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सोनक्यारी से बगीचा और सन्ना से सुलेसा तक सांसद राधेश्याम राठिया का ताबड़तोड़ दौरा, कार्यकर्ताओं से करेंगे सीधा संवाद, विकास कार्यों और जनसमस्याओं पर होगी चर्चा

जशपुर/नारायणपुर । रायगढ़ लोकसभा क्षेत्र के सांसद राधेश्याम राठिया  कल 13 जून को जशपुर जिले के विभिन्न क्षेत्रों के दौरे पर रहेंगे। जारी प्रोटोकॉल कार्यक्रम के अनुसार सांसद सुबह से शाम तक सोनक्यारी, सन्ना, सुलेसा और बगीचा क्षेत्र में आयोजित कार्यक्रमों में शामिल होंगे तथा कार्यकर्ताओं और आमजनों से मुलाकात कर क्षेत्रीय समस्याओं एवं विकास कार्यों की जानकारी लेंगे।

निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सांसद श्री राठिया सुबह 9 बजे जशपुर विश्राम गृह से सोनक्यारी (जशपुर) के लिए प्रस्थान करेंगे। सुबह 10:30 बजे सोनक्यारी पहुंचकर जनसंपर्क कार्यक्रम में भाग लेंगे। इसके बाद दोपहर 12 बजे तोरा, सन्ना में आयोजित कार्यक्रम में सहभागिता करेंगे।

दोपहर 1:30 बजे सन्ना रेस्ट हाउस में कार्यकर्ताओं से भेंट-मुलाकात एवं आरक्षित कार्यक्रम रखा गया है। इसके बाद अपराह्न 3 बजे सुलेसा, पण्डरापाठ में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगे। शाम 5 बजे बगीचा रेस्ट हाउस में कार्यकर्ताओं एवं स्थानीय जनप्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे।

दौरे के अंतिम चरण में सांसद शाम 7 बजे जशपुर जिले से अपने गृह निवास छर्राटांगर (धरमजयगढ़) के लिए रवाना होंगे।

सांसद के इस दौरे को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं एवं स्थानीय जनप्रतिनिधियों में उत्साह का माहौल है और विभिन्न स्थानों पर उनके स्वागत की तैयारियां की जा रही हैं।

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मानवता की मिसाल बनीं जशपुर विधायक रायमुनी भगत, सड़क दुर्घटना में घायल मां-बेटे को अपने निजी वाहन से पहुंचाया अस्पताल

जशपुर। जशपुर विधायक श्रीमती रायमुनी भगत ने एक बार फिर संवेदनशील जनप्रतिनिधि होने का परिचय देते हुए मानवता की मिसाल पेश की। ग्वालिन सरना के पास हुई सड़क दुर्घटना में घायल सेलेना तिर्की एवं उनके पुत्र अभिषेक तिर्की को तत्काल उपचार उपलब्ध कराने के लिए विधायक रायमुनी भगत ने अपने निजी वाहन से जिला चिकित्सालय जशपुर पहुंचाया।

जानकारी के अनुसार ग्वालिन सरना के समीप सड़क दुर्घटना में मां-बेटे घायल हो गए थे। घटना की जानकारी मिलते ही वहां से गुजर रहीं विधायक रायमुनी भगत ने बिना समय गंवाए घायलों की स्थिति का जायजा लिया और तत्काल उन्हें अपने निजी वाहन में बैठाकर जिला चिकित्सालय जशपुर के लिए रवाना हुईं। अस्पताल पहुंचने के बाद उन्होंने चिकित्सकों को आवश्यक उपचार शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए तथा घायलों के स्वास्थ्य की जानकारी ली।

विधायक के इस मानवीय और संवेदनशील व्यवहार की क्षेत्र में सराहना हो रही है। स्थानीय लोगों ने कहा कि जनप्रतिनिधि का यह कदम न केवल उनकी संवेदनशीलता को दर्शाता है, बल्कि संकट की घड़ी में आम लोगों के प्रति उनकी प्रतिबद्धता और सेवा भावना का भी परिचायक है।

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जशपुर के ग्रामीण अंचलों को मिली विकास की नई सौगात: विधायक रायमुनी भगत ने करोड़ों की सड़क परियोजनाओं का किया भूमिपूजन, अब गांवों तक पहुंचेगी विकास की रफ्तार 

जशपुर। जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क संपर्क को मजबूत बनाने और विकास की नई राह खोलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए जशपुर विधायक के मुख्य आतिथ्य में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत विभिन्न सड़क निर्माण कार्यों का भूमिपूजन संपन्न हुआ। इस अवसर पर जिला पंचायत सदस्य सहित क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों की लंबे समय से चली आ रही मांगों को ध्यान में रखते हुए कई महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं का विधिवत पूजा-अर्चना के साथ भूमिपूजन किया गया। विधायक रायमुनी भगत ने कहा कि सड़क केवल आवागमन का साधन नहीं बल्कि गांवों के सामाजिक और आर्थिक विकास की आधारशिला होती है। सड़क बनने से शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार तथा शासकीय योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना आसान हो जाता है।

भूमिपूजन कार्यक्रम के अंतर्गत गम्हरिया मुख्य मार्ग से जतराटोली ग्राम पहुंच मार्ग निर्माण कार्य की शुरुआत की गई। लगभग 4.25 किलोमीटर लंबी इस सड़क का निर्माण प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत किया जाएगा। ग्रामीणों द्वारा पूर्व में पेयजल और आवागमन संबंधी समस्याओं को लेकर मांग उठाई गई थी, जिसे विधायक रायमुनी भगत ने गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों के माध्यम से स्वीकृति दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सड़क निर्माण से जतराटोली सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों को सीधा लाभ मिलेगा।

इसी क्रम में झालटोली मुख्य मार्ग से घटगांव बस्ती पहुंच मार्ग निर्माण कार्य का भी भूमिपूजन किया गया। लगभग 1.3 किलोमीटर लंबी इस सड़क के निर्माण से स्थानीय ग्रामीणों को वर्षभर बेहतर आवागमन सुविधा उपलब्ध होगी। लंबे समय से सड़क सुविधा के अभाव में ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ता था, जिसे अब दूर किए जाने की दिशा में ठोस पहल हुई है।

इसके अलावा बगडोलिया से प्यारेटोली बस्ती पहुंच मार्ग निर्माण कार्य का भी शुभारंभ किया गया। लगभग 4 किलोमीटर लंबी इस सड़क के निर्माण पर करोड़ों रुपये की राशि व्यय की जाएगी। सड़क निर्माण पूर्ण होने के बाद ग्रामीणों को मुख्य मार्ग से सीधा संपर्क मिलेगा तथा कृषि, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच और अधिक आसान हो जाएगी।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक रायमुनी भगत ने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए लगातार कार्य कर रही है। सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए योजनाबद्ध तरीके से कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनने वाली ये सड़कें क्षेत्र के विकास में मील का पत्थर साबित होंगी और ग्रामीणों के जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव लाएंगी।

भूमिपूजन कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों ने विकास कार्यों की स्वीकृति के लिए विधायक रायमुनी भगत का आभार व्यक्त करते हुए उम्मीद जताई कि आने वाले समय में क्षेत्र में और भी जनहितकारी विकास कार्यों को गति मिलेगी। कार्यक्रम का माहौल उत्साहपूर्ण रहा और ग्रामीणों ने सड़क निर्माण कार्यों के शीघ्र पूर्ण होने की अपेक्षा व्यक्त की।

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राशिफल : किस राशि की चमकेगी किस्मत, किसे मिलेगा धन लाभ और किसके सामने आएंगी चुनौतियां, जानिए आज का पूरा ज्योतिषीय भविष्यफल

आज चंद्रमा की स्थिति और ग्रहों के प्रभाव से कई राशियों के लिए नए अवसर बन रहे हैं। कुछ लोगों को कार्यक्षेत्र में सफलता मिलेगी तो कुछ को आर्थिक मामलों में सावधानी बरतने की आवश्यकता होगी। आइए जानते हैं सभी 12 राशियों का विस्तृत राशिफल।

♈ मेष राशि (Aries)

आज का दिन उत्साह और ऊर्जा से भरपूर रहेगा। लंबे समय से रुके कार्यों में गति आएगी। नौकरीपेशा लोगों को वरिष्ठ अधिकारियों का सहयोग मिलेगा। व्यापार में नए संपर्क लाभदायक सिद्ध हो सकते हैं। परिवार में किसी शुभ समाचार से खुशी का माहौल रहेगा। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, लेकिन अनावश्यक खर्चों पर नियंत्रण रखें। विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता मिलने के संकेत हैं।

शुभ रंग: लाल
शुभ अंक: 9

♉ वृषभ राशि (Taurus)

आज धैर्य और समझदारी से काम लेने की आवश्यकता है। कार्यक्षेत्र में अतिरिक्त जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। व्यापारियों को लेन-देन में सतर्कता बरतनी होगी। परिवार के किसी सदस्य के स्वास्थ्य को लेकर चिंता हो सकती है। निवेश के मामलों में जल्दबाजी न करें। दांपत्य जीवन में मधुरता बनी रहेगी।

शुभ रंग: सफेद
शुभ अंक: 6

♊ मिथुन राशि (Gemini)

आज का दिन आपके लिए शुभ संकेत लेकर आया है। नौकरी में पदोन्नति या नई जिम्मेदारी मिलने की संभावना है। व्यापार में लाभ होगा। मित्रों और रिश्तेदारों से सहयोग मिलेगा। किसी पुराने विवाद का समाधान निकल सकता है। विद्यार्थियों के लिए समय अनुकूल है। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा।

शुभ रंग: हरा
शुभ अंक: 5

♋ कर्क राशि (Cancer)

भावनाओं में बहकर कोई बड़ा निर्णय न लें। कार्यस्थल पर मेहनत का सकारात्मक परिणाम मिलेगा। आर्थिक मामलों में लाभ के योग बन रहे हैं। परिवार में किसी मांगलिक कार्यक्रम की चर्चा हो सकती है। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न करें। खानपान संतुलित रखें।

शुभ रंग: क्रीम
शुभ अंक: 2

♌ सिंह राशि (Leo)

आज आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। नेतृत्व क्षमता के कारण कार्यक्षेत्र में सम्मान मिलेगा। व्यापार विस्तार की योजनाएं सफल हो सकती हैं। राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों को विशेष लाभ मिलने के संकेत हैं। परिवार में सुख-शांति बनी रहेगी। यात्रा के योग बन सकते हैं।

शुभ रंग: सुनहरा
शुभ अंक: 1

♍ कन्या राशि (Virgo)

आज मेहनत का पूरा फल मिलने वाला है। नौकरी और व्यवसाय दोनों क्षेत्रों में सकारात्मक परिणाम मिलेंगे। आर्थिक स्थिति पहले से बेहतर होगी। किसी महत्वपूर्ण व्यक्ति से मुलाकात भविष्य में लाभदायक सिद्ध हो सकती है। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। विद्यार्थियों का मन पढ़ाई में लगेगा।

शुभ रंग: हरा
शुभ अंक: 7

♎ तुला राशि (Libra)

आज संतुलित व्यवहार आपके लिए सफलता का मार्ग खोलेगा। कार्यक्षेत्र में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। व्यापार में लाभ होगा लेकिन साझेदारी के मामलों में सावधानी रखें। परिवार के साथ समय बिताने का अवसर मिलेगा। जीवनसाथी का सहयोग प्राप्त होगा।

शुभ रंग: गुलाबी
शुभ अंक: 6

♏ वृश्चिक राशि (Scorpio)

आज का दिन मिश्रित फल देने वाला रहेगा। किसी पुराने कार्य को पूरा करने में सफलता मिलेगी। आर्थिक लाभ के अवसर मिलेंगे। विरोधी सक्रिय रह सकते हैं, इसलिए सतर्क रहें। स्वास्थ्य संबंधी छोटी-मोटी परेशानियां हो सकती हैं। धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी।

शुभ रंग: मरून
शुभ अंक: 8

♐ धनु राशि (Sagittarius)

आज भाग्य का पूरा साथ मिलेगा। नौकरी और व्यवसाय में प्रगति के संकेत हैं। रुका हुआ धन वापस मिल सकता है। पारिवारिक वातावरण सुखद रहेगा। विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा से संबंधित शुभ समाचार मिल सकता है। यात्रा लाभदायक रहेगी।

शुभ रंग: पीला
शुभ अंक: 3

♑ मकर राशि (Capricorn)

आज कार्यक्षेत्र में चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन आपकी मेहनत सफलता दिलाएगी। आर्थिक मामलों में सोच-समझकर निर्णय लें। परिवार में बुजुर्गों का आशीर्वाद मिलेगा। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा। नई योजनाओं पर कार्य शुरू करने के लिए समय अनुकूल है।

शुभ रंग: नीला
शुभ अंक: 8

♒ कुंभ राशि (Aquarius)

आज रचनात्मक कार्यों में सफलता मिलेगी। नौकरीपेशा लोगों के लिए दिन अच्छा रहेगा। व्यापार में नए अवसर प्राप्त होंगे। मित्रों का सहयोग मिलेगा। सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। परिवार में खुशी का वातावरण बना रहेगा।

शुभ रंग: आसमानी
शुभ अंक: 4

♓ मीन राशि (Pisces)

आज का दिन सकारात्मक रहेगा। लंबे समय से चली आ रही चिंताओं में कमी आएगी। आर्थिक लाभ के योग हैं। नौकरी में अधिकारियों से प्रशंसा मिलेगी। परिवार के साथ सुखद समय व्यतीत होगा। धार्मिक और आध्यात्मिक गतिविधियों में रुचि बढ़ेगी।

शुभ रंग: पीला
शुभ अंक: 7

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स्कूल खुलने से पहले मनोरा में स्वच्छता का महाअभियान, 237 स्कूलों और 27 छात्रावास-आश्रमों में जुटा प्रशासन; बीईओ से लेकर बीआरसीसी तक संभाल रहे मोर्चा

जशपुर। नए शिक्षा सत्र की शुरुआत को स्वच्छ, सुरक्षित और आकर्षक बनाने के उद्देश्य से विकासखंड मनोरा में व्यापक शालेय स्वच्छता अभियान की शुरुआत कर दी गई है। जशपुर कलेक्टर रोहित व्यास के निर्देशन में 11 जून से 13 जून 2026 तक चलने वाले इस विशेष अभियान के तहत विकासखंड की 44 ग्राम पंचायतों में स्थित स्कूलों, छात्रावासों और आश्रमों में साफ-सफाई, मरम्मत और सौंदर्यीकरण के कार्य युद्धस्तर पर किए जा रहे हैं।

ग्रीष्मावकाश के कारण बंद पड़े विद्यालयों को 16 जून से पुनः विद्यार्थियों के स्वागत के लिए तैयार किया जा रहा है। अभियान के तहत शाला भवनों की सामान्य मरम्मत, कक्षाओं की साफ-सफाई, शौचालयों की सफाई, मध्यान्ह भोजन कक्षों की व्यवस्था, विद्यालय परिसर में उगी झाड़ियों और खरपतवारों की सफाई सहित कई महत्वपूर्ण कार्य किए जा रहे हैं। इन कार्यों में शिक्षकों, शालेय कर्मचारियों, जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों और अभिभावकों का भी भरपूर सहयोग मिल रहा है।

मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत मनोरा रघुनाथ राम के मार्गदर्शन में पूरा अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान की निगरानी और क्रियान्वयन में विकासखंड शिक्षा अधिकारी तरुण कुमार पटेल, सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी जगतपाल राम तथा बीआरसीसी आशुतोष शर्मा सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। अधिकारी स्वयं विभिन्न विद्यालयों का दौरा कर स्वच्छता कार्यों का निरीक्षण कर रहे हैं और कर्मचारियों व ग्रामीणों को प्रेरित कर रहे हैं।

इसके अलावा मंडल संयोजक मनोज सिंह, संकुल स्तर पर नियुक्त नोडल प्राचार्य, संकुल समन्वयक और अन्य शिक्षा विभाग के अधिकारी भी अभियान में लगातार सहभागिता निभा रहे हैं। प्रशासन ने प्रत्येक ग्राम पंचायत में कार्यों की प्रभावी मॉनिटरिंग और बेहतर क्रियान्वयन के लिए 30 नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की है।

बारिश के मौसम को देखते हुए स्कूल भवनों, छात्रावासों और आश्रमों में सुरक्षा मानकों पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। परिसर में जलभराव, टूट-फूट और अन्य संभावित जोखिमों को दूर करने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं ताकि विद्यार्थियों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।

अभियान की खास बात यह है कि इसमें जनप्रतिनिधियों, सरपंचों, सचिवों, अभिभावकों और ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिल रही है। इससे विद्यालय और समुदाय के बीच बेहतर सामंजस्य स्थापित हो रहा है। शिक्षा विभाग का मानना है कि स्वच्छ और आकर्षक विद्यालय परिसर विद्यार्थियों को स्कूल की ओर आकर्षित करेगा तथा नए शिक्षा सत्र में प्रवेश लेने वाले बच्चों और उनके अभिभावकों पर सकारात्मक प्रभाव छोड़ेगा।

अभियान के तहत 11 जून को 15 ग्राम पंचायतों के 68 विद्यालयों में, 12 जून को 14 ग्राम पंचायतों के 85 विद्यालयों में तथा 13 जून को 16 ग्राम पंचायतों के 84 विद्यालयों में स्वच्छता और सौंदर्यीकरण कार्य किए जाएंगे। इसके साथ ही विकासखंड के सभी 27 शासकीय छात्रावासों एवं आश्रमों में भी व्यापक साफ-सफाई और आवश्यक सुधार कार्य संपादित किए जाएंगे।

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नए शिक्षा सत्र से पहले बगीचा में शिक्षा विभाग की बड़ी तैयारी, बीईओ सुदर्शन पटेल ने दिए सख्त निर्देश—स्कूलों की सफाई से लेकर बच्चों की सुरक्षा और भव्य शाला प्रवेश उत्सव तक बनी विस्तृत कार्ययोजना

बगीचा। नए शिक्षा सत्र 2026-27 की शुरुआत को सुव्यवस्थित, सुरक्षित और उत्साहपूर्ण बनाने के लिए बगीचा विकासखंड का शिक्षा विभाग पूरी तरह सक्रिय हो गया है। जिला कलेक्टर रोहित व्यास के निर्देशन में स्वच्छता पखवाड़ा एवं शाला प्रवेश उत्सव की तैयारियों को लेकर सेजेस स्कूल बगीचा के सभागार में महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विकासखंड के सभी प्राचार्य, सीएसी एवं शिक्षा विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक की शुरुआत एक भावनात्मक और सम्मानजनक माहौल में हुई। हायर सेकेंडरी विद्यालय महादेवडांड की सेवानिवृत्त प्राचार्या आशा मलीना खलखो को शिक्षा जगत में उनके लंबे, समर्पित और उत्कृष्ट योगदान के लिए शाल एवं श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उपस्थित अधिकारियों और शिक्षकों ने उनके सेवाकाल की सराहना करते हुए उनके स्वस्थ एवं सुखद भविष्य की कामना की।

बैठक को संबोधित करते हुए विकासखंड शिक्षा अधिकारी सुदर्शन पटेल ने कहा कि जिला प्रशासन की मंशा के अनुरूप सभी विद्यालयों में स्वच्छता पखवाड़ा प्रभावी एवं परिणाममूलक तरीके से संचालित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि विद्यालय खुलने से पहले स्कूल परिसर, कक्षाएं, शौचालय, खेल मैदान, रसोईघर तथा पेयजल स्रोतों की व्यापक सफाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि स्वच्छ और आकर्षक विद्यालय बच्चों को विद्यालय से जोड़ने का सबसे प्रभावी माध्यम है तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए सकारात्मक वातावरण तैयार करता है।

बैठक में पहली बारिश के दौरान विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर भी विशेष चिंता व्यक्त की गई। बीईओ ने सभी विद्यालय प्रमुखों को निर्देशित किया कि बारिश के मौसम में आसमानी बिजली, सांप-बिच्छू तथा अन्य जहरीले जीव-जंतुओं से बचाव के लिए आवश्यक एहतियाती कदम उठाए जाएं। विद्यालय परिसरों में खुले या जर्जर विद्युत तारों की तत्काल जांच कर सुधार किया जाए ताकि किसी भी प्रकार की दुर्घटना की संभावना न रहे। उन्होंने कहा कि बच्चों की सुरक्षा किसी भी स्थिति में प्रभावित नहीं होनी चाहिए और इस संबंध में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

बैठक में आगामी शाला प्रवेश उत्सव को भी विशेष रूप से चर्चा का विषय बनाया गया। अधिकारियों ने निर्देश दिए कि विकासखंड के प्रत्येक पात्र बच्चे का नामांकन सुनिश्चित किया जाए और नवप्रवेशी विद्यार्थियों का पारंपरिक एवं आत्मीय स्वागत किया जाए। प्रवेश उत्सव के दौरान विद्यालयों को आकर्षक ढंग से सजाने, विद्यार्थियों को निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें एवं गणवेश वितरित करने तथा कार्यक्रम को उत्सव का स्वरूप देने पर जोर दिया गया।

साथ ही स्थानीय जनप्रतिनिधियों, अभिभावकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं प्रबुद्ध नागरिकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि शाला प्रवेश उत्सव केवल एक शासकीय कार्यक्रम न रहकर शिक्षा और समाज के साझा उत्सव के रूप में स्थापित हो सके।

बैठक में सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी दिलीप टोप्पो, बीआरसीसी कृष्ण कुमार राठौर, एकाउंटेंट शैलेश कुमार अम्बस्ट, एमआईएस प्रभारी ममता शर्मा, तिलक श्रीवास सहित शिक्षा विभाग के सभी शाखा प्रभारी, अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। बैठक में नए शिक्षा सत्र की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा करते हुए समयबद्ध कार्ययोजना पर अमल करने के निर्देश दिए गए, ताकि पहले ही दिन से विद्यालयों में बेहतर शैक्षणिक एवं व्यवस्थागत माहौल सुनिश्चित किया जा सके।

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स्कूल खुलने से पहले शिक्षा विभाग का अलर्ट मोड! एक भी बच्चा स्कूल से बाहर नहीं रहेगा, गंदे स्कूल बर्दाश्त नहीं होंगे” ,बीईओ, एबीईओ और बीआरसीसी ने संभाली कमान - स्कूलों की साफ-सफाई से लेकर अधूरे प्रवेश और लापरवाही पर सख्त निगरानी

नारायणपुर 11 जून 2026 । नए शिक्षा सत्र 2026-27 की शुरुआत को लेकर कुनकुरी विकासखंड का शिक्षा विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। 16 जून से स्कूल खुलने से पहले ही विकासखंड के सभी शासकीय विद्यालयों में तैयारियों का दौर तेज हो गया है। विकासखंड शिक्षा अधिकारी सुदर्शन पैंकरा, बीआरसीसी विपिन कुमार अम्बस्थ तथा सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी एम.जी. तिर्की लगातार बैठकें लेकर स्कूलों की तैयारियों की बारीकी से समीक्षा कर रहे हैं। शिक्षा विभाग का फोकस इस बार सिर्फ स्कूल खोलने पर नहीं बल्कि पहले ही दिन से बच्चों को बेहतर और स्वच्छ शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने पर है।

9 जून से शुरू हुई बैठकों की श्रृंखला में सबसे पहले संकुल शैक्षिक समन्वयकों को बुलाकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए गए। इसके बाद प्राचार्यों, माध्यमिक शालाओं के प्रधान पाठकों, प्राथमिक शालाओं के प्रधान पाठकों तथा अन्य कर्मचारियों की अलग-अलग बैठकें आयोजित की गईं। अधिकारियों ने साफ शब्दों में कहा कि 16 जून को जब बच्चे स्कूल पहुंचे तो उन्हें ऐसा महसूस होना चाहिए कि विद्यालय पूरी तरह तैयार है और उनके स्वागत के लिए तत्पर है।

बैठकों में अधिकारियों ने बताया कि लगभग डेढ़ महीने तक स्कूल बंद रहने के कारण अधिकांश विद्यालयों में साफ-सफाई प्रभावित हुई होगी। ऐसे में प्रत्येक विद्यालय को मिशन मोड में सफाई अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। कक्षा-कक्षों की धूल साफ करने, शौचालयों की नियमित सफाई कराने, परिसर में उगी झाड़ियों को हटाने, पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने तथा सभी डेस्क-बेंचों को व्यवस्थित रूप से लगाने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों ने कहा कि बच्चों की सुरक्षा और सुविधा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।

बैठक में सबसे ज्यादा जोर शत-प्रतिशत प्रवेश अभियान पर दिया गया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि विकासखंड का कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित नहीं रहना चाहिए। कक्षा पांचवीं से छठवीं, आठवीं से नवमी और दसवीं से ग्यारहवीं में जाने वाले विद्यार्थियों की सूची तैयार कर उनके प्रवेश की विशेष निगरानी करने को कहा गया है। इसके लिए प्राथमिक, माध्यमिक और हाई स्कूल स्तर के शिक्षकों को आपसी समन्वय बनाकर कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं। यदि कोई बच्चा स्कूल छोड़ने की स्थिति में दिखाई देता है तो तत्काल उसके परिवार से संपर्क कर उसे पुनः विद्यालय से जोड़ने की कार्रवाई की जाएगी।

बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि बच्चों को मिलने वाली निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें और गणवेश समय पर उपलब्ध कराए जाएं। किसी भी विद्यालय में पुस्तक या गणवेश वितरण में देरी न हो, इसकी जवाबदेही सीधे संस्था प्रमुखों की होगी। अधिकारियों ने कहा कि नया शिक्षा सत्र शुरू होते ही समय-सारिणी के अनुसार नियमित पढ़ाई प्रारंभ होनी चाहिए ताकि शुरुआती दिनों में पढ़ाई प्रभावित न हो।

इस दौरान जिला कलेक्टर के निर्देशानुसार चलाए जा रहे स्वच्छता पखवाड़ा अभियान की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने शिक्षकों, कर्मचारियों, जनप्रतिनिधियों, अभिभावकों और ग्रामीणों से अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की। उनका कहना था कि स्वच्छ विद्यालय और स्वच्छ गांव की अवधारणा तभी सफल होगी जब समाज का हर वर्ग इसमें अपनी भागीदारी निभाएगा।

लगातार हो रही बैठकों और अधिकारियों की सक्रियता से यह साफ संकेत मिल रहा है कि कुनकुरी विकासखंड में इस बार नए शिक्षा सत्र की शुरुआत पूरी तैयारी, अनुशासन और शत-प्रतिशत नामांकन के लक्ष्य के साथ की जाएगी। शिक्षा विभाग ने साफ कर दिया है कि न तो स्कूलों की तैयारी में कोई कमी बर्दाश्त होगी और न ही किसी बच्चे को शिक्षा के अधिकार से वंचित रहने दिया जाएगा। 16 जून से पहले पूरे विकासखंड में स्कूल रेडीनेस, स्वच्छता और प्रवेश अभियान को लेकर जोरदार गतिविधियां देखने को मिल रही हैं, जिससे शिक्षा व्यवस्था को नई ऊर्जा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

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20 रुपये की ओवररेटिंग पड़ी भारी: फाफाडीह शराब दुकान में कार्रवाई, आबकारी उप निरीक्षक कौशल किशोर सोनी निलंबित, विक्रेता पर भी केस दर्ज

रायपुर, 11 जून 2026/  राजधानी रायपुर की फाफाडीह स्थित विदेशी मदिरा दुकान में निर्धारित मूल्य से अधिक दर पर शराब बिक्री का मामला पकड़ में आने पर विक्रेता के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है, और संबंधित क्षेत्र के आबकारी उप निरीक्षक कौशल किशोर सोनी को कर्तव्य में लापरवाही एवं उदासीनता बरतने  के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।

राज्य स्तरीय उड़नदस्ता दल द्वारा किए गए आकस्मिक निरीक्षण के दौरान फाफाडीह विदेशी मदिरा दुकान में कार्यरत विक्रेता अश्वन कुमार मेरिया द्वारा दो पाव ऑल सीजन गोल्डन कलेक्शन रिजर्व व्हिस्की निर्धारित मूल्य 240 रुपये प्रति पाव की दर से 480 रुपये के स्थान पर 500 रूपए में बेची जा रही है। इस प्रकार उपभोक्ता से कुल 20 रुपये अधिक वसूले जाने की पुष्टि हुई।

इसी आधार पर आबकारी आयुक्त, छत्तीसगढ़ द्वारा आबकारी उपनिरीक्षक कौशल किशोर सोनी को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय कार्यालय उप आयुक्त आबकारी, संभागीय उड़नदस्ता रायपुर रहेगा। इस मामले में मदिरा दुकान में कार्यरत विक्रयकर्ता के विरूद्ध अधिक दर पर मदिरा विक्रय का प्रकरण पंजीबद्ध किया गया है।

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शराब दुकान में ओवररेटिंग का बड़ा खुलासा: ग्राहक से 10 रुपये ज्यादा वसूले, आबकारी उप निरीक्षक प्रभाकर सिरमौर निलंबित

रायपुर, 11 जून 2026/ खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के गंडई स्थित कम्पोजिट मदिरा दुकान में शासन द्वारा निर्धारित दर से अधिक कीमत पर शराब बिक्री का मामला सामने आने के बाद आबकारी विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। आबकारी आयुक्त ने गंडई वृत्त प्रभारी आबकारी उप निरीक्षक प्रभाकर सिरमौर को कर्तव्य में लापरवाही, उदासीनता और कमजोर निगरानी के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। मामले में शराब विक्रेता के खिलाफ भी आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।

कार्यालय आबकारी आयुक्त द्वारा जारी आदेश के अनुसार राज्य स्तरीय उड़नदस्ता की संयुक्त टीम ने गंडई शराब दुकान का आकस्मिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान छद्म ग्राहक के माध्यम से शराब की बिक्री दर का सत्यापन कराया गया। जांच में पाया गया कि दुकान में कार्यरत विक्रेता वेदप्रकाश निर्मलकर ने तीन पाव देशी मदिरा प्लेन, जिसकी निर्धारित कीमत 240 रुपये थी, उसे 250 रुपये में बेच दिया। यानी ग्राहक से 10 रुपये अधिक वसूले गए।

इस अनियमितता को गंभीर मानते हुए विक्रयकर्ता वेदप्रकाश निर्मलकर के विरुद्ध छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम की धारा 39 (ग) के तहत अधिक दर पर मदिरा विक्रय का प्रकरण दर्ज किया गया है।

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ब्लड बैंक में भारी लापरवाही पर कलेक्टर का बड़ा एक्शन, एक्सपायर ब्लड बैग, गायब रिकॉर्ड और साक्ष्यों से छेड़छाड़ के आरोप में प्रभारी एमएलटी सस्पेंड

जशपुरनगर 11 जून 2026/ जिला चिकित्सालय जशपुर के ब्लड सेंटर में गंभीर लापरवाही, अनियमितता एवं कर्तव्यों के प्रति उदासीनता के मामले में कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने प्रभारी एमएलटी श्री पुरूषोत्तम कुंवर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। जारी आदेश के अनुसार ब्लड बैग के एक्सपायर होने के बाद भी उसे निर्धारित प्रक्रिया के तहत डिस्कार्ड नहीं किया गया, ब्लड बैग के गायब होने की सूचना समय पर वरिष्ठ अधिकारियों को नहीं दी गई तथा दस्तावेजों एवं साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ किए जाने जैसी गंभीर अनियमितताएं पाई गईं। इसके अलावा ब्लड सेंटर के संचालन में निर्धारित नियमों एवं प्रोफेशनल एथिक्स का पालन नहीं करने तथा दायित्वों के निर्वहन में गंभीर लापरवाही बरतने के आरोप भी सामने आए। जांच में यह भी पाया गया कि संबंधित कर्मचारी द्वारा अपने दायित्वों का निर्वहन जिम्मेदारीपूर्वक नहीं किया गया तथा कार्यालयीन कार्यप्रणाली प्रभावित होने की स्थिति निर्मित हुई। मामले में जारी कारण बताओ नोटिस के जवाब को असंतोषजनक पाए जाने के बाद कलेक्टर ने छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के तहत कार्रवाई करते हुए उन्हें निलंबित किया है।

        कलेक्टर द्वारा जारी आदेश में उल्लेख किया गया है कि संबंधित कर्मचारी की कार्यशैली के कारण मरीजों के स्वास्थ्य एवं जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना थी, जिससे जिला चिकित्सालय एवं प्रशासन की छवि भी प्रभावित हुई है। इसे गंभीर कदाचार, अनुशासनहीनता एवं पदीय दायित्वों के प्रति लापरवाही मानते हुए निलंबन की कार्रवाई की गई है। निलंबन अवधि में श्री पुरूषोत्तम कुंवर का मुख्यालय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फरसाबहार निर्धारित किया गया है। निलंबन अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा।

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नए शिक्षा सत्र से पहले सरकार की बड़ी प्रशासनिक सर्जरी: स्कूलों की घंटी बजने से पहले डीईओ, बीईओ, सहायक संचालक और प्राचार्यों के व्यापक तबादले, रायपुर से रायगढ़ और बिलासपुर से बीजापुर तक बदली जिम्मेदारियां

रायपुर, 10 जून 2026/ छत्तीसगढ़ शासन, स्कूल शिक्षा विभाग ने प्रशासनिक कसावट और शैक्षणिक व्यवस्थाओं को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से राज्यभर में व्यापक प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 28 अधिकारियों के स्थानांतरण आदेश जारी किए हैं। जारी आदेश के अनुसार जिला शिक्षा अधिकारियों, विकासखंड शिक्षा अधिकारियों, सहायक संचालकों एवं प्राचार्यों को विभिन्न जिलों और कार्यालयों में नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। यह आदेश तत्काल प्रभाव से आगामी आदेश तक लागू रहेगा।

            अवर सचिव छत्तीसगढ़ स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा जारी स्थानांतरण सूची के अनुसार  महासमुंद, रायपुर, बिलासपुर, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, कोरिया, बलौदाबाजार-भाटापारा, रायगढ़, गरियाबंद, धमतरी, बेमेतरा, बीजापुर, नारायणपुर और बालोद सहित अनेक जिलों में प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारियों की नई पदस्थापनाएं की गई हैं। वहीं लोक शिक्षण संचालनालय, संयुक्त संचालक कार्यालयों तथा अन्य प्रशासनिक इकाइयों में भी अधिकारियों की नई तैनाती की गई है।

           जारी आदेश के अनुसार प्रभारी उप संचालक लोक शिक्षण संचालनालय श्री बी.एल. देवांगन को प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी महासमुंद बनाया गया है। प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी रायपुर श्री हिमांशु भारतीय को प्रभारी उप संचालक लोक शिक्षण संचालनालय में पदस्थ किया गया है। सहायक संचालक श्री एम.जी. सतीश कुमार को प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी रायपुर तथा प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी बिलासपुर श्री विजय कुमार ताण्डे के स्थान पर श्री रमेश्वर जायसवाल को प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी बिलासपुर की जिम्मेदारी दी गई है। इसी प्रकार मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, कोरिया, बलौदाबाजार-भाटापारा, रायगढ़, गरियाबंद, धमतरी, बेमेतरा, बीजापुर और नारायणपुर जिलों में भी नए प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारियों की नियुक्ति की गई है। कई विकासखंड शिक्षा अधिकारियों एवं सहायक संचालकों को पदोन्नत दायित्व सौंपते हुए जिला स्तर की जिम्मेदारियां दी गई हैं, जबकि कुछ अधिकारियों को संचालनालय और संभागीय कार्यालयों में स्थानांतरित किया गया है।

         स्कूल शिक्षा श्री गजेन्द्र यादव ने स्कूल शिक्षा विभाग में प्रशासनिक पुनर्संरचना विभागीय कार्यों में गति लाने, शैक्षणिक योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन तथा जिलों में प्रशासनिक समन्वय को मजबूत करने के उद्देश्य से की गई है। आदेश के बाद राज्य के शिक्षा प्रशासन में व्यापक स्तर पर बदलाव देखने को मिलेगा।

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मोदी सरकार के 12 वर्ष आदिवासी उत्थान और नक्सलमुक्ति का स्वर्णकाल- विष्णुदेव साय - भारत मंडपम में आयोजित एनडीए की विशेष बैठक में शामिल हुए छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री

नई दिल्ली, 10 जून, 2026- प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर भारत मंडपम में आयोजित एनडीए की विशेष बैठक में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने प्रधानमंत्री श्री मोदी को बधाई देते हुए कहा कि पिछले 12 वर्ष देश के जनजातीय समाज के सम्मान, सशक्तिकरण और विकास के लिए स्वर्णकाल साबित हुए हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व और प्रभावी रणनीति के कारण छत्तीसगढ़ को दशकों पुरानी नक्सल समस्या से निर्णायक मुक्ति मिली। उन्होंने कहा कि नक्सल हिंसा से सबसे अधिक प्रभावित जनजातीय समुदाय अब शांति, सुरक्षा और विकास के नए दौर में प्रवेश कर रहा है। बस्तर में ‘नियद नेल्ला नार’ और ‘बस्तर मुन्ने’ जैसे अभियानों के माध्यम से योजनाओं का सैचुरेशन मोड में क्रियान्वयन किया जा रहा है तथा सुरक्षा शिविरों को ‘सेवा डेरा’ के रूप में विकसित किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी ने जनजातीय समाज को नई पहचान और सम्मान दिया है। भगवान बिरसा मुंडा के जन्मदिवस को जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने की शुरुआत हो या धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान, इन पहलों ने आदिवासी क्षेत्रों के विकास को नई गति दी है। उन्होंने कहा कि देश को पहली जनजातीय महिला राष्ट्रपति के रूप में श्रीमती द्रौपदी मुर्मु का नेतृत्व करोड़ों आदिवासियों के सम्मान और स्वाभिमान का प्रतीक है।

श्री साय ने कहा कि पीएम जनमन योजना के माध्यम से विशेष पिछड़ी जनजातियों के दूरस्थ इलाकों तक पहली बार बिजली, सड़क, पेयजल और आवास जैसी मूलभूत सुविधाएं पहुंच रही हैं। वहीं बस्तर में सड़क, रेल और सार्वजनिक परिवहन के विस्तार से कनेक्टिविटी की वर्षों पुरानी चुनौतियां दूर हो रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जनजातीय संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन के लिए प्रतिबद्ध है। नवा रायपुर में ट्राइबल म्यूजियम तथा शहीद वीर नारायण सिंह जनजातीय संग्रहालय का निर्माण कराया गया है। बस्तर पंडुम और बस्तर ओलंपिक जैसे आयोजनों ने दुनिया के सामने बदलते, मुस्कुराते और हिंसा-मुक्त बस्तर की नई तस्वीर प्रस्तुत की है।

उन्होंने कहा कि पेसा कानून के प्रभावी क्रियान्वयन, लघु वनोपज की रिकॉर्ड खरीदी, किसानों को धान, दलहन और तिलहन का बेहतर मूल्य तथा कृषक उन्नति योजना जैसी पहलें ग्रामीण और जनजातीय अर्थव्यवस्था को मजबूत कर रही हैं। वहीं प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना और मुख्यमंत्री खाद्यान्न योजना के माध्यम से राज्य के 2 करोड़ 45 लाख जरूरतमंद लोगों को निःशुल्क खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने आदिवासियों को केवल योजनाओं का लाभार्थी नहीं बनाया, बल्कि उन्हें भारत के विकास का सक्रिय सहभागी बनाया है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में विकसित छत्तीसगढ़ और विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के लिए राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करती रहेगी।

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मोदी सरकार के 12 साल पूरे: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने खोला विकास का पूरा रिपोर्ट कार्ड, कहा- नक्सलवाद पर निर्णायक चोट, किसानों को हजारों करोड़ की सौगात, सड़क-आवास-स्वास्थ्य से बदली छत्तीसगढ़ की तस्वीर

रायपुर 10 जून 2026/मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को उनके नेतृत्व के 12 वर्ष पूर्ण होने पर बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिख कर छत्तीसगढ़ के विकास में केंद्र सरकार द्वारा प्रदान किए गए अभूतपूर्व सहयोग के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया है। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री के दूरदर्शी, निर्णायक और जनकल्याणकारी नेतृत्व में संचालित योजनाओं ने छत्तीसगढ़ के विकास को नई गति प्रदान की है तथा प्रदेश के अंतिम व्यक्ति तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने पत्र में उल्लेख किया कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा और विकास को प्राथमिकता देने की केंद्र सरकार की नीति के परिणामस्वरूप छत्तीसगढ़ को विशेष केंद्रीय सहायता (SCA) योजना के तहत ₹2,080.29 करोड़ की सहायता प्राप्त हुई है। इसके साथ ही विशेष अधोसंरचना योजना (SIS), सुरक्षा संबंधी व्यय (SRE), आधुनिक हथियारों की उपलब्धता, जंगल वारफेयर प्रशिक्षण और एयर सपोर्ट जैसी पहलों ने सुरक्षा बलों को मजबूत बनाया है तथा राज्य को नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक बढ़त दिलाई। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय द्वारा नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में ₹2,377 करोड़ की लागत से 3,222 किलोमीटर लंबी 391 सड़कों तथा 88 वृहद पुलों की स्वीकृति दी गई है। इन परियोजनाओं ने बस्तर सहित दूरस्थ क्षेत्रों को मुख्यधारा से जोड़ते हुए विकास और सुरक्षा दोनों को मजबूती प्रदान की है।

पत्र में मुख्यमंत्री ने वित्तीय सुदृढ़ीकरण के क्षेत्र में प्रधानमंत्री के नेतृत्व में हुए सुधारों का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्यों को केंद्रीय करों में हिस्सेदारी 32 प्रतिशत से बढ़ाकर 42 प्रतिशत किए जाने से छत्तीसगढ़ को अभूतपूर्व वित्तीय स्वायत्तता प्राप्त हुई है। उन्होंने बताया कि पिछले 12 वर्षों में राज्य को केंद्रीय करों में ₹3,46,806 करोड़ तथा विभिन्न योजनाओं में ₹1,43,328 करोड़ की सहायता प्राप्त हुई है। इसके अतिरिक्त पूंजीगत निवेश के लिए विशेष सहायता योजना के तहत ₹22,021 करोड़ तथा जीएसटी क्षतिपूर्ति के रूप में ₹22,600 करोड़ की अतिरिक्त सहायता भी मिली है।

मुख्यमंत्री ने सड़क अधोसंरचना विकास को केंद्र सरकार की बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि केंद्रीय सड़क एवं अवसंरचना कोष (CRIF) के तहत ₹4,468 करोड़ तथा राष्ट्रीय राजमार्गों के विकास के लिए ₹35,766 करोड़ की स्वीकृति प्रदान की गई है। इससे रायपुर-विशाखापट्टनम, बिलासपुर-धनबाद, रायपुर-दुर्ग बायपास तथा अन्य महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं को गति मिली है और राज्य की कनेक्टिविटी में ऐतिहासिक सुधार हुआ है।

ग्रामीण विकास के क्षेत्र में मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत राज्य के 24.50 लाख पात्र हितग्राहियों को आवास स्वीकृत किए गए हैं, जिनमें से लगभग 19.70 लाख आवास पूर्ण हो चुके हैं। मनरेगा के तहत पिछले 12 वर्षों में ₹39,123 करोड़ व्यय कर 152 करोड़ मानव दिवस सृजित किए गए हैं। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत ₹2,398 करोड़ की सहायता से 36.44 लाख परिवारों को शौचालय सुविधा उपलब्ध कराई गई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के विभिन्न चरणों के अंतर्गत 13,040 किलोमीटर सड़कों एवं 347 पुलों के निर्माण के लिए ₹7,951 करोड़ की स्वीकृति प्राप्त हुई है। वहीं पीएम जनमन के अंतर्गत 2,902 किलोमीटर सड़कों हेतु ₹2,007 करोड़ तथा पीएमजीएसवाई-4 के तहत 2,427 किलोमीटर सड़कों के लिए ₹2,246 करोड़ की स्वीकृति दी गई है।

कृषि क्षेत्र का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत राज्य के 25.51 लाख किसानों को अब तक ₹10,784 करोड़ की राशि सीधे उनके खातों में हस्तांतरित की गई है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत ₹5,064 करोड़ की प्रीमियम सहायता उपलब्ध कराई गई है। इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय कृषि विकास योजना, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना तथा अन्य केंद्रीय योजनाओं के माध्यम से कृषि क्षेत्र को व्यापक सहयोग प्राप्त हुआ है।

मुख्यमंत्री ने खाद्य सुरक्षा के क्षेत्र में प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना तथा राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम की सराहना करते हुए कहा कि राज्य के 56 लाख राशन कार्डधारी परिवारों के 1.99 करोड़ सदस्यों को प्रति माह खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है। केंद्र सरकार द्वारा इसके लिए प्रतिवर्ष लगभग ₹5,600 करोड़ की सब्सिडी दी जा रही है। उज्ज्वला योजना के तहत 39.54 लाख महिलाओं को निःशुल्क गैस कनेक्शन उपलब्ध कराया गया है।

खनिज क्षेत्र में किए गए सुधारों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 62 से अधिक खनिज ब्लॉकों की सफल नीलामी हुई है, जिनसे भविष्य में ₹4.34 लाख करोड़ से अधिक का संभावित राजस्व प्राप्त होगा। जिला खनिज संस्थान न्यास (DMF) एवं पीएमकेकेकेवाई के माध्यम से ₹17,887 करोड़ से अधिक की राशि संकलित कर 81,553 विकास कार्य पूर्ण किए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने आदिवासी विकास के क्षेत्र में प्रधानमंत्री जनमन योजना, धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान तथा वन अधिकारों की मान्यता को ऐतिहासिक पहल बताया। उन्होंने कहा कि राज्य में 56,569 पीवीटीजी परिवारों को लाभान्वित किया जा रहा है तथा 4.83 लाख व्यक्तिगत और 48 हजार से अधिक सामुदायिक वन अधिकार पत्र वितरित किए जा चुके हैं।

महिला एवं बाल विकास के क्षेत्र में मुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार के सहयोग से 11,490 आंगनबाड़ी केंद्रों को सक्षम आंगनबाड़ी के रूप में उन्नत किया गया है तथा 2,264 नए केंद्र स्वीकृत हुए हैं। राज्य के सभी जिलों में संचालित 42 सखी वन स्टॉप सेंटर महिलाओं को सहायता और संरक्षण प्रदान कर रहे हैं।

स्वास्थ्य क्षेत्र में मुख्यमंत्री ने कहा कि आयुष्मान भारत, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन तथा प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाओं का व्यापक विस्तार हुआ है। राज्य में 5,499 आयुष्मान आरोग्य मंदिर संचालित हैं। इसके अतिरिक्त 91 ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट, 28 जिला सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रयोगशालाओं तथा 23 क्रिटिकल केयर ब्लॉकों की स्वीकृति प्राप्त हुई है।

कौशल विकास और रोजगार के क्षेत्र में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत 18,330 युवाओं को प्रशिक्षण दिया गया है। पीएम विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत 82,952 हितग्राहियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया है, जबकि स्ट्राइव परियोजना के माध्यम से 17 आईटीआई संस्थानों का उन्नयन किया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के माध्यम से 31.37 लाख ग्रामीण परिवारों को 2.88 लाख स्व-सहायता समूहों से जोड़ा गया है। समूहों को ₹1,661 करोड़ से अधिक की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई गई है। ‘लखपति दीदी’ पहल के अंतर्गत 10.42 लाख महिलाएं आर्थिक रूप से सशक्त होकर नई पहचान बना रही हैं।

डिजिटल कनेक्टिविटी के क्षेत्र में मुख्यमंत्री ने बताया कि डिजिटल भारत निधि (DBN) के माध्यम से राज्य के दूरस्थ और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में 1,247 मोबाइल टावर स्थापित किए जा चुके हैं तथा 577 नए टावरों को स्वीकृति दी गई है, जिससे हजारों गांव डिजिटल सेवाओं से जुड़ रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने ऊर्जा क्षेत्र में केंद्र सरकार के सहयोग का उल्लेख करते हुए कहा कि ग्रामीण विद्युतीकरण और विद्युत अधोसंरचना विकास के लिए लगभग ₹2,808 करोड़ की सहायता प्रदान की गई है। पीएम सूर्यघर योजना के अंतर्गत राज्य में 64 हजार से अधिक घरों में सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं तथा 46,649 परिवारों को ₹362 करोड़ की सब्सिडी प्रदान की गई है।

मुख्यमंत्री ने पर्यटन, खेल, उद्योग, ग्रामोद्योग, भूमि अभिलेख आधुनिकीकरण तथा डिजिटल प्रशासन के क्षेत्रों में भी केंद्र सरकार द्वारा दिए गए सहयोग का उल्लेख करते हुए कहा कि इन पहलों ने छत्तीसगढ़ को विकास, सुशासन और आत्मनिर्भरता की दिशा में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने पत्र में पर्यटन, संस्कृति और खेल अधोसंरचना के क्षेत्र में केंद्र सरकार के सहयोग का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि स्वदेश दर्शन योजना के अंतर्गत ₹94.23 करोड़ की लागत से जशपुर, सरगुजा, बिलासपुर और जगदलपुर सहित जनजातीय अंचलों में पर्यटन सुविधाओं का विकास किया गया है। प्रसाद योजना के तहत ₹48.43 करोड़ की लागत से डोंगरगढ़ स्थित माँ बम्लेश्वरी मंदिर क्षेत्र का विकास किया गया है। वहीं नवा रायपुर में ₹147.66 करोड़ की लागत से चित्रोत्पला फिल्म सिटी एवं ट्राइबल एंड कल्चरल कन्वेंशन सेंटर का निर्माण प्रदेश को सांस्कृतिक और पर्यटन मानचित्र पर नई पहचान दिलाएगा। खेलो इंडिया योजना के तहत राज्य के आठ जिलों में खेल अधोसंरचना विकास के लिए ₹48 करोड़ तथा बहतराई स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के लिए ₹5 करोड़ की सहायता दी गई है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रथम खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स की मेजबानी और इसके लिए मिली ₹17 करोड़ की सहायता छत्तीसगढ़ के लिए गौरव का विषय है।

मुख्यमंत्री ने ग्रामोद्योग, हस्तशिल्प, रेशम और पारंपरिक कला के संरक्षण में केंद्र सरकार के योगदान को भी रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि रायपुर में ₹200 करोड़ की लागत से प्रस्तावित पीएम एकता मॉल राज्य के हस्तशिल्प, हथकरघा और ओडीओपी उत्पादों को राष्ट्रीय एवं वैश्विक बाजार उपलब्ध कराएगा। राष्ट्रीय हाथकरघा विकास कार्यक्रम के तहत 4,694 बुनकरों को लाभान्वित किया गया है, जबकि हस्तशिल्प क्लस्टर विकास योजना के अंतर्गत 2,400 शिल्पियों के सशक्तिकरण हेतु विशेष परियोजनाएं स्वीकृत की गई हैं। रेशम विकास कार्यक्रमों के माध्यम से हजारों कृषकों और महिला हितग्राहियों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाया गया है।
पत्र में भूमि अभिलेख आधुनिकीकरण, डिजिटल प्रशासन और सुशासन के क्षेत्र में हुए नवाचारों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि डिजिटल इंडिया भूमि अभिलेख आधुनिकीकरण कार्यक्रम, स्वामित्व योजना, एग्रीस्टैक और फार्मर रजिस्ट्री जैसी पहलों ने प्रशासन को अधिक पारदर्शी और नागरिकोन्मुख बनाया है। उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए भारत सरकार द्वारा वर्ष 2025-26 में राज्य को ₹598 करोड़ का विशेष सहायता अनुदान प्राप्त हुआ है। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य बना है जिसने शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में ऑटो-म्यूटेशन व्यवस्था को पूर्ण रूप से लागू किया है। पिछले एक वर्ष में दो लाख से अधिक प्रकरणों का स्वतः नामांतरण किया गया है तथा 32 लाख से अधिक दस्तावेजों का डिजिटलीकरण कर नागरिक सेवाओं को ऑनलाइन और पारदर्शी बनाया गया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने सामाजिक न्याय, उद्यानिकी, जैव प्रौद्योगिकी, परिवहन सुरक्षा तथा अन्य क्षेत्रों में प्राप्त केंद्रीय सहयोग का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के प्रति पुनः आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि नशा मुक्त भारत अभियान, अटल वयो अभ्युदय योजना, सुगम्य भारत अभियान, बायोटेक इंक्यूबेशन सेंटर, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, इंस्टीट्यूट ऑफ ड्राइविंग एंड ट्रैफिक रिसर्च तथा महिला सुरक्षा हेतु स्थापित निर्भया कमांड सेंटर जैसी पहलों ने प्रदेश के विकास को नई दिशा दी है।

 मुख्यमंत्री ने पत्र के अंत मे उल्लेखित किया कि छत्तीसगढ़ की साढ़े तीन करोड़ जनता की ओर से वे प्रधानमंत्री के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हैं और विश्वास जताते हैं कि विकसित छत्तीसगढ़ के संकल्प को साकार करने में केंद्र सरकार का मार्गदर्शन और सहयोग भविष्य में भी इसी प्रकार प्राप्त होता रहेगा।

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मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह को वैवाहिक वर्षगांठ पर दी बधाई

रायपुर 10 जून 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह तथा उनकी धर्मपत्नी श्रीमती वीणा सिंह को उनकी 47वीं वैवाहिक वर्षगांठ पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी । मुख्यमंत्री श्री साय ने डॉ. रमन सिंह एवं श्रीमती वीणा सिंह के उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु एवं सुखमय दाम्पत्य जीवन की मंगलकामना की है।

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हर घर जल योजनाओं के बेहतर संचालन के लिए जशपुर में बड़ा प्रशिक्षण, कलेक्टर रोहित व्यास ने सरपंच-सचिवों को सौंपी अहम जिम्मेदारी

जशपुरनगर 10 जून 2026/* कलेक्टर श्री रोहित व्यास की अध्यक्षता में जल जीवन मिशन के अंतर्गत जिले में संचालित ग्रामीण पेयजल योजनाओं के प्रभावी संचालन एवं संधारण को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से जिला पंचायत सभागार, जशपुर में सरपंचों, सचिवों एवं पंप ऑपरेटरों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग जशपुर द्वारा किया गया। इस अवसर पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री अभिषेक कुमार, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन अभियंता सहित विभाग के समस्त सहायक अभियंता, उप अभियंता एवं जिला समन्वयक उपस्थित रहे। प्रशिक्षण में जिले के सभी हर घर जल ग्रामों के सरपंच, सचिव एवं पंप ऑपरेटरों ने सक्रिय सहभागिता ली।
         कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने जल संरक्षण, योजनाओं के संचालन एवं संधारण तथा सामुदायिक स्वामित्व की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि योजनाओं के हस्तांतरण के उपरांत उनके सफल संचालन की संपूर्ण जिम्मेदारी ग्राम पंचायतों की होगी। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित कर्मियों से योजनाओं के दीर्घकालिक एवं सतत संचालन के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
         जिला पंचायत सीईओ श्री कुमार ने 15 वें वित्त आयोग के टाइड फंड का उपयोग नल-जल योजनाओं के संचालन एवं संधारण कार्यों में प्राथमिकता से किए जाने पर जोर दिया। उन्होंने ग्राम पंचायतों को उपलब्ध वित्तीय संसाधनों की जानकारी देते हुए उनका समुचित उपयोग सुनिश्चित करने का आग्रह किया।
         
कार्यशाला में जल प्रदाय और योजनाओं के संचालन एवं रखरखाव तथा समुदाय आधारित प्रबंधन व्यवस्था पर विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। प्रशिक्षण के दौरान योजनाओं के संचालन एवं संधारण हेतु आवश्यक वित्तीय संसाधनों के संकलन, छत्तीसगढ़ शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों एवं प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी गई। 
         
पंप ऑपरेटरों के तकनीकी कौशल उन्नयन पर विशेष बल देते हुए उन्हें योजनाओं के बेहतर संचालन, रखरखाव एवं समस्या निवारण संबंधी व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। जल गुणवत्ता परीक्षण एवं पेयजल की नियमित जांच की प्रक्रिया पर भी विस्तृत प्रशिक्षण आयोजित किया गया। कार्यशाला के अंत में प्रतिभागियों ने कार्यक्रम को अत्यंत उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक बताते हुए कहा कि इससे उन्हें जल प्रदाय योजनाओं के संचालन, रखरखाव एवं प्रबंधन संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त हुई, जो भविष्य में योजनाओं के सफल संचालन में सहायक सिद्ध होगी।

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के सम्मान में प्रभारी सचिव अंकित आनंद ने लगाया पौधा, ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान से दिया पर्यावरण संरक्षण का भावनात्मक संदेश

जशपुरनगर, 10 जून 2026/ जिले के प्रभारी सचिव श्री अंकित आनंद ने अपने जशपुर प्रवास के दौरान 8 जून को जशपुर मुख्यालय स्थित सर्किट हाउस परिसर में विकसित मातृत्व वन में ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के अंतर्गत अपनी माता के सम्मान में लक्ष्मीतरु का पौधा रोपित किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि  ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान केवल पर्यावरण संरक्षण का प्रयास नहीं है, बल्कि यह माताओं के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने का एक भावनात्मक माध्यम भी है। यह अभियान आने वाली पीढ़ियों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ सामाजिक एवं पारिवारिक मूल्यों को सुदृढ़ करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इस अवसर पर कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वनमण्डलाधिकारी श्री शशि कुमार, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक कुमार, एसडीओ वन विभाग श्री करण सिंह सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि सर्किट हाउस परिसर में लगभग 2 एकड़ क्षेत्र में विकसित मातृत्व वन में 400 से अधिक विभिन्न प्रजातियों के पौधों का रोपण किया गया है। यह वन पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक संवेदनाओं के समन्वय का एक उत्कृष्ट उदाहरण बनकर उभर रहा है।

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अब आपकी शिकायत नहीं होगी अनसुनी! मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 हुई शुरू, एक कॉल में दर्ज होगी समस्या और मिलेगा समयबद्ध समाधान

जशपुरनगर 10 जून 2026/ प्रदेशवासियों को उनकी समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी समाधान उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने विगत दिवस मुख्यमंत्री हेल्पलाइन एवं शिकायत प्रबंधन प्रणाली 1076 का शुभारंभ किया। अब प्रदेश का कोई भी नागरिक टोल फ्री नंबर 1076 पर कॉल कर अपनी शिकायत दर्ज करा सकेगा, सुझाव दे सकेगा तथा शासन की योजनाओं एवं सेवाओं के संबंध में अपना फीडबैक भी साझा कर सकेगा। शासन की मंशा है कि प्रत्येक नागरिक की आवाज सुनी जाए और उसकी समस्या का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री हेल्पलाइन को व्हाट्सएप प्लेटफॉर्म से भी जोड़ा गया है, जिससे नागरिक अपने मोबाइल के माध्यम से आसानी से शासन तक अपनी बात पहुंचा सकेंगे। हेल्पलाइन से राज्य शासन के 42 विभागों के लगभग 8 हजार अधिकारी जुड़े हुए हैं और 1195 से अधिक श्रेणियों में शिकायतों के निराकरण की व्यवस्था की गई है।

      इस प्रणाली की विशेषता यह है कि प्रत्येक शिकायत को एक यूनिक आईडी प्रदान की जाएगी, जिसके माध्यम से शिकायतकर्ता अपने आवेदन की स्थिति की जानकारी प्राप्त कर सकेगा। यदि किसी आवेदक को प्राप्त समाधान से संतोष नहीं होगा तो शिकायत स्वतः उच्च अधिकारियों के पास पुनः परीक्षण और जांच के लिए भेज दी जाएगी। इससे शिकायतों के गुणवत्तापूर्ण और जवाबदेह निराकरण को सुनिश्चित किया जा सकेगा। मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 चौबीसों घंटे और सप्ताह के सातों दिन संचालित रहेगी। इसके संचालन के लिए तीन पालियों में कर्मचारियों की तैनाती की गई है। सचिव स्तर के अधिकारी डैशबोर्ड के माध्यम से इसकी नियमित निगरानी करेंगे तथा मुख्यमंत्री सचिवालय द्वारा भी इसकी सतत मॉनिटरिंग की जाएगी।

      मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के शुभारंभ के बाद कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने जिले के सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया है कि हेल्पलाइन के माध्यम से प्राप्त शिकायतों का गंभीरता, संवेदनशीलता और प्राथमिकता के साथ निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता आम नागरिकों की समस्याओं का समयबद्ध और संतोषजनक समाधान है। किसी भी शिकायत को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर उसका प्रभावी निराकरण किया जाए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन एवं शिकायत प्रबंधन प्रणाली राज्य के सभी विभागों को एकीकृत रूप से जोड़ने वाली आधुनिक व्यवस्था है। ब्लॉक स्तर से लेकर राज्य स्तर तक बहु-स्तरीय निगरानी और एस्केलेशन प्रणाली के माध्यम से शिकायतों के निराकरण की सतत समीक्षा की जाएगी। इससे प्रशासनिक कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी और नागरिकों को उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान मिलेगा।

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11 करोड़ की लागत से बन रही जशपुर की हाईटेक नालंदा लाइब्रेरी, प्रभारी सचिव अंकित आनंद ने किया निरीक्षण, 24 घंटे इंटरनेट-ई लाइब्रेरी सहित मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं


जशपुर 10 जून 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मंशानुरूप जशपुर में विघार्थियों के लिए नालंदा लाइब्रेरी का निर्माण कार्य तीव्र गति से किया जा रहा है।

जशपुर जिले के प्रभारी सचिव श्री अंकित आनंद ने विगत दिवस 8 जून 2026 को जशपुर जिले के वार्ड  क्रमांक 14 पुराना विस्तार डिपो के पास बनाए जा रहे हैं नालंदा परिसर का निरीक्षण किया और निर्माण कार्य को गुणवत्ता के साथ समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं चलेगी इसका विशेष ध्यान रखें।इस अवसर पर कलेक्टर श्री रोहित व्यास जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार एसडीएम श्री विश्वास राव मस्के और नगर पालिका अधिकारी श्री योगेश्वर उपाध्याय और अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।

उल्लेख है कि जशपुर जिला मुख्यालय में 2 एकड़ में लगभग 11 करोड़ की लागत से 500 सीटर हाइटेक नालंदा परिसर बनाया जा रहा है।

जहां विघार्थियों को विभिन्न प्रतियोगिता परीक्षा की तैयारी करने के लिए 24 घंटे निःशुल्क इंटरनेट और कम्प्यूटर की सुविधा, ई लाइब्रेरी, कैंटिन, पार्किंग की भी सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।

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