“गौ तस्करों के खिलाफ जशपुर पुलिस का बड़ा जंगल ऑपरेशन: डीआईजी-एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह 50 से ज्यादा जवानों के साथ पैदल पहुंचे पहाड़ी जंगलों में, तस्करी के गुप्त रास्ते किए ब्लॉक — गांवों में बनी ‘पुलिस मितान टीम’ से अपराधियों पर कसी जाएगी नकेल”
नारायणपुर क्षेत्र के जंगलों में संभावित तस्करी मार्ग सील, गांवों में “पुलिस मितान टीम” गठित कर ग्रामीणों को जोड़ा गया पुलिस से
जशपुर, 15 मार्च 2026।
जिले में गौ तस्करी पर रोक लगाने के लिए जशपुर पुलिस ने बड़ा अभियान शुरू किया है। पुलिस कप्तान डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह के नेतृत्व में थाना नारायणपुर क्षेत्र के जंगलों में व्यापक सर्च ऑपरेशन चलाया गया। इस दौरान डीआईजी-एसएसपी स्वयं करीब 50 से अधिक पुलिस बल के साथ पैदल दुर्गम जंगलों और पहाड़ी रास्तों पर पहुंचे और गौ तस्करी के संभावित मार्गों का निरीक्षण किया।
अभियान के दौरान ग्राम किनकेल, खरवाटोली और पाकरकुंदर के जंगलों में पुलिस टीम ने गहन तलाशी अभियान चलाया। पुलिस ने तस्करी के संभावित रास्तों को चिन्हित कर उन्हें ब्लॉक कर दिया है और इन मार्गों पर लगातार निगरानी रखने की व्यवस्था की गई है। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि गौ तस्करी में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
इस अभियान के दौरान कम्युनिटी पुलिसिंग को मजबूत करने के उद्देश्य से किनकेल, चट्टान पारा और पाकरकुंदर गांवों में “पुलिस मितान टीम” का गठन भी किया गया। यह टीम क्षेत्र में होने वाली गौ तस्करी और अन्य संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी पुलिस तक पहुंचाने का काम करेगी, जिससे समय रहते कार्रवाई की जा सके।
पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों के साथ बैठक कर उन्हें गौ तस्करी रोकने, नशे के दुष्प्रभाव से बचने तथा बच्चों की शिक्षा के महत्व के बारे में भी जागरूक किया। साथ ही ग्रामीणों से अपील की गई कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
इस दौरान गांव के युवाओं के साथ रोजगार के अवसरों को लेकर भी चर्चा की गई। पुलिस अधिकारियों ने युवाओं को सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ने और रोजगार के अवसरों का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया। साथ ही बढ़ते वाहनों की संख्या को देखते हुए यातायात नियमों का पालन करने, नशे की हालत में वाहन न चलाने और ओवरस्पीड से बचने की समझाइश भी दी गई।
डीआईजी-एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने और पढ़ाई छोड़ चुके बच्चों को फिर से शिक्षा से जोड़ने के लिए जशपुर पुलिस विशेष प्रयास करेगी। उन्होंने बताया कि पूर्व में कवर्धा जिले में पुलिस एकेडमी जैसी पहल से बड़ी संख्या में युवाओं को रोजगार के अवसर मिले थे और उसी तर्ज पर जशपुर के सुदूर क्षेत्रों में भी युवाओं के लिए ऐसे कार्यक्रम शुरू करने की योजना है।
अचानक पुलिस अधिकारियों को पहाड़ियों से पैदल गांवों में पहुंचते देखकर ग्रामीण भी आश्चर्यचकित रह गए। पुलिस को अपने बीच इस तरह सक्रिय देखकर ग्रामीणों का विश्वास और मजबूत हुआ तथा उन्होंने अपराध रोकने में पुलिस को हरसंभव सहयोग देने का भरोसा दिया।
इस सर्च अभियान में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार पाटनवार, एसडीओपी जशपुर चंद्रशेखर परमा, एसडीओपी कुनकुरी विनोद कुमार मंडावी, सिटी कोतवाली थाना प्रभारी निरीक्षक मोरध्वज देशमुख, नारायणपुर थाना प्रभारी एएसआई उमेश प्रभाकर, सन्ना थाना प्रभारी उप निरीक्षक संतोष सिंह, मनोरा चौकी प्रभारी उप निरीक्षक दिनेश पुरैना, साइबर सेल निरीक्षक आशीष तिवारी सहित उनकी टीम तथा रक्षित केंद्र जशपुर के जवान और नवआरक्षक शामिल रहे।
