महात्मा गांधी उद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय के सिलफिली केंद्र में ‘स्मार्ट उद्यानिकी’ पर मंथन — ड्रैगन फ्रूट से बहुमंजिली खेती तक नवाचारों की गूंज, प्रगतिशील कृषकों ने तकनीकी खेती से आय बढ़ाने का दिया संदेश
जशपुर/सूरजपुर 21 फरवरी 2026 - जिले के स्मार्ट एवं नवाचारी उद्यानिकी कृषकों का एक दिवसीय सम्मेलन सह कार्यशाला शुक्रवार को उद्यानिकी महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र, सिलफिली में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 25 प्रगतिशील कृषकों ने भाग लेकर उच्च तकनीक आधारित खेती, समन्वित एवं बहुमंजिली कृषि मॉडल पर विचार-विमर्श किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सेवा निवृत्त जनरल मैनेजर (कोल माइंस) एवं प्रगतिशील कृषक राजेन्द्र प्रसाद गुप्ता ने संसाधनों के बेहतर प्रबंधन और पर्यावरण अनुकूल स्मार्ट बागवानी अपनाने पर जोर देते हुए उत्पादन लागत घटाकर आय बढ़ाने के उपाय बताए। अध्यक्षता करते हुए अधिष्ठाता डॉ. रविन्द्र तिग्गा ने महाविद्यालय की शैक्षणिक व अनुसंधान गतिविधियों की जानकारी देते हुए कृषकों की समस्याओं पर संवाद स्थापित किया।
सम्मेलन में ड्रैगन फ्रूट, स्ट्रॉबेरी, वीएनआर अमरूद, रसभरी, ब्रोकली, सब्जी एवं गेंदे की खेती के साथ नारियल, सुपारी, अनानास, कालीमिर्च, कॉफी, अदरक व हल्दी की बहुमंजिली खेती जैसे नवाचारों पर चर्चा हुई। सहायक संचालक उद्यान जे. मरावी ने विभागीय योजनाओं की जानकारी दी, जबकि इफको के जीएम सुधीर सक्सेना ने संतुलित पोषक तत्वों एवं उर्वरक प्रबंधन पर मार्गदर्शन दिया। के.बी. बायो ऑर्गेनिक्स प्रा. लि. के क्षेत्रीय मैनेजर वसीम खान ने रसायन मुक्त एवं बायो-ऑर्गेनिक खेती के महत्व को रेखांकित किया।
डॉ. शुभी सिंह ने विश्वविद्यालय कैलेंडर के क्यूआर कोड आधारित डिजिटल उपयोग की जानकारी दी, वहीं प्रगतिशील कृषक विद्यासागर ने स्ट्रॉबेरी उत्पादन के तकनीकी अनुभव साझा किए। अंत में डॉ. राहुल कुमार गुप्ता ने धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम में डॉ. ममता पैंकरा सहित छात्र-छात्राएं एवं स्टाफ उपस्थित रहे।
