पांच महीने बाद मिली 15 वर्षीय नाबालिग, शादी का झांसा देकर ले जाने वाला 27 वर्षीय युवक गिरफ्तार, 'अभियान संवेदना' में पुलिस की बड़ी कामयाबी
रायगढ़। रायगढ़ पुलिस के 'अभियान संवेदना' के तहत कोतरारोड़ थाना पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए करीब पांच माह से लापता 15 वर्षीय नाबालिग बालिका को बिलासपुर जिले के सीपत क्षेत्र से सकुशल बरामद कर लिया। वहीं शादी का झांसा देकर नाबालिग को बहला-फुसलाकर भगाने और उसका शारीरिक शोषण करने वाले 27 वर्षीय आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।
जानकारी के अनुसार 11 फरवरी 2026 को कोतरारोड़ थाना क्षेत्र की रहने वाली 15 वर्षीय छात्रा स्कूल जाने के लिए घर से निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। परिजनों ने काफी तलाश के बाद थाना कोतरारोड़ में शिकायत दर्ज कराई, जिस पर पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने मोबाइल लोकेशन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी सूरज कुमार साहू की लोकेशन बिलासपुर जिले के सीपत क्षेत्र में ट्रेस की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में गठित टीम तत्काल बिलासपुर रवाना हुई और नाबालिग को आरोपी के कब्जे से सकुशल बरामद कर लिया।
महिला पुलिस अधिकारी द्वारा दर्ज कराए गए बयान में पीड़िता ने बताया कि आरोपी उसे नाबालिग होने की जानकारी होने के बावजूद शादी का झांसा देकर अपने साथ ले गया और लगातार उसका शारीरिक शोषण करता रहा।
पीड़िता के बयान और विवेचना में मिले साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की गंभीर धाराओं के साथ पॉक्सो एक्ट की धाराएं जोड़ते हुए सूरज कुमार साहू (27 वर्ष), निवासी पकरिया भाठापारा (लटिया), थाना अकलतरा, जिला जांजगीर-चांपा को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक शील आदित्य सिंह, प्रधान आरक्षक बाबूलाल पटेल, आरक्षक चन्द्रेश पांडे तथा महिला आरक्षक दोरथिया किण्डो की अहम भूमिका रही।
रायगढ़ पुलिस ने कहा कि 'अभियान संवेदना' के तहत गुम बालक-बालिकाओं की सुरक्षित बरामदगी और महिलाओं व बच्चों के विरुद्ध अपराध करने वालों पर सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
