दो दिनों से सूखे पड़े नल, वार्ड क्रमांक 14 के रहवासी बूंद-बूंद पानी को तरसे, पाइपलाइन फटने के बाद भी नगर पालिका की सुस्त कार्यप्रणाली पर उठे सवाल

जशपुर। नगर पालिका क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 14 में पिछले दो दिनों से पेयजल आपूर्ति पूरी तरह ठप होने से स्थानीय रहवासियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। भीषण गर्मी के बीच नलों में पानी नहीं आने से लोगों को दैनिक जरूरतों के लिए इधर-उधर भटकना पड़ रहा है। सुबह से लेकर देर शाम तक पानी की तलाश में लोगों की परेशानी साफ देखी गई।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि वार्ड क्रमांक 14 में पेयजल संकट कोई नई बात नहीं है। यहां जलापूर्ति व्यवस्था लंबे समय से अव्यवस्थित बनी हुई है। कभी मोटर खराब होने, कभी लो वोल्टेज की समस्या तो कभी पाइपलाइन लीकेज के कारण नियमित रूप से पानी आपूर्ति प्रभावित होती रहती है। इस बार मुख्य जलापूर्ति पाइपलाइन के फट जाने की जानकारी सामने आई है, जिसके कारण पूरे वार्ड में पानी की सप्लाई बंद हो गई है।
हैरानी की बात यह है कि पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने की जानकारी मिलने के बावजूद समाचार लिखे जाने तक नगर पालिका द्वारा मरम्मत कार्य शुरू नहीं किया गया था। इससे लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। रहवासियों का आरोप है कि जलापूर्ति में किसी भी प्रकार की तकनीकी समस्या आने पर उसके समाधान में नगर पालिका को दो से चार दिन का समय लग जाता है, जिसका खामियाजा आम नागरिकों को भुगतना पड़ता है।
वार्डवासियों ने बताया कि क्षेत्र में जलापूर्ति का कोई निश्चित समय भी निर्धारित नहीं है। ऐसे में लोगों को यह भी पता नहीं होता कि पानी कब आएगा और कब बंद हो जाएगा। अनियमित व्यवस्था के कारण घरों में पानी का संग्रह करना भी मुश्किल हो जाता है।
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि जिस पानी टंकी से वार्ड में जलापूर्ति की जाती है, उसके समीप ही नगर पालिका के मुख्य नगर पालिका अधिकारी का निवास स्थित है। इसके बावजूद लंबे समय से बनी जल संकट की समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाना कई सवाल खड़े कर रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जनप्रतिनिधियों और नगर पालिका प्रशासन को इस गंभीर समस्या पर तत्काल ध्यान देकर नियमित एवं सुचारू जलापूर्ति सुनिश्चित करनी चाहिए, ताकि वार्डवासियों को बार-बार पानी की समस्या से जूझना न पड़े।
