"आंगनबाड़ी सहायिकाओं ने बुलंद की अपनी आवाज, विधायक गोमती साय से मिलकर सौंपा ज्ञापन, कहा— रिक्त पदों पर मिले शत-प्रतिशत पदोन्नति, खत्म हो आयु सीमा की बाध्यता
नारायणपुर।छत्तीसगढ़ आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ (पंजीयन क्रमांक-409) के प्रतिनिधिमंडल ने पत्थलगांव विधायक श्रीमती गोमती साय से मुलाकात कर आंगनबाड़ी सहायिकाओं की वर्षों से लंबित मांगों के निराकरण को लेकर ज्ञापन सौंपा। संघ ने विधायक से आग्रह किया कि उनकी मांगों को राज्य सरकार तक पहुंचाकर शीघ्र समाधान सुनिश्चित कराया जाए।
संघ के प्रतिनिधियों ने बताया कि प्रदेशभर की हजारों आंगनबाड़ी सहायिकाएं लंबे समय से पूरी निष्ठा के साथ अपनी सेवाएं दे रही हैं, लेकिन उन्हें पदोन्नति और अन्य सेवा संबंधी सुविधाओं का समुचित लाभ अब तक नहीं मिल पाया है। ज्ञापन में प्रमुख रूप से मांग की गई कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के रिक्त पदों पर सहायिकाओं को शत-प्रतिशत पदोन्नति का अवसर दिया जाए तथा पदोन्नति के लिए निर्धारित आयु सीमा को पूरी तरह समाप्त किया जाए, ताकि वर्षों से कार्यरत सहायिकाओं को न्याय मिल सके।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि आंगनबाड़ी सहायिकाएं सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, कुपोषण उन्मूलन, टीकाकरण, पोषण अभियान और प्रारंभिक शिक्षा जैसी योजनाओं को ग्रामीण स्तर तक पहुंचाने में उनकी अहम जिम्मेदारी है। इसके बावजूद उन्हें अपेक्षित सम्मान, पदोन्नति और सेवा लाभ नहीं मिल पा रहे हैं।
विधायक श्रीमती गोमती साय ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना और आश्वासन दिया कि आंगनबाड़ी सहायिकाओं की जायज मांगों को शासन स्तर पर प्रमुखता से उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि सहायिकाओं के हितों की रक्षा और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएंगे।
इस दौरान संघ की ओर से रूपा सोनी, कलावती परहा, पार्वती यादव, सविता, बिमला बाई, आशा, लालमति, मीनाक्षी, हेमबिनोला, निमा, गुलशन पैकरा, सुमित्रा यादव, बैजंती भगत सहित बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी सहायिकाएं मौजूद रहीं। सभी ने एक स्वर में अपनी लंबित मांगों के शीघ्र निराकरण की मांग उठाई।
