियों का विशेष गहन पुनरीक्षण अर्हता तिथि 01 जनवरी 2025 के संदर्भ में 04 नवम्बर से 04 दिसम्बर 2025 तक मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण का कार्य बी.एल.ओ.व अविहित अधिकारियों के माध्यम से घर-घर जाकर किया जाना है। 
             तहसीलदार एवं सहायक निर्वाचन अधिकारी मनोरा ने गहन पुनरीक्षण कार्य हेतु प्रत्येक 10 मतदान केन्द्र पर एक प्रभारी अधिकारी नियुक्त किया गया है एवं प्रभारी अधिकारी के नियंत्रण में नोडल अधिकारी, सहायक नोडल अधिकारी, बी०एल०ओ० सुपरवाईजर, अविहित अधिकारी, बी०एल०ओ० कार्य करेंगे जिस हेतु पृथक से नियुक्ति आदेश जारी किया गया है। उक्त कार्य के निष्पादन हेतु  01 नवम्बर 2025 को स्वामी आत्मानंद हिन्दी, अंग्रेजी माध्यम स्कूल मनोरा में 12.00 बजे से प्रशिक्षण आयोजित किया गया है।

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मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल :– फरसाबहार में खुलेगा सत्यसाईं मातृत्व शिशु अस्पताल, पांच एकड़ जमीन चिन्हांकित, क्षेत्र के लोगों के लिए बड़ी सौगात........


जशपुरनगर 31 अक्टूबर 25/मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में जशपुर जिले की स्वास्थ्य सेवाएं नए आयाम गढ़ रही हैं। अब जिले के फरसाबहार क्षेत्र में देश की प्रसिद्ध समाजसेवी संस्था सत्यसाईं ट्रस्ट की ओर से मातृत्व शिशु चिकित्सालय अत्याधुनिक बाल हृदय रोग चिकित्सा उपचार अस्पताल की स्थापना की जा रही है। इस अस्पताल के लिए जिला प्रशासन ने पांच एकड़ भूमि का चिन्हांकन कर लिया है, और जब तक स्थायी भवन का निर्माण कार्य पूरा नहीं होता, तब तक संस्था फरसाबहार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में अस्थायी तौर पर अस्पताल का संचालन करेगी।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इसकी घोषणा फरसाबहार में आयोजित आत्मनिर्भर भारत संकल्प शिविर के दौरान की। उन्होंने कहा कि राजधानी रायपुर स्थित सत्यसाईं अस्पताल देशभर में अपने नि:स्वार्थ सेवा कार्यों के लिए प्रसिद्ध है — जहां बच्चों के हृदय रोग का उपचार पूरी तरह निशुल्क किया जाता है। इस अस्पताल में किसी प्रकार का कैश काउंटर तक नहीं है। अब तक वहां 40 हजार से अधिक बच्चों का निःशुल्क उपचार किया जा चुका है।मुख्यमंत्री साय ने बताया कि सत्यसाईं ट्रस्ट की इस सेवा भावना से प्रभावित होकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं इस अस्पताल का निरीक्षण करने जा रहे हैं। उन्होंने इस अवसर पर ट्रस्ट के संचालकों से जशपुर जैसे आदिवासी बाहुल्य जिले में स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में योगदान देने का आग्रह किया था। मुख्यमंत्री की इस अपील पर ट्रस्ट ने फरसाबहार में अस्पताल खोलने का निर्णय लिया है।मुख्यमंत्री साय ने कहा कि,जिले के लिए यह अस्पताल किसी वरदान से कम नहीं है। इसके शुरू होने से जशपुर के साथ-साथ पड़ोसी राज्यों — ओडिशा और झारखंड —के सीमावर्ती इलाकों के बच्चों को भी उच्चस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं निःशुल्क मिल सकेंगी।

 *जिले में स्वास्थ्य सेवाओं का हो रहा है व्यापक विस्तार*

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के दिसंबर 2023 में पदभार ग्रहण करने के बाद से जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में तेजी से कदम बढ़ाए गए हैं।जिले को कुनकुरी मेडिकल कॉलेज – मुख्यमंत्री साय के पहले बजट में कुनकुरी में मेडिकल कॉलेज की घोषणा कर जिले का दशकों पुराना सपना पूरा हुआ।प्रथम चरण में 220 बिस्तरों वाले अस्पताल के लिए 32 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत।संचालन हेतु 90 पदों की स्वीकृति दी गई।चराईडांड में भवन निर्माण हेतु भूमि चिन्हांकित भी की गई है।अस्थायी रूप से राजा देवशरण जिला चिकित्सालय में संचालन की प्रक्रिया जारी।जगदेव राम उरांव स्मृति चिकित्सालय, जशपुरनगर – 35 करोड़ की लागत से निर्माण कार्य प्रगति पर।सीटी स्कैन, आधुनिक आपातकालीन चिकित्सा सहित उन्नत स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
गिनाबहार मातृ-शिशु अस्पताल (MCH) – गर्भवती माताओं व नवजात शिशुओं के लिए उच्च स्तरीय सुविधा केंद्र निर्माणाधीन।
नर्सिंग एवं फिजियोथेरेपी कॉलेज की स्थापना – स्वास्थ्य शिक्षा में आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम।कुनकुरी में डायलिसिस केंद्र शुरू – किडनी से पीड़ित मरीजों को मिल रही है निःशुल्क डायलिसिस सेवा।जिले में6 उप-स्वास्थ्य केंद्रों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में उन्नत किया गया, वहीं जिले में एंबुलेंस की संख्या में वृद्धि और चिकित्सा स्टाफ की नियुक्ति से सेवा पहुंच में तेजी आई है।मुख्यमंत्री साय की इस संवेदनशील पहल से स्पष्ट है कि सरकार जशपुर को प्रदेश का स्वास्थ्य सेवा मॉडल जिला बनाने की दिशा में निरंतर प्रयासरत है। सत्यसाईं ट्रस्ट के अस्पताल की स्थापना से अब आदिवासी अंचल में भी विश्वस्तरीय उपचार की सुविधा उपलब्ध होगी वह भी पूरी तरह निःशुल्क और सेवा भावना के साथ।

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सरदार पटेल की 150वीं जयंती पर ‘रन फॉर यूनिटी’ का आयोजन, राष्ट्रीय एकता दिवस पर पुलिस सहित छात्र छात्राओं ने लगाई एकता की दौड़,दिलाई गई शपथ

नारायणपुर 31 अक्टूबर 2025 : देश के प्रथम गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल के 150 वीं जयंती के अवसर पर थाना नारायणपुर के द्वारा आज राष्ट्रीय एकता दिवस पर एकता दौड़ का आयोजन किया गया। जिसमे स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय के छात्र छात्राओं ने  आयोजित ’रन फॉर यूनिटी’ में शामिल होकर राष्ट्रीय एकता और अखंडता का संदेश दिया। 
  
लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती पर शुक्रवार को नारायणपुर में रन फॉर यूनिटी का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पुलिस प्रशासन, स्कूली छात्र-छात्राओं और ग्रामीणों ने एकजुट होकर एकता, अखंडता और राष्ट्रीय एकजुटता का संदेश दिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ पुलिस थाना परिसर से हुआ, जहां थाना प्रभारी सहित समस्त स्टाफ मौजूद रहे। बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी, स्कूली बच्चे, शिक्षक और नागरिक इसमें शामिल हुए। जैसे ही दौड़ का शुभारंभ हुआ, प्रतिभागियों ने एक भारत, श्रेष्ठ भारत, "जय सरदार पटेल" और वंदे मातरम् के नारों से वातावरण को देशभक्ति के रंग में रंग दिया।

   रन फॉर यूनिटी का कारवां जय स्तम्भ चौक से रवाना होकर नगर के प्रमुख मार्गों अटल चौराहा, बस स्टैंड रोड होते हुए स्कूल परिसर तक पहुंचा। यहां अधिकारियों और प्रतिभागियों ने सरदार पटेल की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके योगदान को नमन किया।

थाना नारायणपुर के द्वारा स्कूल में कराई गई प्रतियोगिता

जयंती समारोह के दौरान विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इस मौके पर थाना प्रभारी के मार्ग दर्शन में विभिन्न कार्यक्रम जैसे रंगोली प्रतियोगिता, चित्रकला प्रतियोगिता निबंध, वाद विवाद प्रतियोगिता का आयोजन  विद्यालय में किया गया। इस निबंध प्रतियोगिता में प्रथम स्थान कु.अन्नया नायक,द्वितीय ऋतिक राम,तृतीयआसुदेव राम चित्रकला में अभय महतो-प्रथम,कुमारी जयंती बाई-द्वितीय, शिवप्रसाद बैगा-तीसरा स्थान प्राप्त किया।रंगोली प्रतियोगिता में संगम भगत-प्रथम चंचल प्रजापति-द्वितीय कु.मीना प्रजापति-तीसरा स्थान प्राप्त किया।
 विजेता छात्र छात्राओं को अतिथियों द्वारा पुरस्कृत किया गया।

सरदार पटेल जयंती पर थाना परिसर में पौधा रोपण

शुक्रवार को भारत रत्न सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती मनाई गई। इस अवसर पर पौधा रोपण का कार्य किया गया, जयंती समारोह की शुरुआत सुबह 10 बजे मानव श्रृंखला बनाकर हुई। 'रन फॉर यूनिटी' कार्यक्रम में भारी संख्या में  लोगों ने भाग लिया।इसी क्रम में, नारायणपुर थाना परिसर में थाना प्रभारी श्री कश्यप, हवलदार पुरन पटेल, भाजपा नेता गोपाल यादव,ग्रामीण युवा मंडल उपाध्यक्ष  तुलेश्वर यादव,यशवंत यादव  के साथ वृक्षारोपण किया।

प्रभारी ने दिलाई राष्टीय एकता दिवस की शपथ

राष्ट्रीय एकता दिवस और लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के अवसर पर शुक्रवार को 'रन फॉर यूनिटी' का आयोजन किया गया। थाना प्रभारी ने  राष्ट्र निर्माण में सरदार वल्लभभाई पटेल के अमूल्य योगदान को नमन किया। इस अवसर पर पुलिसकर्मियों को राष्ट्रीय एकता दिवस की शपथ दिलाई। सभी ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा बनाए रखने का संकल्प लिया।

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केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री श्री जुएल ओराम ने मुख्यमंत्री से की सौजन्य मुलाकात

 

रायपुर 31 अक्टूबर 2025/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय से मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री श्री जुएल ओराम ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री श्री साय ने श्री जुएल ओराम का छत्तीसगढ़ में स्वागत करते हुए उन्हें बस्तर आर्ट का प्रतीक चिन्ह व शॉल भेंट किया। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने केंद्रीय मंत्री श्री जुएल ओराम से छत्तीसगढ़ में जनजातियों के विकास से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने श्री ओराम को राज्य में आदिवासी समुदाय के स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार सहित समग्र विकास के लिए किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने श्री ओराम को बताया कि छत्तीसगढ़ की जनजातीय संस्कृति बहुत समृद्ध है, जिसके संरक्षण और संवर्धन की दिशा में सरकार द्वारा सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री श्री ओराम ने राज्य में आदिवासी उत्थान की दिशा में किये जा रहे कार्यों की सराहना की। 

 इस अवसर पर आदिम जाति विकास मंत्री श्री रामविचार नेताम, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप, विधायक श्री किरण देव और श्री पुरंदर मिश्रा उपस्थित थे।

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राष्ट्रीय एकता दिवस पर कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने दिलाई एकता व अखंडता की शपथ

जशपुरनगर, 31 अक्टूबर 2025/ देश के प्रथम उप प्रधानमंत्री लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर आज राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया गया। इस अवसर पर कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने जिला कार्यालय परिसर में समस्त अधिकारी-कर्मचारियों को राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा बनाए रखने की शपथ दिलाई।

कार्यक्रम में अधिकारियों-कर्मचारियों ने राष्ट्र की एकता और अखंडता के लिए स्वयं को समर्पित करने तथा देशवासियों के बीच एकता का संदेश फैलाने की शपथ ली।
इस दौरान अधिकारी-कर्मचारियों ने अपने देश की आंतरिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ईमानदारी व निष्ठा से योगदान देने का संकल्प भी लिया।

इस अवसर पर डिप्टी कलेक्टर श्री प्रशांत कुशवाहा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

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कुनकुरी क्षेत्र के किसानों के लिए बड़ी सौगात — मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने ईब व्यपवर्तन योजना के मरम्मत एवं जीर्णोद्धार कार्य के लिए दी 37 करोड़ 9 लाख रुपए की मंजूरी, क्षेत्र के किसानों ने जताया आभार......

जशपुरनगर 31 अक्टूबर 25/मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ने किसानों के हित में एक और बड़ा कदम उठाते हुए जशपुर जिले के विकासखंड कुनकुरी की ईंब व्यपवर्तन योजना के मरम्मत एवं जीर्णोद्धार कार्य को प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की है। इस योजना के लिए ₹37 करोड़ 09 लाख 63 हजार की राशि स्वीकृत की गई है। इस स्वीकृति से कुनकुरी क्षेत्र के हजारों किसानों को सीधे लाभ मिलेगा।योजना के पूर्ण होने के बाद 3323 हेक्टेयर के विरुद्ध 1453 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई की सुविधा उपलब्ध होगी। इससे फसलों की उत्पादकता बढ़ेगी और किसानों की आय में भी इजाफा होगा।

    कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि ईब व्यपवर्तन योजना के जीर्णोद्धार से कृषि योग्य भूमि की सिंचाई क्षमता में महत्वपूर्ण सुधार होगा। लंबे समय से मरम्मत की आवश्यकता को लेकर किसान मांग कर रहे थे, जिसे अब मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने पूरा किया है।कुनकुरी क्षेत्र के किसानों ने इस निर्णय के लिए मुख्यमंत्री का आभार जताया है। उनका कहना है कि इस योजना के पुनर्जीवन से उनकी खेती फिर से सशक्त होगी और अब उन्हें सिंचाई के लिए वर्षा पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।

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मुख्यमंत्री श्री साय धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय के साथ आंवला वृक्ष की विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और स्वास्थ्य की कामना की

रायपुर, 31 अक्टूबर 2025/ आंवला नवमी के पावन अवसर पर आज मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री निवास में धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय के साथ आंवला वृक्ष की विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और स्वास्थ्य की कामना की। इस अवसर पर उन्होंने आंवला नवमी के सांस्कृतिक और आध्यात्मिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय परंपरा में आंवला वृक्ष को दिव्य और औषधीय गुणों  से युक्त माना गया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आंवला नवमी, जिसे अक्षय नवमी भी कहा जाता है, धन, आरोग्य और समृद्धि का संदेश देने वाला पर्व है। उन्होंने कहा कि यह मान्यता है कि आंवला वृक्ष के नीचे भोजन करने और आंवला फल का सेवन करने से स्वास्थ्य लाभ, मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होती है। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर प्रदेशवासियों से अपील करते हुए कहा कि सभी लोग प्राकृतिक एवं औषधीय वनस्पतियों के संरक्षण के प्रति जागरूक रहें। उन्होंने कहा कि प्रकृति हमारी संस्कृति का आधार है, और वृक्ष हमारे जीवन के पोषक हैं। वृक्षों की पूजा करने के साथ ही उन्हें सुरक्षित रखना भी हमारा सामूहिक दायित्व है।

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