हिन्दू धर्म, ब्राह्मण समाज और देवी-देवताओं पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर विश्व हिंदू परिषद ने जताई आपत्ति, कुनकुरी पुलिस से सोशल मीडिया पोस्ट की जांच कर दोषी पर कार्रवाई करने की मांग
कुनकुरी, 16 अक्टूबर।
सोशल मीडिया पर हिंदू धर्म के देवी-देवताओं, ऋषि-मुनियों और ब्राह्मण समाज के विरुद्ध कथित आपत्तिजनक एवं अभद्र टिप्पणी किए जाने का मामला सामने आया है। इस मामले को लेकर विश्व हिंदू परिषद (विहिप) जिला जशपुर ने कड़ी नाराजगी जताते हुए पुलिस प्रशासन से संबंधित व्यक्ति के खिलाफ तत्काल कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। विहिप जिलाध्यक्ष करनैल सिंह के नेतृत्व में संगठन के पदाधिकारियों ने कुनकुरी थाना प्रभारी को लिखित ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग उठाई है।
विहिप की ओर से थाने में सौंपे गए शिकायत पत्र के अनुसार, हेमंत बेदी नामक व्यक्ति पर फेसबुक और व्हाट्सएप जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर ब्राह्मण शास्त्र, ब्राह्मण समाज तथा हिंदू धर्म के पूज्य देवी-देवताओं एवं ऋषि-मुनियों के संबंध में कथित रूप से अशोभनीय और आपत्तिजनक पोस्ट साझा करने का आरोप लगाया गया है। संगठन का कहना है कि इस प्रकार की टिप्पणियों से हिंदू धर्मावलंबियों और ब्राह्मण समाज की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। विहिप ने मामले को गंभीर बताते हुए पुलिस प्रशासन से शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कर आवश्यक कानूनी कदम उठाने की मांग की है।
ज्ञापन के माध्यम से विहिप पदाधिकारियों ने कहा कि सोशल मीडिया का उपयोग समाज में सकारात्मक संवाद और आपसी सद्भाव बढ़ाने के लिए होना चाहिए। किसी भी धर्म, धार्मिक आस्था, पूज्य देवी-देवताओं अथवा समाज के प्रति अपमानजनक टिप्पणी से सामाजिक वातावरण प्रभावित हो सकता है। ऐसे मामलों में पुलिस प्रशासन को शिकायत की गंभीरता से जांच करते हुए नियमानुसार कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि समाज में शांति और सौहार्द कायम रहे।
संगठन ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि संबंधित सोशल मीडिया पोस्ट की जांच की जाए और आरोप सही पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाए। विहिप ने स्पष्ट किया कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और सामाजिक सौहार्द प्रभावित करने वाले मामलों में प्रशासन को गंभीरता से कदम उठाना चाहिए।
विहिप ने चेतावनी दी है कि यदि मामले में जल्द ठोस कार्रवाई नहीं की गई, तो संगठन हिंदू समाज के साथ मिलकर उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा। फिलहाल, मामले में पुलिस की कार्रवाई और जांच से संबंधित आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
